फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Bathinda: attackers may be hiding in the forest.

Bathinda : बाहर से हथियार समेत अंदर आना नामुमकिन, जंगल में छिपे हो सकते हैं हमलावर, तलाश जारी

Thu, 13 Apr 2023 12:49 AM IST
दुष्यंत शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, बठिंडा
अमर उजाला नेटवर्क, बठिंडा Published by: दुष्यंत शर्मा Updated Thu, 13 Apr 2023 12:49 AM IST
सार

हमलावरों की तलाश में सेना ने देर शाम तक कैंट एरिया के जंगल में सर्च अभियान जारी रखा। हेलीकॉप्टर और ड्रोन की मदद से तलाश के बावजूद हत्यारे हाथ नहीं आए।

विज्ञापन
Bathinda: attackers may be hiding in the forest.
Bathinda military station firing and security - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी

विस्तार

बठिंडा स्थित सेना की छावनी में ऑफिसर मेस के पास 80 मीडियम रेजिमेंट की आर्टिलरी यूनिट की बैरक में सो रहे चार जवानों की हत्या करने वाले हमलावरों का कुछ पता नहीं चल पाया है। उनकी तलाश में सेना ने देर शाम तक कैंट एरिया के जंगल में सर्च अभियान जारी रखा। हेलीकॉप्टर और ड्रोन की मदद से तलाश के बावजूद हत्यारे हाथ नहीं आए।

विज्ञापन


पंजाब पुलिस के सूत्रों के अनुसार आरोपी जंगल में ही छिपे हो सकते हैं। हत्या के लिए किसी भी बाहरी व्यक्ति का हथियार लेकर कैंट क्षेत्र में दाखिल होना नामुमकिन है। इस घटना को दो दिन पहले राइफल और कारतूस चोरी होने की घटना से जोड़ कर देखा जा रहा है। जिन दो आरोपियों के हुलिये के बारे में एफआईआर में जिक्र किया गया है, उससे संभावना है कि दोनों आरोपी अंदर से ही हो सकते हैं।
विज्ञापन


चारों को तीन तीन से ज्यादा गोलियां लगी
बुधवार देर शाम को सिविल अस्पताल में चारों जवानों का डॉक्टर दीप रत्न ने पोस्टमार्टम किया। पंजाब पुलिस के सूत्रों अनुसार चारों सैनिकों को तीन तीन से ज्यादा गोलियां उनके शरीर के अलग-अलग हिस्सों पर लगी हैं। चारों सैनिकों की करीब तीन से चार साल की सर्विस बताई जा रही है। दो का जन्म 1999 और दो का जन्म 1998 में हुआ है।
विज्ञापन
विज्ञापन


प्रशिक्षित व्यक्ति ही चला सकता है इंसास राइफल
बठिंडा सैन्य छावनी में चार जवानों की हत्या में इंसास राइफल का इस्तेमाल हुआ है। विशेषज्ञों का कहना है कि इस राइफल को प्रशिक्षित व्यक्ति ही चला सकता है। यह राइफल ज्यादातर सेना के जवानों के पास ही होती है। इससे संभावना जताई जा रही है कि हत्या करने वाले अंदर से ही हैं, जिन्होंने हत्याकांड को अंजाम दिया।


हत्या से पहले की थी रेकी
जांच में सामने आया है कि जिन आरोपियों ने इस हत्याकांड को अंजाम दिया, उन्होंने पहले पूरी रेकी की थी। इसके बाद ही उन्होंने हत्या के लिए सुबह 4.35 बजे का समय चुना, जिस समय जवान सो रहे थे। हत्यारे जिस तरह हत्या के बाद जंगल की तरफ फरार हो गए, उससे भी आशंका जताई जा रही है कि उन्होंने पहले ही पूरी तैयारी कर ली थी।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed