{"_id":"5e7b1c848ebc3e76d156c3d2","slug":"coronavirus-hero-cycles-vedanta-trident-dera-beas-and-nirankari-mission-offered-help","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"Coronavirus: पंजाब में मदद को आगे आईं औद्योगिक कंपनियां और धार्मिक संस्थान, किए बड़े एलान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Coronavirus: पंजाब में मदद को आगे आईं औद्योगिक कंपनियां और धार्मिक संस्थान, किए बड़े एलान
Wed, 25 Mar 2020 02:25 PM IST
खुशबू गोयल
अमर उजाला, चंडीगढ़
अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: खुशबू गोयल
Updated Wed, 25 Mar 2020 02:25 PM IST
विज्ञापन
अमरिंदर सिंह
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कोरोना वायरस के संक्रमण से जूझ रहे पंजाब की मदद के लिए औद्योगिक कंपनियां और धार्मिक संस्थान आगे आए हैं और उन्होंने बड़ी घोषणा की है।
ट्राईडेंट ग्रुप ने 35 हजार कर्मचारियों को दी छुट्टी
कोरोना के बढ़ते खतरे के मद्देजनर ट्राइडेंट ग्रुप ने बरनाला के 18 यूनिट सहित बुधनी ट्राईडेंट फैक्टरी को 31 मार्च तक लॉकडाउन कर दिया है। कुछ विभागों के कर्मचारी घर से ही काम करेंगे। मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने ट्राइडेंट ग्रुप के संस्थापक पद्मश्री राजिंदर गुप्ता के प्रयास की सराहना की है। ग्रुप के एडमिन हेड रुपिंदर गुप्ता ने बताया कि ग्रुप ने 35 हजार कर्मचारियों को छुट्टी दे दी गई है। किसी का वेतन नहीं कटेगा। कर्मचारियों को एक माह का एडवांस वेतन भी दे दिया जाएगा। ग्रुप के संस्थापक पद्मश्री राजिंदर गुप्ता और एमडी अभिषेक गुप्ता ने कहा है कि कंपनी के कर्मचारियों सहित जिले के किसी भी व्यक्ति को चिंता करने की जरूरत नहीं है। बस कोरोना से बचाव रखना है।
वेदांता ने 100 करोड़ का कोष स्थापित किया
उधर, बठिंडा में धातु और खनन क्षेत्र की कंपनी वेदांता लिमिटेड ने भारत सरकार के साथ कोरोना से निपटने के लिए 100 करोड़ के कोष की स्थापना करने की घोषणा की है। यह कोष तीन विशिष्ट क्षेत्रों को पूरा करेगा। इनमें दैनिक वेतन भोगी कामगारों, कर्मचारियों और अनुबंध कर्मचारियों की आजीविका, स्वास्थ्य देखभाल के साथ-साथ अन्य लोगों को समय पर सहायता प्रदान करेगा। वेदांता रिसोर्सिज लिमिटेड के चेयरमैन अनिल अग्रवाल ने कहा कि हम इकाइयों के आस पास के लोगों को आजीविका के नुकसान के लिए सहायता करेंगे। उन्होंने कहा कि कंपनी अस्थायी कर्मचारियों सहित किसी भी कर्मचारी के वेतन में कटौती नहीं करेगी।
विज्ञापन
ट्राईडेंट ग्रुप ने 35 हजार कर्मचारियों को दी छुट्टी
कोरोना के बढ़ते खतरे के मद्देजनर ट्राइडेंट ग्रुप ने बरनाला के 18 यूनिट सहित बुधनी ट्राईडेंट फैक्टरी को 31 मार्च तक लॉकडाउन कर दिया है। कुछ विभागों के कर्मचारी घर से ही काम करेंगे। मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने ट्राइडेंट ग्रुप के संस्थापक पद्मश्री राजिंदर गुप्ता के प्रयास की सराहना की है। ग्रुप के एडमिन हेड रुपिंदर गुप्ता ने बताया कि ग्रुप ने 35 हजार कर्मचारियों को छुट्टी दे दी गई है। किसी का वेतन नहीं कटेगा। कर्मचारियों को एक माह का एडवांस वेतन भी दे दिया जाएगा। ग्रुप के संस्थापक पद्मश्री राजिंदर गुप्ता और एमडी अभिषेक गुप्ता ने कहा है कि कंपनी के कर्मचारियों सहित जिले के किसी भी व्यक्ति को चिंता करने की जरूरत नहीं है। बस कोरोना से बचाव रखना है।
वेदांता ने 100 करोड़ का कोष स्थापित किया
उधर, बठिंडा में धातु और खनन क्षेत्र की कंपनी वेदांता लिमिटेड ने भारत सरकार के साथ कोरोना से निपटने के लिए 100 करोड़ के कोष की स्थापना करने की घोषणा की है। यह कोष तीन विशिष्ट क्षेत्रों को पूरा करेगा। इनमें दैनिक वेतन भोगी कामगारों, कर्मचारियों और अनुबंध कर्मचारियों की आजीविका, स्वास्थ्य देखभाल के साथ-साथ अन्य लोगों को समय पर सहायता प्रदान करेगा। वेदांता रिसोर्सिज लिमिटेड के चेयरमैन अनिल अग्रवाल ने कहा कि हम इकाइयों के आस पास के लोगों को आजीविका के नुकसान के लिए सहायता करेंगे। उन्होंने कहा कि कंपनी अस्थायी कर्मचारियों सहित किसी भी कर्मचारी के वेतन में कटौती नहीं करेगी।
विज्ञापन
हीरो साइकिल्स 100 करोड़ का आकस्मिक कोष करेगी आवंटित
हीरो साइकिल्स ने कोरोना वायरस को लेकर मंगलवार को 100 करोड़ का आकस्मिक फंड आवंटित करने का फैसला लिया है। इस आकस्मिक कोष का इस्तेमाल देश भर में कर्मचारियों, आपूर्तिकर्ताओं, उपभोक्ताओं एवं समुदायों पर कोविड-19 के प्रभाव को कम करने के लिए किया जाएगा। संगठन ने उन राज्यों की सरकारों के साथ भी संपर्क किया है जहां कंपनी की बड़ी सुविधाएं हैं।
पंजाब, बिहार, उत्तर प्रदेश और कंपनी संकट से निपटने के लिए अधिकारियों को सहायता प्रदान करेगी। हीरो मोटर कंपनी यूके और जर्मनी में भी ऐसा ही कर रही हैं जहां कंपनी की सशक्त मौजूदगी है। चेयरमैन पंकज एम मुंजाल के नेतृत्व में इमरजेंसी मानीटरिंग सैल का गठन भी किया गया है। यह आपूर्ति शृंखला के नियोजन पर निगरानी रखेगी। साथ ही स्थिति सामान्य होने पर कर्मचारियों, उनके परिवारों और मैन्यूफैक्चरिंग यूनिट्स के आसपास के समुदायों को सहयोग प्रदान करेगी।
पंकज मुंजाल ने कहा कि इस विश्वस्तरीय महामारी के कई अप्रत्याशित परिणाम होंगे। यह उद्योगों के लिए आर्थिक संकट का कारण बन रही है। हम लॉक डाउन के दीर्घकालिक प्रभावों को समझते हैं। ऐसे समय में हम सुनिश्चित करना चाहते हैं कि हम अपने साझेदारों, वितरकों, एसोसिएट्स, कर्मचारियों एवं समुदायों को आर्थिक संकट से उबरने में मदद करें। हम विभिन्न राज्य सरकारों से संपर्क कर रहे हैं। उन्हें संभव मदद भी देंगे।
पंजाब, बिहार, उत्तर प्रदेश और कंपनी संकट से निपटने के लिए अधिकारियों को सहायता प्रदान करेगी। हीरो मोटर कंपनी यूके और जर्मनी में भी ऐसा ही कर रही हैं जहां कंपनी की सशक्त मौजूदगी है। चेयरमैन पंकज एम मुंजाल के नेतृत्व में इमरजेंसी मानीटरिंग सैल का गठन भी किया गया है। यह आपूर्ति शृंखला के नियोजन पर निगरानी रखेगी। साथ ही स्थिति सामान्य होने पर कर्मचारियों, उनके परिवारों और मैन्यूफैक्चरिंग यूनिट्स के आसपास के समुदायों को सहयोग प्रदान करेगी।
पंकज मुंजाल ने कहा कि इस विश्वस्तरीय महामारी के कई अप्रत्याशित परिणाम होंगे। यह उद्योगों के लिए आर्थिक संकट का कारण बन रही है। हम लॉक डाउन के दीर्घकालिक प्रभावों को समझते हैं। ऐसे समय में हम सुनिश्चित करना चाहते हैं कि हम अपने साझेदारों, वितरकों, एसोसिएट्स, कर्मचारियों एवं समुदायों को आर्थिक संकट से उबरने में मदद करें। हम विभिन्न राज्य सरकारों से संपर्क कर रहे हैं। उन्हें संभव मदद भी देंगे।
संत निरंकारी मिशन में भी की पेशकश
संत निरंकारी मिशन के अध्यक्ष गोविंद सिंह जी जोकि भैया जी के नाम से प्रसिद्ध है, ने भी पंजाब सरकार को राज्य में सभी निरंकारी भवनों और उनमें उपलब्ध सुविधाओं का कोरोना वायरस से लड़ने के लिए इस्तेमाल करने की पेशकश की है। इसके साथ ही उन्होंने यह भी पेशकश की है कि राज्य सरकार चाहे तो संकट की इस घड़ी में उनके वालंटियर भी सेवाएं देने के लिए तैयार हैं।
मुख्यमंत्री ने किया स्वागत
मुख्यमंत्री कार्यालय के प्रवक्ता ने बताया कि दोनों डेरों के प्रमुखों द्वारा की गई पेशकश का मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह में हार्दिक स्वागत किया है। मुख्यमंत्री में दोनों डेरा प्रमुखों का, मुश्किल घड़ी में राज्य सरकार का साथ देने के लिए आभार व्यक्त किया है।
मुख्यमंत्री ने किया स्वागत
मुख्यमंत्री कार्यालय के प्रवक्ता ने बताया कि दोनों डेरों के प्रमुखों द्वारा की गई पेशकश का मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह में हार्दिक स्वागत किया है। मुख्यमंत्री में दोनों डेरा प्रमुखों का, मुश्किल घड़ी में राज्य सरकार का साथ देने के लिए आभार व्यक्त किया है।
संकट की घड़ी में मदद को आगे आया डेरा ब्यास
कोरोना वायरस की रोकथाम में जुटी पंजाब सरकार के लिए मंगलवार को राहत भरी खबर आई। डेरा राधा स्वामी सत्संग ब्यास ने प्रदेश में अपने सभी सत्संग घरों को आइसोलेशन वार्ड के तौर पर इस्तेमाल करने की पेशकश की। स्वास्थ्य मंत्री बलबीर सिंह सिद्धू ने इसकी पुष्टि की है। उन्होंने माना कि डेरा ब्यास के मदद के लिए आने से प्रदेश सरकार के लिए इस महामारी से निपटने के प्रयासों को मजबूती मिली है।
उल्लेखनीय है कि पंजाब के सभी छोटे-बड़े कस्बों और जिलों में डेरा ब्यास के सत्संग घर स्थापित हैं, जिनकी कुल संख्या हजारों में है । डेरा ब्यास का मेडिकल सेटअप अत्याधुनिक उपकरणों से लैस है और व्यास में बना महाराज सावन सिंह चैरिटेबल हॉस्पिटल इसका बड़ा उदाहरण है। इसके अलावा डेरा ब्यास और उसके सभी सत्संग घरों में साफ-सफाई के उम्दा इंतजाम हैं।
सेहत मंत्री सिद्धू ने बताया कि डेरा व्यास ने इस संकट की घड़ी में पेशकश करते हुए कहा है की सत्संग घरों में जहां बड़े शैड बने हुए हैं, वहीं कई अन्य प्रकार की सुविधाएं भी उपलब्ध हैं। इनका उपयोग सरकार अपनी सुविधा के अनुसार कर सकती है। सिद्धू ने कहा कि उनका विभाग स्वास्थ्य संबंधी सेवाओं को हर व्यक्ति तक पहुंचाने की कोशिशों में जुटा है। ऐसे में डेरा ब्यास के साफ-सुथरे सत्संग घरों को जरूरत पड़ने पर इस्तेमाल में लाया जाएगा।
उल्लेखनीय है कि पंजाब के सभी छोटे-बड़े कस्बों और जिलों में डेरा ब्यास के सत्संग घर स्थापित हैं, जिनकी कुल संख्या हजारों में है । डेरा ब्यास का मेडिकल सेटअप अत्याधुनिक उपकरणों से लैस है और व्यास में बना महाराज सावन सिंह चैरिटेबल हॉस्पिटल इसका बड़ा उदाहरण है। इसके अलावा डेरा ब्यास और उसके सभी सत्संग घरों में साफ-सफाई के उम्दा इंतजाम हैं।
सेहत मंत्री सिद्धू ने बताया कि डेरा व्यास ने इस संकट की घड़ी में पेशकश करते हुए कहा है की सत्संग घरों में जहां बड़े शैड बने हुए हैं, वहीं कई अन्य प्रकार की सुविधाएं भी उपलब्ध हैं। इनका उपयोग सरकार अपनी सुविधा के अनुसार कर सकती है। सिद्धू ने कहा कि उनका विभाग स्वास्थ्य संबंधी सेवाओं को हर व्यक्ति तक पहुंचाने की कोशिशों में जुटा है। ऐसे में डेरा ब्यास के साफ-सुथरे सत्संग घरों को जरूरत पड़ने पर इस्तेमाल में लाया जाएगा।