फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   benefit and harms of punjab govt employees retirement decision

58 साल में रिटायरमेंट का फैसला, कइयों को नुकसान कइयों को बड़ा फायदा

Mon, 24 Jul 2017 01:35 PM IST
राजेश ढल्ल/अमर उजाला, चंडीगढ़
राजेश ढल्ल/अमर उजाला, चंडीगढ़ Updated Mon, 24 Jul 2017 01:35 PM IST
विज्ञापन
benefit and harms of punjab govt employees retirement decision
govt employs
अगर पंजाब सरकार द्वारा 58 साल या उससे अधिक आयु के कार्यरत कर्मचारियों को रिटायर करने का फैसला ले लिया जाता है तो इसका प्रभाव दो तरह से पड़ेगा। जहां कइयों की नौकरी जाएगी, वहीं फायदा चंडीगढ़ के युवाओं को मिलेगा। जहां एक ओर रोजगार बढ़ेंगे वहीं वर्तमान में काम करने वाले कर्मचारियों को प्रमोशन भी मिलेगा। प्रशासन के अनुसार पंजाब कैबिनेट के फैसले के बाद करीब 1200 कर्मचारियों को शहर के सरकारी कार्यालयों से रिटायर किया जाएगा।
विज्ञापन


चंडीगढ़ में पंजाब के नियम लागू होते हैं। प्रशासन को भी इस फैसले का बेसब्री से इंतजार है क्योंकि इससे वितीय बोझ में कमी आएगी क्योंकि जो कर्मचारी रिटायर होंगे, उन्हें ज्यादा वेतन दिया जाता है। जिन नए युवाओं को रोजगार मिलेगा उन्हें रिटायर होने वाले कर्मचारियों के मुकाबले 25 प्रतिशत वेतन ही दिया जाएगा। मालूम हो कि सरकार की ओर से साल 2003 के कर्मचारी भर्ती किए जा रहे हैं, वह रिटायरमेंट के बाद पेंशन स्कीम से भी बाहर हैं। केंद्र सरकार की ओर से चंडीगढ़ प्रशासन को हर साल जो ग्रांट मिलती है, उसका 40 प्रतिशत से ज्यादा हिस्सा कर्मचारियों के वेतन में ही खर्च होता है। हर साल 1700 करोड़ रुपये का वेतन में भुगतान होता है।
विज्ञापन



एक्सटेंशन समाप्त होने पर प्रशासन को भर्ती करने वाले कर्मचारियों को तीन साल तक प्रोबेशन पर बेसिक वेतन ही देना होगा। इस समय एक्सटेंशन पर कई कर्मचारी ऐसे भी हैं, जिन्हें 80 हजार तक भी प्रति माह वेतन मिलता है। उनकी जगह जो भरती होंगे, उन्हें 15 से 20 हजार ही वेतन अदा करना होगा। 58 साल से अधिक इस समय करीब 500 कर्मचारी काम कर रहे हैं जो कि सेंशन पोस्ट पर काम कर रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

नुकसान सिर्फ प्रभावित कर्मचारियों का

benefit and harms of punjab govt employees retirement decision
कैप्टन अमरिंदर सिंह
रिटायरमेंट की आयु 58 साल तय होने से सबसे ज्यादा असर उन कर्मचारियों पर प्रभाव पड़ेगा, जो कि रिटायर होने वाले हैं या फिर जो इस समस एक्सटेंशन पर चल रहे हैं। इनमें से 80 प्रतिशत कर्मचारी सरकारी मकान में रहते हैं। 31 जुलाई को रिटायर होने के तीन माह के भीतर उन्हें सरकारी मकान भी छोड़ना होगा। जिनमें से कुछ कर्मचारी ऐेसे हैं, जिनका अपना शहर में मकान नहीं है, उन्हें किराए के मकान में शिफ्ट होना होगा। रिटायर कर्मचारियों के खाली हुए मकान भी दूसरे कर्मचारियों को मिलेंगे। 

17 हजार कर्मचारी है इस समय
इस समय प्रशासन के कुल 17 हजार सरकारी कर्मचारी हैं, जो कि अलग अलग विभागों में काम कर रहे हैं। सचिवालय के अलावा संपदा विभाग, नगर निगम, हाउसिंग बोर्ड, सेक्टर-32 जीएमसीएच, सेक्टर-16 के अस्पताल में 17 हजार सरकारी कर्मचारी काम कर रहे हैं। अकेले नगर निगम में ही 4 हजार सरकारी कर्मचारी हैं।

benefit and harms of punjab govt employees retirement decision
सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह
इससे वर्तमान में काम करने वाले कर्मचारियों के साथ साथ प्रशासन को भी फायदा है। लेकिन सरकार को चाहिए कि जिन कर्मचारियों को पहले एक्सटेंशन मिल चुकी है उनका कार्यकाल पूरा होने के बाद ही उन्हें रिटायर किया जाए क्योंकि कई कर्मचारी ऐेसे है जो सरकारी मकान में रहते है और एकदम से रिटायर होने के बाद उन्हें मकान के लिए भटकना पड़ेगा
- हरजिंदर सिंह, उपाध्यक्ष, इंटक

58 साल तक रिटायरमेंट की आयु तय करने का काफी अच्छा फैसला होगा इससे नए युवाओं को नौकरी मिलेगी और शहर में बेरोजगारी भी कम होगी। पूरे देश के राज्य सरकारों को इस फैसले को लागू करना चाहिए।
- राजिंदर कुमार, महासचिव, चंडीगढ़ यूटी सबडोनेट सर्विस फेडरेशन महासचिव

पंजाब सरकार के फैसले के बाद तुरंत प्रभाव से चंडीगढ़ के 58 और इससे अधिक आयु वाले कर्मचारी भी रिटायर हो जाएंगे। यह सभी कर्मचारी सेंशन पोस्ट पर बैठे हुए हैं इनकी जगह जहां बेरोजगारी दूर होगी वहीं पहले से काम कर रहे कर्मचारियों को प्रमोशन भी मिलेगी।
- अजीत सिंह ,चेयरमैन कोआडिनेशन कमेटी आफ गर्वनमेंट एंड एमसी इंपलाइज एंड वर्कर यूनियन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed