{"_id":"5f4a0f7f8ebc3e3cec6c3aa6","slug":"chandigarh-people-also-love-birds-and-animals-like-pm-modi","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"प्रधानमंत्री मोदी की तरह चंडीगढ़वासी भी रखते हैं पशु-पक्षियों के प्रति अनूठा प्रेम, 5 दिलचस्प किस्से","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
प्रधानमंत्री मोदी की तरह चंडीगढ़वासी भी रखते हैं पशु-पक्षियों के प्रति अनूठा प्रेम, 5 दिलचस्प किस्से
Sat, 29 Aug 2020 01:49 PM IST
खुशबू गोयल
संजीव पंगोत्रा, चंडीगढ़
संजीव पंगोत्रा, चंडीगढ़
Published by: खुशबू गोयल
Updated Sat, 29 Aug 2020 01:49 PM IST
सार
- चंडीगढ़ के पशु प्रेमियों के किस्से सुन आप भी हो जाएंगे इनके दीवाने
- कोई प्यार से तोते को ‘मैक्स’ कहकर बुलाते तो कोई बिल्ली को रानी
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पशु-पक्षियों से प्रेम
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
कुछ दिन पहले देशवासियों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का प्रकृति प्रेम देखा था। वे आवास पर मोर को अपने हाथों से दाना खिलाते नजर आ रहे थे। वैसे तो जानवरों और पक्षियों से इंसान का प्यार कोई नई बात नहीं है। युगों से इंसान पशु-पक्षियों से प्यार करता रहा है। दुनिया में कई सारे लोग हैं जो पक्षियों और जानवरों से बेहद प्यार करते हैं।
कई लोगों ने कुत्ता, बिल्ली जैसे जानवरों को ऐसे अपना लिया है कि वे उन्हें अपने घर-परिवार का बेहद अहम हिस्सा मानते हैं। कई लोग ऐसे भी हैं जो जानवरों को अपने बच्चे मानते हैं और वे उनका पालन-पोषण वैसे ही करते हैं, जैसे कि इंसानी बच्चों का किया जाता है। ऐसे कई सारे दिलचस्प किस्से पुराणों, कथा व फिल्मों में देखने को मिलते हैं। चंडीगढ़ में भी ऐसे कई पशु-पक्षी प्रेमी हैं जो जिनके किस्से सुनकर आप भी उनके अनूठे प्रेम के दीवाने हो जाएंगे।
तोता पत्नी की आवाज की नकल कर बुलाता है तो धोखा खा जाते हैं सोनू
सेक्टर- 20 में रहने वाले सोनू के पास मकाऊ ब्रीड का तोता है, जो विश्व का सबसे बड़े आकार का है। इसे वह प्यार से ‘मैक्स’ कहकर बुलाते हैं। इंसानों की नकल उतारने का उस्ताद यह तोता उनके परिवार में इतना घुलमिल गया है कि वह किसी दूसरे के हाथ से कोई चीज नहीं लेता। परिवार के सभी सदस्यों को बहुत प्यार करता है। घरवाले भी उसका बहुत ध्यान रखते हैं। सोनू ने बताया कि यह तोता नकल उतारने में इतना तेज है कि उनकी पत्नी की आवाज में उन्हें बुलाता है। कई बार तो धोखा हो जाता है कि सचमुच मेरी पत्नी ही बुला रही है।
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कई लोगों ने कुत्ता, बिल्ली जैसे जानवरों को ऐसे अपना लिया है कि वे उन्हें अपने घर-परिवार का बेहद अहम हिस्सा मानते हैं। कई लोग ऐसे भी हैं जो जानवरों को अपने बच्चे मानते हैं और वे उनका पालन-पोषण वैसे ही करते हैं, जैसे कि इंसानी बच्चों का किया जाता है। ऐसे कई सारे दिलचस्प किस्से पुराणों, कथा व फिल्मों में देखने को मिलते हैं। चंडीगढ़ में भी ऐसे कई पशु-पक्षी प्रेमी हैं जो जिनके किस्से सुनकर आप भी उनके अनूठे प्रेम के दीवाने हो जाएंगे।
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तोता पत्नी की आवाज की नकल कर बुलाता है तो धोखा खा जाते हैं सोनू
सेक्टर- 20 में रहने वाले सोनू के पास मकाऊ ब्रीड का तोता है, जो विश्व का सबसे बड़े आकार का है। इसे वह प्यार से ‘मैक्स’ कहकर बुलाते हैं। इंसानों की नकल उतारने का उस्ताद यह तोता उनके परिवार में इतना घुलमिल गया है कि वह किसी दूसरे के हाथ से कोई चीज नहीं लेता। परिवार के सभी सदस्यों को बहुत प्यार करता है। घरवाले भी उसका बहुत ध्यान रखते हैं। सोनू ने बताया कि यह तोता नकल उतारने में इतना तेज है कि उनकी पत्नी की आवाज में उन्हें बुलाता है। कई बार तो धोखा हो जाता है कि सचमुच मेरी पत्नी ही बुला रही है।
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हर साल मनाते हैं ‘जुंबा’ का जन्मदिन
