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अलर्टः धुंध बहुत है, हादसे का शिकार हो सकते तो ये सावधानियां बरतें और अपना बचाव करें
Tue, 17 Dec 2019 12:32 PM IST
पंचकुला ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: पंचकुला ब्यूरो
Updated Tue, 17 Dec 2019 12:32 PM IST
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घनी धुंध
- फोटो : अमर उजाला
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सर्दी चरम पर है। धुंध पड़ने लगी है। ऐसे में सड़कों पर निकलते समय जरा सी असावधानी भारी पड़ सकती है। शहर में कुछ ऐसे चौक और लाइट प्वाइंट हैं, जो खतरनाक हैं। ट्रैफिक पुलिस ने शहर के अलग अलग सेक्टरों और स्लम एरिया के चौक और लाइट प्वाइंट को चिन्हित किया है, जहां सबसे ज्यादा सड़क हादसे होते हैं। ऐसे में आपको हर वक्त धुंध के साथ इन जगहों पर ध्यान से गुजरना होगा।
ट्रैफिक पुलिस ने शहर में कुल 11 स्थान चिन्हित किए हैं। इनमें पोल्ट्री फार्म से बीएसएनएल टर्न, सेक्टर 46/47/48/49 लाइट प्वाइंट से सेक्टर 48/49 स्मॉल चौक, रेलवे ब्रिज से विकास मार्ग (मौलीजागरां), ट्रिब्यून चौक, कलाग्राम लाइट प्वाइंट, सेक्टर 25/38 लाइट प्वाइंट, हल्लोमाजरा लाइट प्वाइंट, सेक्टर 43 आईएसबीटी के सामने, मंडेला लाइट प्वाइंट, बड़हेड़ी चौक और एयरपोर्ट लाइट प्वाइंट से सीआरपीएफ कैंप की सड़क शामिल है।
अगर इन चिन्हित जगहों की बात करें तो साल दर साल यहां पर होने वाला सड़क हादसा लगातार बढ़ता जा रहा है। चंडीगढ़ ट्रैफिक पुलिस के आंकड़े के अनुसार इन ब्लैक स्पॉट पर वर्ष 2016 से अब तक कुल 346 लोगों की मौत हो चुकी है, इनमें 73 लोगों ने इस ब्लैक स्पॉट पर अपनी जिंदगियां गवाई हैं। ऐसे में बड़ा सवाल है कि इन जगहों पर होने वाले सड़क हादसों में किसकी लापरवाही है।
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ट्रैफिक पुलिस ने शहर में कुल 11 स्थान चिन्हित किए हैं। इनमें पोल्ट्री फार्म से बीएसएनएल टर्न, सेक्टर 46/47/48/49 लाइट प्वाइंट से सेक्टर 48/49 स्मॉल चौक, रेलवे ब्रिज से विकास मार्ग (मौलीजागरां), ट्रिब्यून चौक, कलाग्राम लाइट प्वाइंट, सेक्टर 25/38 लाइट प्वाइंट, हल्लोमाजरा लाइट प्वाइंट, सेक्टर 43 आईएसबीटी के सामने, मंडेला लाइट प्वाइंट, बड़हेड़ी चौक और एयरपोर्ट लाइट प्वाइंट से सीआरपीएफ कैंप की सड़क शामिल है।
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अगर इन चिन्हित जगहों की बात करें तो साल दर साल यहां पर होने वाला सड़क हादसा लगातार बढ़ता जा रहा है। चंडीगढ़ ट्रैफिक पुलिस के आंकड़े के अनुसार इन ब्लैक स्पॉट पर वर्ष 2016 से अब तक कुल 346 लोगों की मौत हो चुकी है, इनमें 73 लोगों ने इस ब्लैक स्पॉट पर अपनी जिंदगियां गवाई हैं। ऐसे में बड़ा सवाल है कि इन जगहों पर होने वाले सड़क हादसों में किसकी लापरवाही है।
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इसलिए होते हैं इन जगहों पर ज्यादा एक्सीडेंट
रोड एक्सीडेंट के प्रति जागरूक करने वाली संस्था अराइव सेफ के संस्थापक हरमन सिंह सिद्धू का कहना है कि इन जगहों पर सबसे ज्यादा हादसे का मुख्य कारण है कि इनमें से ज्यादातर ब्लैक स्पॉट बार्डर एरिया में आते हैं, जिनके कारण गाड़ियों की स्पीड कुछ ज्यादा होती है। यही वजह है कि इन जगहों पर सबसे ज्यादा सड़क हादसे होते हैं।
कोई भी सड़क हादसा होने के बाद ट्रैफिक पुलिस के आला अधिकारी भी उन जगहों को चिन्हित कर हादसे को रोकने की कोशिश करते हैं। इनमें इंजीनियरिंग डिपार्टमेंट का भी रोल होना चाहिए। उन्हें अपने स्तर पर इसका जायजा लेकर कुछ तरीके अपनाने चाहिए कि भविष्य में इस तरह के हादसों पर रोक लगा सके।
बनाने होंगे ट्रैफिक बूथ बॉक्स
अक्सर देखा गया कि है चौक या फिर जिन लाइट प्वाइंट पर ट्रैफिक बूथ बॉक्स बने हैं, उन जगहों पर सड़क हादसे का आंकड़ा काफी कम है। ऐसे में चंडीगढ़ ट्रैफिक पुलिस को इन प्वाइंटों पर ट्रैफिक बूथ बॉक्स बनाने की आवश्यकता है।
कोहरा भी सड़क हादसों की मेन वजह
कई मामलों में देखा गया है कि सर्दियों के सीजन में कोहरा भी इन जगहों पर कई लोगों की जान ले चुका है। ऐसे में लोगों को सतर्कता बरतने की जरूरत है। सड़क हादसों से बचने के लिए चंडीगढ़ ट्रैफिक पुलिस आए दिन वाहन चालकों को जागरूक करती है कि वह अपने वाहनों को तेज रफ्तार, रांग साइड, सीट बेल्ट, खतरनाक ड्राइविंग, हेलमेट पहनना, ट्रिपलिंग, कोहरे में वाहन चलाना समेत अन्य आफेंस के तहत जागरूक करती है।
कोई भी सड़क हादसा होने के बाद ट्रैफिक पुलिस के आला अधिकारी भी उन जगहों को चिन्हित कर हादसे को रोकने की कोशिश करते हैं। इनमें इंजीनियरिंग डिपार्टमेंट का भी रोल होना चाहिए। उन्हें अपने स्तर पर इसका जायजा लेकर कुछ तरीके अपनाने चाहिए कि भविष्य में इस तरह के हादसों पर रोक लगा सके।
बनाने होंगे ट्रैफिक बूथ बॉक्स
अक्सर देखा गया कि है चौक या फिर जिन लाइट प्वाइंट पर ट्रैफिक बूथ बॉक्स बने हैं, उन जगहों पर सड़क हादसे का आंकड़ा काफी कम है। ऐसे में चंडीगढ़ ट्रैफिक पुलिस को इन प्वाइंटों पर ट्रैफिक बूथ बॉक्स बनाने की आवश्यकता है।
कोहरा भी सड़क हादसों की मेन वजह
कई मामलों में देखा गया है कि सर्दियों के सीजन में कोहरा भी इन जगहों पर कई लोगों की जान ले चुका है। ऐसे में लोगों को सतर्कता बरतने की जरूरत है। सड़क हादसों से बचने के लिए चंडीगढ़ ट्रैफिक पुलिस आए दिन वाहन चालकों को जागरूक करती है कि वह अपने वाहनों को तेज रफ्तार, रांग साइड, सीट बेल्ट, खतरनाक ड्राइविंग, हेलमेट पहनना, ट्रिपलिंग, कोहरे में वाहन चलाना समेत अन्य आफेंस के तहत जागरूक करती है।
इन जगहों पर हुईं सबसे ज्यादा मौतें
1. सेक्टर 31 पोल्ट्री फार्म से बीएसएनएल मोड़
2. सेक्टर 46/47/48/49 लाइट प्वाइंट से सेक्टर 48/49 स्मॉल चौक
3. रेलवे ब्रिज से विकास मार्ग (मौलीजागरां)
