फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Contract workers who have completed 10 years of service in Punjab will be regular

अच्छी खबर: 10 साल सेवा पूरी कर चुके संविदा कर्मी होंगे पक्के, पुख्ता नीति से मान सरकार देगी बड़ी सौगात

Fri, 19 Aug 2022 08:52 PM IST
ajay kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: ajay kumar Updated Fri, 19 Aug 2022 08:52 PM IST
सार

मुख्य सचिव विजय कुमार जंजुआ ने पुष्टि की है कि मसौदा नीति अंतिम चरण में है। उन्होंने कहा कि हम एक ऐसी नीति तैयार करने में कोई कसर नहीं छोड़ रहे हैं जो कानूनी जांच का सामना करेगी। 36,000 संविदा कर्मचारियों की सेवाओं को जल्द ही नियमित किया जाएगा। सचिव स्तर के अधिकारी ने इसकी पुष्टि की है। 

विज्ञापन
Contract workers who have completed 10 years of service in Punjab will be regular
पंजाब विधानसभा - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

पंजाब के कच्चे मुलाजिमों को सरकार जल्द अच्छी खबर देने वाली है। 36000 कच्चे और एडहॉक कर्मचारियों में 10 साल नौकरी कर चुके कर्मियों को पक्का किए जाने का मसौदा तैयार कर लिया गया है। कानूनी पचड़ों से बचने और राज्यपाल की अनुमति मिलने में आसानी को देखते हुए सरकार नीतिगत रास्ता अपनाएगी। 

विज्ञापन


कर्मचारियों के नियमित करने से संबंधित दो विधेयकों को 2016 और 2021 में तैयार और पारित किया गया था। हालांकि, इन दोनों विधेयकों में से एक 2016 में पारित हुआ और दूसरा 2016 के विधेयक को बदलने के लिए 2021 में पारित हुआ लेकिन राज्यपाल द्वारा अनुमोदित नहीं किया गया था। 11 नवंबर 2021 को पास हुए पंजाब प्रोटेक्शन एंड रेगुलराइजेशन ऑफ कांट्रैक्चुअल इंप्लाई बिल 2021 को राज्यपाल ने वापस राज्य सरकार को नहीं भेजा है।
विज्ञापन


विधेयक पारित होने और राज्यपाल बनवारीलाल पुरोहित के पास अनुमोदन के लिए भेजे जाने के बाद, उन्होंने अपनी सहमति देने से पहले सवाल उठाए थे। उमा देवी बनाम कर्नाटक राज्य मामले के मद्देनजर उन्होंने राज्य सरकार से यह बताने के लिए कहा था कि विधेयक कानूनी जांच का सामना कैसे करेगा। 

विज्ञापन
विज्ञापन

उन्होंने यह भी सवाल किया था कि कितने संविदा कर्मचारी, जिन्होंने अभी तक 10 साल की सेवा पूरी नहीं की है, इस कार्यकाल के पूरा होने के बाद नियमित किए जाएंगे। ऐसे हालात न बने इसलिए सरकार ने नीतिगत रास्ता अपनाने का फैसला किया है। इससे सरकार को नया कानून बनाने और राज्यपाल से मंजूरी लेने के कठिन रास्ते को दरकिनार करने में मदद मिलेगी।

मुख्य सचिव विजय कुमार जंजुआ ने पुष्टि की है कि मसौदा नीति अंतिम चरण में है। उन्होंने कहा कि हम एक ऐसी नीति तैयार करने में कोई कसर नहीं छोड़ रहे हैं जो कानूनी जांच का सामना करेगी। 36,000 संविदा कर्मचारियों की सेवाओं को जल्द ही नियमित किया जाएगा। सचिव स्तर के अधिकारी ने इसकी पुष्टि की है। 

उन्होंने बताया कि सरकार ने नीति मार्ग अपनाने और उन कर्मचारियों को नियमित करने का निर्णय लिया है जिन्होंने सेवा का एक निश्चित कार्यकाल पूरा कर लिया है। कैबिनेट उपसमिति द्वारा अभी तक शब्द तय नहीं किया गया है। नीति को अंतिम रूप देने के लिए गुरुवार को कैबिनेट उपसमिति की बैठक हुई। बैठक में नीति के मसौदे पर अपनी राय देने के लिए कानूनी विशेषज्ञ भी मौजूद थे।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed