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मेयर चुनावः बैकफुट के लिए जसवाल ने रखी शर्तें, संगठन मंत्री ने दिया जवाब

Sun, 07 Jan 2018 10:40 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़ Updated Sun, 07 Jan 2018 10:40 AM IST
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chandigarh mayor election, asha jaswal conditions to come on backfoot
Asha Jaswal - फोटो : File Photo
देवेश मोदगिल को मेयर पद का उम्मीदवार बनाए जाने से खफा वर्तमान मेयर आशा जसवाल ने अब नामांकन वापस लेने के लिए पार्टी के समक्ष कुछ शर्तें रखी हैं। शुक्रवार शाम अपने निवास पर संगठन मंत्री दिनेश कुमार और भाजपा अध्यक्ष संजय टंडन के साथ हुई बैठक में आशा ने पूर्व सांसद सत्यपाल जैन को कोर ग्रुप से बाहर करने की शर्त रखी। आशा ने तर्क दिया कि अब जैन अतिरिक्त महासॉलिसिटर के पद पर तैनात हैं, ऐसे में उन्हें पार्टी के कोर ग्रुप में रखना उचित नहीं है।
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इस पर संगठन मंत्री ने कहा कि जैन को कोर ग्रुप से बाहर करने का अधिकार उनके पास नहीं है। कोर ग्रुप की बैठक में सांसद किरण खेर, भाजपा अध्यक्ष संजय टंडन के अलावा पूर्व केंद्रीय मंत्री हरमोहन धवन, महासचिव प्रेम कौशिक और चंद्रशेखर शामिल हैं, लेकिन पिछले एक साल से पूर्व केंद्रीय मंत्री हरमोहन धवन को कोर ग्रुप की बैठक में नहीं बुलाया जा रहा है।
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टंडन गुट के लिए मांगा नए प्रदेश अध्यक्ष का पद
दूसरी शर्त में आशा जसवाल ने नए प्रदेश अध्यक्ष का पद टंडन गुट के लिए मांगा है। सूत्रों का कहना है जसवाल ने इसके लिए खुद के नाम का भी प्रस्ताव संगठन मंत्री के समक्ष रखा है। बैठक में आशा जेसेवोल ने कहा कि मोदगिल ने उनके कार्यकाल में जो गलतियां की हैं, उस पर वे लिखित तौर पर माफी मांगें। आशा ने पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह और राष्ट्रीय संगठन मंत्री रामलाल से मिलने की भी शर्त रखी है, ताकि वह मेयर पद का उम्मीदवार तय करने के समय पार्टी प्रभारी प्रभात झा के रवैया की शिकायत कर सकें।
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बगावती तेवर दिखाने वालों ने खाई है कसम
मोदगिल को उम्मीदवार बनाए जाने के कारण आशा जसवाल के साथ जिन 10 पार्षदों ने बगावती तेवर दिखाया है, उन्होंने कसम खाई है कि आगामी जो भी निर्णय लिया जाएगा, उसमें सभी की अनिवार्य सहमति होगी। ऐसे में अब आशा जसवाल भाजपा अध्यक्ष संजय टंडन के साथ राष्ट्रीय संगठन मंत्री से मिलने गई हैं। वापस लौटकर वह अपने समर्थक पार्षदों के साथ बैठक करेंगी। उसके बाद ही नामांकन वापस लेने या अपने स्टैंड पर कायम रहने के मुद्दे पर अंतिम निर्णय लिया जाएगा। उधर, भाजपा हाईकमान आशा और उनके समर्थन में खड़े 10 पार्षदों को मनाने में जुटा हुआ है। 
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