4. ट्रिब्यून चौक
5. कलाग्राम लाइट प्वाइंट
6. सेक्टर 25/38 लाइट प्वाइंट
7. हल्लोमाजरा लाइट प्वाइंट
8. सेक्टर 43 आईएसबीटी के सामने
9. मंडेला लाइट प्वाइंट
10. बड़हेड़ी चौक
11. एयरपोर्ट लाइट प्वाइंट से सीआरपीएफ कैंप
इस वर्ष हो चुकी है इतनी मौतें
महीना पुरुष महिला
जनवरी 9 2
फरवरी 2 0
मार्च 3 3
अप्रैल 2 2
मई 7 1
जून 3 1
जुलाई 9 2
अगस्त 7 3
सितंबर 2 0
अक्तूबर 12 1
नवंबर 10 1
दिसंबर 7 1
कुल मौतें 90
2. सेक्टर 46/47/48/49 लाइट प्वाइंट से सेक्टर 48/49 स्मॉल चौक
3. रेलवे ब्रिज से विकास मार्ग (मौलीजागरां)
4. ट्रिब्यून चौक
5. कलाग्राम लाइट प्वाइंट
6. सेक्टर 25/38 लाइट प्वाइंट
7. हल्लोमाजरा लाइट प्वाइंट
8. सेक्टर 43 आईएसबीटी के सामने
9. मंडेला लाइट प्वाइंट
10. बड़हेड़ी चौक
11. एयरपोर्ट लाइट प्वाइंट से सीआरपीएफ कैंप
इस वर्ष हो चुकी है इतनी मौतें
महीना पुरुष महिला
जनवरी 9 2
फरवरी 2 0
मार्च 3 3
अप्रैल 2 2
मई 7 1
जून 3 1
जुलाई 9 2
अगस्त 7 3
सितंबर 2 0
अक्तूबर 12 1
नवंबर 10 1
दिसंबर 7 1
कुल मौतें 90
वाहन चलाते समय इन बातों का ध्यान रखें
1. धुंध के समय ट्रेवलिंग करने से बचें
2. अपने वाहनों की डिपर लाइट ऑन रखें
3. बार-बार अपने लेन को न बदलें
4. तेज रफ्तार से वाहन न चलाएं
5. सीट बेल्ट बांधकर रखें
6. मोड़ वाली जगहों पर हॉर्न का इस्तेमाल करें
7. रेड लाइट जंप न करने से बचें
8. वाहन चलाते समय मोबाइल पर बात करने से बचें
9. साइड मिरर से पीछे आने वाले वाहनों पर भी ध्यान दें
10. ओवरटेक से बचने की कोशिश करें
लोगों को सतर्कता से वाहनों चलाने की जरूरत है। समय समय पर हमारी टीम वाहन चालक और साइकिल सवारों को रिफ्लेक्टर के बारे में जागरूक करती है। उन्हें घने कोहरे में दूर से ही नजर आने वाले कपड़े पहनने के बारे में भी बताया जाता है। वाहन चालकों को कोशिश करनी चाहिए कि वह अपनी गाड़ियों को धीमी रफ्तार से चलाएं, इंडीकेटर का इस्तेमाल करें और बार बार लेन को बदलने से बचें।
- शशांक आनंद, एसएसपी ट्रैफिक चंडीगढ़।
2. अपने वाहनों की डिपर लाइट ऑन रखें
3. बार-बार अपने लेन को न बदलें
4. तेज रफ्तार से वाहन न चलाएं
5. सीट बेल्ट बांधकर रखें
6. मोड़ वाली जगहों पर हॉर्न का इस्तेमाल करें
7. रेड लाइट जंप न करने से बचें
8. वाहन चलाते समय मोबाइल पर बात करने से बचें
9. साइड मिरर से पीछे आने वाले वाहनों पर भी ध्यान दें
10. ओवरटेक से बचने की कोशिश करें
लोगों को सतर्कता से वाहनों चलाने की जरूरत है। समय समय पर हमारी टीम वाहन चालक और साइकिल सवारों को रिफ्लेक्टर के बारे में जागरूक करती है। उन्हें घने कोहरे में दूर से ही नजर आने वाले कपड़े पहनने के बारे में भी बताया जाता है। वाहन चालकों को कोशिश करनी चाहिए कि वह अपनी गाड़ियों को धीमी रफ्तार से चलाएं, इंडीकेटर का इस्तेमाल करें और बार बार लेन को बदलने से बचें।
- शशांक आनंद, एसएसपी ट्रैफिक चंडीगढ़।