फर्जी पदोन्नति सूची का मामला: 500 पन्नों की चार्जशीट दाखिल, छह आरोपियों पर चलेगा मुकदमा
आठ जनवरी को पंजाब पुलिस की ओर से 11 पुलिसकर्मियों की पदोन्नति की एक सूची जारी की गई थी। इसमें उप निरीक्षक, सहायक उप निरीक्षक, वरिष्ठ कांस्टेबल और कांस्टेबल रैंक के कर्मचारियों के नाम थे।
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पंजाब के तत्कालीन डीजीपी सिद्धार्थ चट्टोपाध्याय के हस्ताक्षर कर 11 पुलिसकर्मियों की फर्जी पदोन्नति सूची जारी करने के मामले में चंडीगढ़ पुलिस ने छह आरोपियों संदीप कुमार, मनी कटोच, बहादुर सिंह, सतवंत सिंह, सरबजीत सिंह और तत्कालीन डीजीपी के पीए कुलविंदर सिंह के खिलाफ चार्जशीट दायर कर दी है। इन सभी आरोपियों पर अब जिला अदालत में ट्रायल चलेगा। पुलिस ने लगभग 500 पन्नों की चार्जशीट में आरोपियों पर जालसाजी, धोखाधड़ी और साजिश रचने समेत कई धाराएं लगाईं हैं।
पुलिस ने चार्जशीट में 100 से ज्यादा गवाहों की सूची भी शामिल की है। मामले में दो आरोपी अभी भी पुलिस की गिरफ्त से बाहर हैं। मोहाली फेज-6 निवासी संदीप कुमार और चंडीगढ़ सेक्टर-39 निवासी बहादुर सिंह डीजीपी ऑफिस में सुपरिंटेंडेंट के रूप में कार्यरत थे। वहीं, मोहाली फेज-6 निवासी मनी कटोच हेड कांस्टेबल था। पंजाब पुलिस के डीएसपी की शिकायत पर चंडीगढ़ पुलिस ने 12 जनवरी 2022 को अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज किया था। जांच में पंजाब पुलिस के कांस्टेबल, एएसआई, एसआई रैंक के अफसरों के नाम सामने आए थे। मामले की अगली सुनवाई 19 अप्रैल को होगी।
ये है मामला
आठ जनवरी को पंजाब पुलिस की ओर से 11 पुलिसकर्मियों की पदोन्नति की एक सूची जारी की गई थी। इसमें उप निरीक्षक, सहायक उप निरीक्षक, वरिष्ठ कांस्टेबल और कांस्टेबल रैंक के कर्मचारियों के नाम थे। तत्कालीन डीजीपी सिद्धार्थ चट्टोपाध्याय को जैसे ही सूची जारी होने की सूचना मिली, उन्होंने तत्काल उसकी प्रति मंगवाई। अपने वरिष्ठ अधिकारियों को सूचना देते हुए उन्होंने बताया कि उन्होंने ऐसी किसी भी सूची पर कोई हस्ताक्षर नहीं किए हैं और न किसी को पदोन्नत किया है। इसके बाद डीएसपी की शिकायत पर चंडीगढ़ सेक्टर-3 थाना पुलिस ने केस दर्ज कर मामले की जांच शुरू की थी।
इन 11 पुलिसकर्मियों के नाम थे सूची में
फर्जी पदोन्नति सूची में लोकल रैंक पर तैनात एसआई नरेंद्र सिंह और हरविंदर सिंह को पक्के तौर पर एसआई, हवलदार मनी कटोच को एएसआई, एएसआई जगनंदन सिंह को एसआई, वरिष्ठ कांस्टेबल बरिंदर सिंह को एएसआई, एएसआई जसविंदर सिंह को एसआई, हवलदार मनदीप सिंह को एएसआई, हवलदार अमृतपाल सिंह को एएसआई, हवलदार राजकुमार को एएसआई, एएसआई कुलदीप सिंह को एसआई और एएसआई बलजिंदर सिंह को एसआई बनाया गया था।