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वर्णिका को मिला रुचिका गिरहोत्रा को न्याय दिलाने वाले का साथ, बोले- सजा दिलाकर रहेंगे

Tue, 08 Aug 2017 04:04 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़ Updated Tue, 08 Aug 2017 04:04 PM IST
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वर्णिका कुंडू से मिले आनंद प्रकाश
चंडीगढ़ में छेड़छाड़ की शिकार वर्णिका कुंडू को अब उस शख्स का साथ भी मिल गया है, जिन्होंने रुचिका गिरहोत्रा को न्याय दिलाने के लिए लड़ाई लड़ी। हम बात कर रहे हैं, आनंद प्रकाश और उनकी पत्नी मधु प्रकाश की।
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वे दोनों मंगलवार को वर्णिका कुंडू से मिलने के लिए उनके घर पहुंचे। यहां उन्होंने वर्णिका से उसकी लड़ाई में साथ देने का वादा किया। उन्होंने कहा कि राजनीतिक लोग अपने बच्चों को गलत सरंक्षण देते रहेंगे तो वर्णिका जैसी युवतियां उनका शिकार बनती रहेंगी।
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वर्णिका के मामले में पुलिस ने धाराएं बदली, यह राजनीतिक खेल है। पुलिस को धाराएं दोबारा लगानी ही पड़ेंगी और अब वे वर्णिका के साथ मिलकर यह लड़ाई लड़ेंगे। उन्होंने कहा कि आरोपियों को वे सजा दिलाकर रहेंगे। जो आरोपियों की मदद करेगा उन्हें भी सजा होगी।
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प्रधानमंत्री महोदय को आगे आना चाहिए

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आनंद प्रकाश ने कहा कि अगर बीजेपी अपना नाम बचाना चाहती है तो प्रधानमंत्री महोदय को आगे आना चाहिए। उन्हें सुभाष बराला को हटा देना चाहिए और आरोपियों की जमानत रद्द करा देनी चाहिए।

उन्होंने कहा कि ऐसे मो कोई भी लड़की किसी भी वक्त सेफ नहीं रह सकती। न ही वह खुलेआम कहीं भी आ जा सकती है। देश में ऐसा माहौल नहीं चलेगा। हम वर्णिका के साथ हैं और उसे न्याय दिलाकर रहेंगे।

बता दें कि 1990 में 14 वर्षीय रुचिका गिरहोत्रा ​​से छेड़छाड़ और बाद में रुचिका द्वारा आत्महत्या करने के मामले को आनंदर प्रकाश ने नतीजे तक पहुंचाया था। मामले को आनंद प्रकाश व उनकी पत्नी मधु प्रकाश ने लगातार उठाया और वर्षों तक अदालत में न्याय की लड़ाई लड़ी। 22 दिसंबर 2009 को मामले में हरियाणा के पूर्व डीजीपी शंभू प्रताप सिंह राठौड़ को सजा हुई।
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