{"_id":"5d427a8c8ebc3e6d250dc0f9","slug":"book-on-shaheed-udham-singh-biography-going-to-publish-in-pakistan","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"पाकिस्तान में छपने जा रही है शहीद ऊधम सिंह की जीवनी पर पुस्तक, शाहमुखी लिपि में होगी प्रकाशित","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पाकिस्तान में छपने जा रही है शहीद ऊधम सिंह की जीवनी पर पुस्तक, शाहमुखी लिपि में होगी प्रकाशित
Thu, 01 Aug 2019 11:27 AM IST
खुशबू गोयल
अनिल कुमार, अमर उजाला, फिरोजपुर(पंजाब)
अनिल कुमार, अमर उजाला, फिरोजपुर(पंजाब)
Published by: खुशबू गोयल
Updated Thu, 01 Aug 2019 11:27 AM IST
विज्ञापन
शहीद ऊधम सिंह की जीवनी
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पाकिस्तान में पहली बार किसी शहीद की जीवनी पर पुस्तक छपने जा रही है। किताब शाहमुखी भाषा में छपेगी और इसके लिए लिए वह तैयार भी है। भारतीय खोजी लेखक राकेश कुमार की शहीद ऊधम सिंह की जीवनी पर लिखी पुस्तक को पाकिस्तान में छापा जाएगा। इसकी जानकारी 31 जुलाई को पाकिस्तान के लेखक एम आसिफ ने पुस्तक का टाइटल फेसबुक पर डालकर दी।
पुस्तक के मुख्य पेज पर शहीद ऊधम सिंह की तस्वीर और पिछले पेज पर लेखक राकेश कुमार की फोटो लगाई गई है। एम आसिफ ने अमर उजाला को बताया कि एक सप्ताह के भीतर पुस्तक पीडीएफ फॉर्मेट में तैयार हो जाएगी। पाकिसतानी में छपने वाली ये पहली पुस्तक होगी, जो किसी शहीद की जीवनी पर छपेगी। इससे पहले किसी शहीद पर कोई पुस्तक नहीं छपी है।
विज्ञापन
पुस्तक के मुख्य पेज पर शहीद ऊधम सिंह की तस्वीर और पिछले पेज पर लेखक राकेश कुमार की फोटो लगाई गई है। एम आसिफ ने अमर उजाला को बताया कि एक सप्ताह के भीतर पुस्तक पीडीएफ फॉर्मेट में तैयार हो जाएगी। पाकिसतानी में छपने वाली ये पहली पुस्तक होगी, जो किसी शहीद की जीवनी पर छपेगी। इससे पहले किसी शहीद पर कोई पुस्तक नहीं छपी है।
विज्ञापन
वहीं लेखक राकेश कुमार ने भी बताया कि पाकिस्तान में उनकी पुस्तक शाहमुखी भाषा में छपने जा रही है। इसकी जानकारी उन्हें बुधवार सुबह फेसबुक पर पुस्तक का टाइटल देख कर मिली है। इस संबंध में बहुत पहले आसिफ से बात हुई थी। 31 जुलाई को शहीदी दिवस पर फेसबुक पर आसिफ द्वारा भेजे टाइटल से उन्हें पता चला है।
राकेश ने बताया कि शहीद ऊधम सिंह से संबंधित चार फाइलें कुछ समय पहले ही नेशनल आर्काइव लंदन से मंगवाई गई थीं। उसमें ऊधम सिंह की जीवन के बारे में कई जानकारियां मिली थीं, जिन्हें उन्होंने अपनी पुस्तक में लिखा है। ऊधम सिंह से संबंधित कई फाइलें अब भी ब्रिटिश सरकार के पास हैं। उन्हें हासिल करने की कोशिश की जा रही है, ताकि शहीद की जीवनी संबंधी और जानकारी इसमें लिखी जाए, जिससे नई पीढ़ी को शहीदों के बलिदान और उनके काम के बारे में जानकारी मिल सके।
राकेश ने बताया कि शहीद ऊधम सिंह से संबंधित चार फाइलें कुछ समय पहले ही नेशनल आर्काइव लंदन से मंगवाई गई थीं। उसमें ऊधम सिंह की जीवन के बारे में कई जानकारियां मिली थीं, जिन्हें उन्होंने अपनी पुस्तक में लिखा है। ऊधम सिंह से संबंधित कई फाइलें अब भी ब्रिटिश सरकार के पास हैं। उन्हें हासिल करने की कोशिश की जा रही है, ताकि शहीद की जीवनी संबंधी और जानकारी इसमें लिखी जाए, जिससे नई पीढ़ी को शहीदों के बलिदान और उनके काम के बारे में जानकारी मिल सके।