सेक्टर- 47 में रहने वाली सुनीता मदान ने लेब्राडोर किस्म का डॉग पाला हुआ है। परिवार के सदस्य इसे जुंबा के नाम से पुकारते हैं। वह अभी सात साल का है। हर साल परिवार धूमधाम से जुंबा का जन्मदिन मनाता है। बीते 24 अगस्त को इसका बर्थ डे मनाया गया था। केक भी काटा गया। वह परिवार के साथ इतना घुलमिल गया है कि अब इसके बिना किसी का मन नहीं लगता। सुनीता ने बताया कि बर्थ डे पर बेटी नहीं थी। वह कनाडा में थी। उसे इतना लगाव है कि उसने जुंबा के लिए बर्थ-डे गिफ्ट के तौर पर जैकेट भेजी है। जुंबा में सूंघने की शक्ति अन्य कुत्तों के मुकाबले काफी ज्यादा है।
घर के सदस्यों के साथ ही खाना खाती है बिल्ली रानी
सेक्टर- 40 के रहने वाले चेतन भसीन का परिवार भी पशुप्रेमी है। उनके घर पर पार्शियन कैट नाम की एक बिल्ली है, जिसे लोग परिवार के सदस्य क्वीन नाम से बुलाते हैं। चेतन के मुताबिक वह एक पालतू बिल्ली है, जो परिवार में घुल-मिल गई है। अब इसके बिना कोई नहीं रह सकता है। यह सबकी प्यारी है और लोग उससे रानी की तरह व्यवहार करते हैं। इसे पाले हुए साल हो गया है। इसकी सबसे बड़ी खासियत है कि यह बिल्ली घर के सदस्यों के साथ ही खाना खाती है और उनके साथ सो जाती है।
शार्क और गोल्डन मछलियां बनीं परिवार का हिस्सा
सेक्टर- 21 में रहने वाले विपिन कथूरिया के परिवार को मछलियों से काफी लगाव है। उन्होंने अपने घर पर एक्वेरियम रखा है। इसमें गोल्डन फिश के साथ-साथ शार्क को भी रखा हुआ है। यह शार्क डेढ़ फीट की है। विपिन के मुताबिक गोल्डन फिश काफी लकी मानी जाती है। इसलिए उन्हें एक्वेरियम में रखा गया है। गोल्डन फिश एक ऐसी प्रजाति है जो शॉर्क के साथ घुलमिल जाती है। घर के सभी सदस्य इन मछलियों से काफी प्यार करते हैं। परिवार के सभी सदस्य बारी-बारी से मछलियों को फीड देते हैं। उनके रहने से ऐसा लगता है कि वे भी परिवार का हिस्सा बन चुके हैं।
घर के सदस्यों के साथ ही खाना खाती है बिल्ली रानी
सेक्टर- 40 के रहने वाले चेतन भसीन का परिवार भी पशुप्रेमी है। उनके घर पर पार्शियन कैट नाम की एक बिल्ली है, जिसे लोग परिवार के सदस्य क्वीन नाम से बुलाते हैं। चेतन के मुताबिक वह एक पालतू बिल्ली है, जो परिवार में घुल-मिल गई है। अब इसके बिना कोई नहीं रह सकता है। यह सबकी प्यारी है और लोग उससे रानी की तरह व्यवहार करते हैं। इसे पाले हुए साल हो गया है। इसकी सबसे बड़ी खासियत है कि यह बिल्ली घर के सदस्यों के साथ ही खाना खाती है और उनके साथ सो जाती है।
शार्क और गोल्डन मछलियां बनीं परिवार का हिस्सा
सेक्टर- 21 में रहने वाले विपिन कथूरिया के परिवार को मछलियों से काफी लगाव है। उन्होंने अपने घर पर एक्वेरियम रखा है। इसमें गोल्डन फिश के साथ-साथ शार्क को भी रखा हुआ है। यह शार्क डेढ़ फीट की है। विपिन के मुताबिक गोल्डन फिश काफी लकी मानी जाती है। इसलिए उन्हें एक्वेरियम में रखा गया है। गोल्डन फिश एक ऐसी प्रजाति है जो शॉर्क के साथ घुलमिल जाती है। घर के सभी सदस्य इन मछलियों से काफी प्यार करते हैं। परिवार के सभी सदस्य बारी-बारी से मछलियों को फीड देते हैं। उनके रहने से ऐसा लगता है कि वे भी परिवार का हिस्सा बन चुके हैं।
दो महीने में गिनी पिग ने चुरा लिया सबका दिल
सेक्टर- 40 के नैंसी व राघव शर्मा अपनी बेटी समायरा की फरमाइश पर गिनी पिग को अपने घर पर लाए हैं। वह दो महीने का हो गया है। बेटी ने इसका नाम मॉयलो रखा है। यह देखने में बहुत खूबसूरत है और स्तनपायी जीव है। इसे तीखे कटर दांतों के लिए जाना जाता है। कई लोग इसके नाम से इसे सुअर का बच्चा समझ लेते हैं। गिनी पिग वैसे तो दक्षिण अमरीका के प्राणी हैं। इसके शरीर पर खरगोश जैसे रोएदार मुलायम बाल होते हैं। यह भूरे और सफेद रंग का है। समायरा उसके साथ खेलती है और इसे अपने से दूर नहीं जाने देती। गिनी पिग को खाने में हरी घास और गाजर, खीरा काफी पंसद है। समायरा रोजाना उसे रोजाना फीड खिलाने से नहीं चूकती।