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पानी के बकाया को लेकर नाराज मनोहर लाल, बोले-याद करवाते हैं, शायद दिल्ली को शर्म आ जाए
Wed, 22 May 2019 12:08 AM IST
ajay kumar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: ajay kumar
Updated Wed, 22 May 2019 12:08 AM IST
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अरविंद केजरीवाल और मनोहर लाल
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हरियाणा सरकार हर साल दिल्ली को एक हजार से अधिक क्यूसेक पेयजल देता है। लेकिन इसके एवज में दिल्ली सरकार हरियाणा को नियमित भुगतान नहीं कर रही है। इसके चलते बकाया 100 करोड़ रुपये तक पहुंच गया है। सन 1995 से दिल्ली सरकार का यह गैर जिम्मेदार रवैया इसी तरह से बरकरार है। जिसे लेकर सीएम के हरियाणा मनोहर लाल भी अब खासे नाराज है।
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हरियाणा प्रदेश दिल्ली को पेयजल सप्लाई के लिए अब तक 719 क्यूसिक पानी देता है। लेकिन दिल्ली की दलील थी कि पेयजल की ये मात्रा कम है और हरियाणा को उसे पानी का और हिस्सा देना चाहिए। मामला सुप्रीम कोर्ट तक पहुंचा। इसके बाद यह तय हुआ कि हरियाणा दिल्ली को 719 के बजाए 1049 क्यूसेक पानी देगा।
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हरियाणा ने सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद दिल्ली को देने वाला पानी का हिस्सा बढ़ा दिया और अब हरियाणा दिल्ली को 1049 क्यूसेक पानी की सप्लाई कर रहा है। हरियाणा तो दिल्ली की प्यास बुझा रहा है। लेकिन इसके एवज में दिल्ली हरियाणा को इसका भुगतान नहीं कर रहा है। जिसके चलते दिल्ली पर हरियाणा की बकाया राशि बढ़ती जा रही है।
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हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने नाराजगी भरे लहजे में कहा कि सन 1995 से लेकर आज तक यह सिलसिला जारी है। दिल्ली पर पानी का 120 करोड़ रुपये बकाया था, जिसमें से उसने अभी तक 20 करोड़ ही दिया है।
सीएम ने कहा कि मंत्रियों, सीएम और अफसरों की बैठक में हम इस बात को उठाते हैं और दिल्ली सरकार को इस बकाया की याद करवाते हैं। इतना ही नहीं संबंधित विभाग की ओर से बकाया की जल्द अदायगी के लिए लिखित पत्राचार भी किया जाता है, अब देखो शायद दिल्ली को शर्म आ जाए।