गुटबाजी पर चाहत भारी, बस कांग्रेस की टिकट मिल जाए
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हरियाणा कांग्रेस में गुटबाजी के बावजूद विधानसभा चुनाव में पार्टी टिकट के लिए दावेदारों की लंबी लाइन लगी है। प्रदेश के 90 हलकों के लिए पार्टी के पास 1212 आवेदन आए हैं।
पार्टी नौ अगस्त को दावेदारों के नाम पर मंथन करेगी। हालांकि पीसी चाको के नेतृत्व में बनी कांग्रेस की स्क्रीनिंग कमेटी में इस बार हुड्डा विरोधी खेमा नदारद है। हुड्डा के प्रमुख विरोधी चौधरी बीरेंद्र सिंह कांग्रेस छोड़ने के लिए तैयार बैठे हैं।
बीरेंद्र का जाना कांग्रेस के लिए नुकसान दायक साबित हो सकता है लेकिन हुड्डा की बड़ी राजनीतिक बाधा कम होती दिखाई दे रही है। खासकर टिकट वितरण में बीरेंद्र सिंह अपने समर्थकों को टिकट दिलवाने के लिए अड़ सकते थे, जो अब नहीं होगा।
नौ अगस्त को पार्टी की बैठक नामों पर विचार
टिकट वितरण में मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा और प्रदेश अध्यक्ष अशोक तंवर की पूरी चलेगी, लेकिन तस्वीर का दूसरा पहलू यह है कि पूर्व केंद्रीय मंत्री और राज्यसभा सदस्य सैलजा की खामोशी क्या गुल खिलाएगी, यह टिकट वितरण के समय सामने आएगा।
कांग्रेस ने टिकट न मिलने वाले दावेदारों से चुनाव में विरोध नहीं करने का फार्म भरवाया है, लेकिन इस बात की कोई गारंटी नहीं है कि टिकट न मिलने वाले उम्मीदवार फार्म भरवाने मात्र से ही शांत हो जाएंगे।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष डा. अशोक तंवर के मुताबिक नौ अगस्त को पार्टी की बैठक होगी। इसमें दावेदारों के नामों पर विचार किया जाएगा। अंतिम फैसला हाईकमान के माध्यम से होगा। कोशिश है शीघ्र ही टिकटों पर फैसला कर दिया जाए।