अब पुरुष सिपाही भर्ती में फर्जीवाड़ा: दूसरों से परीक्षा और दौड़ कराने वाले 102 अभ्यर्थियों की सूची आयोग ने पुलिस को सौंपी, अब तक तीन को दबोचा
हरियाणा में सिपाही भर्ती में गड़बड़ी का मामला सामने आया है। हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग ने पुलिस को 102 ऐसे अभ्यर्थियों की सूची सौंपी हैं, जिन्होंने दूसरों से परीक्षा व दौड़ कराई थी।
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हरियाणा में नौकरियों में फर्जीवाड़ा थमने का नाम नहीं ले रहा है। एचसीएस-प्री, डेंटल सर्जन और एसआई भर्ती के बाद अब 5500 पुरुष सिपाही की भर्ती में गड़बड़ी सामने आई है। हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग के सीसीटीवी फुटेज, वीडियोग्राफी और बायोमीट्रिक कराने के बाद जांच में ये खुलासा हुआ है कि 102 अभ्यर्थियों ने या तो दूसरे से परीक्षा दिलाई है या फिर उनके स्थान पर किसी दूसरे ने दौड़ लगाई है।
आयोग ने 102 अभ्यर्थियों की सूची और पूरा विवरण पंचकूला पुलिस को सौंप दिया है। पुलिस ने इस मामले में अब तक तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है और उनसे पूछताछ चल रही है। लिखित परीक्षा और दौड़ के बाद तीन जनवरी से आयोग उम्मीदवारों के शारीरिक मापतोल और दस्तावेजों की जांच कर रहा है।
दस्तावेजों की जांच कराने आए अभ्यर्थियों की बायोमीट्रिक निशान मिलाए गए तो यह मिले नहीं। शिकायत और संदेह के आधार पर आयोग ने संदिग्ध अभ्यर्थियों की तीन स्तर पर जांच की। पहले बायोमीट्रिक जांच कराई और दौड़ व परीक्षा के समय की वीडियोग्राफी देखी तो उस समय अलग-अलग युवक दिखे। आयोग ने गड़बड़ी करने के आरोपी उम्मीदवारों की पूरी सूची तैयार करके हरियाणा पुलिस को सौंप दी है। प्रारंभिक जांच में 102 की सूची तैयार की है। आयोग को आशंका है कि इसमें अन्य युवक भी शामिल हो सकते हैं, उनकी भी जांच की जा रही है।
गिरोह सक्रिय, हर काम के लिए लाखों रुपये में ठेका, करोड़ों का खेल
गिरोह के दुस्साहस का अंदाजा इस बात से भी लगाया जा सकता है कि आरोपियों ने पुलिस की लिखित परीक्षा पास कराने से लेकर दौड़ तक पास कराने का ठेका लाखों रुपये में ले रखा है। इसके लिए आरोपियों ने असली परीक्षार्थी के स्थान पर सॉल्वर को बैठाया। इसी प्रकार, दौड़ भी दूसरे व्यक्ति से कराई। हर कार्य के लिए राशि तय है और लाखों रुपये युवकों से लिए हैं। कुछ अभ्यर्थियों को तो ये भी मालूम नहीं है कि उसके स्थान पर किसने परीक्षा दी है और कौन उसके स्थान पर दौड़ने आया। यह सब गिरोह के सदस्य तय करते हैं। खुद एचएसएससी के चेयरमैन मानते हैं कि दलाल ने करोड़ों रुपये युवकों से ऐंठ रखे हैं।
आयोग की सतर्कता से ही ये गड़बड़ी पकड़ी है। किसी भी सूरत में दलालों और गलत अभ्यर्थियों के मंसूबों को पूरा नहीं होने दिया जाएगा। युवाओं को चाहिए कि वह दलालों के झांसे में न आएं। आयोग परीक्षा से लेकर भर्ती के बाद तक जांच कराएगा, ऐसे में गलत तरीके से भर्ती होने वाला आरोपी बच नहीं पाएगा। अगर किसी के पास गड़बड़ी की सूचना है तो वह पुलिस व आयोग को सूचित करें, उनका नाम गुप्त रखा जाएगा। - भोपाल सिंह खदरी, चेयरमैन, एचएसएससी।
अब तक तीन गिरफ्तार, गिरोह के सदस्यों की तलाश
पुरुष सिपाही भर्ती मामले में पंचकूला पुलिस अब तक तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है। पुलिस अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी को लेकर भी छानबीन में जुटी है। हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग ने फिजिकल टेस्ट देने आ रहे उम्मीदवारों के स्थान पर दूसरे युवकों के आने की शिकायत दी थी। पुलिस ने केस दर्ज कर मामले की जांच तो आरोपी संदीप निवासी फरीदपुर जिला हिसार और आरोपी विनोद निवासी गांव अलीपुरा जींद को गिरफ्तार किया है। आठ जनवरी को तीसरे आरोपी मोहित निवासी गांव चंद्रावल जिला फतेहाबाद को गिरफ्तार किया है।
आयोग की ओर से आरोपियों की सूची मिली है। तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। अन्य की छानबीन जारी है। किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा। पुलिस हर एंगल से जांच कर रही है। अगर मामले में कोई गिरोह भी काम कर रहा है तो उसकी तह तक जाया जाएगा। जल्द ही इस पूरे मामले का खुलासा किया जाएगा। - विजय नेहरा, एसीपी, पंचकूला।