Amritsar News: अमृतपाल ने फिर अलापा खालिस्तानी राग, आतंकी पन्नू का किया समर्थन
अमृतपाल ने कहा कि युवाओं को अमृतपान करके सिख योद्धा बनना चाहिए और इतिहास से दिशा लेकर अपनी आवाज बुलंद करते हुए सिख संघर्ष को आने बढ़ाना चाहिए। कहा कि पांच प्यारों ने सैकड़ों युवाओं को अमृतपान करवाया है। युवाओं को अमृतपान करवाने का यह अभियान भविष्य में भी जारी रहेगा।
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वारिस पंजाब दे जत्थेबंदी के मुखिया अमृतपाल ने एक बार फिर खालिस्तान का राग अलापा है। उसने भारत के खिलाफ जहर उगलते हुए कहा कि खालिस्तान के पक्ष में उठने वाली हर आवाज का वह समर्थन करता है। जब तक खालिस्तान का आजाद राज नहीं मिल जाता तब तक सिखों को इंसाफ नहीं मिल सकता। अपने बयान से उसने एक बार फिर अलगाववाद को हवा दी है।
अमृतपाल सिंह रविवार को हथियारों से लैस समर्थकों के साथ श्री अकाल तख्त साहिब पर हुए अमृतपान अभियान में पहुंचा था। उसने 1100 युवाओं को अमृतपान कराया। अमृतपाल ने खालिस्तान का प्रचार कर रहे गुरपतवंत पन्नू के बारे में पूछे गए एक सवाल के जवाब में कहा कि मैं पन्नू का समर्थन करता हूं। खालिस्तान की ओर जाने वाले हर रास्ते का मैं समर्थक हूं। हालांकि गुरपतवंत पन्नू अमृतधारी नहीं हैं लेकिन वह सिख धर्म की बात करता है, इसलिए मैं उसका समर्थन करता हूं।
खालिस्तानी समर्थक गुरपतवंत पन्नू को आतंकवादी घोषित किए जाने पर अमृतपाल ने कहा कि देश की सरकारें तय करती हैं कि कौन आतंकवादी है और कौन साधू है। सिख अगर किताबें भी रखते हैं तो आतंकवादी बन जाते हैं। आज से ही नहीं बल्कि शुरू से ही सरकारें आतंकवाद की परिभाषा तय करती हैं।
अमृतपाल ने कहा कि युवाओं को अमृतपान करके सिख योद्धा बनना चाहिए और इतिहास से दिशा लेकर अपनी आवाज बुलंद करते हुए सिख संघर्ष को आने बढ़ाना चाहिए। कहा कि पांच प्यारों ने सैकड़ों युवाओं को अमृतपान करवाया है। युवाओं को अमृतपान करवाने का यह अभियान भविष्य में भी जारी रहेगा। अमृतपाल को लेकर हरमंदिर साहिब परिसर के अंदर और बाहर भारी पुलिस फोर्स और सिविल वर्दी में पुलिस कर्मचारी व सुरक्षा एजेंसियों के कर्मचारी तैनात थे।
मुंह पर कालिख पोत हरमंदिर साहिब पहुंचा युवक
शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के सहयोग से रविवार को कराए जा रहे अमृतपान में काले कपड़े पहने एक युवक मुंह पर कालिख पोतकर पहुंच गया। जिस समय युवक वहां पहुंचा तब वारिस पंजाब दे संगठन का मुखी अमृतपाल भी वहां मौजूद था। संगठन के कार्यकर्ताओं ने उसे पकड़कर श्री हरमंदिर साहिब परिसर से बाहर निकाल दिया। युवक का नाम कुलजिंदर सिंह है और वह कपूरथला का रहने वाला है।
कुलजिंदर सिंह ने बताया कि यह उसका प्रदर्शन करने का तरीका है। वह काला मुंह करके श्री अकाल तख्त साहिब पहुंचा है। उसे संगत ने बाहर निकाला, उसे इसका गुस्सा नहीं है। अगर श्री अकाल तख्त साहिब उसे सजा दे तो वह उसके लिए भी तैयार है। आने वाले दिनों में वह खुलासा करेगा कि इस प्रदर्शन की वजह क्या थी। कुलजिंदर ने कहा कि कोई भी धर्म इंसानियत के खिलाफ नहीं है। फिर भी आज कुछ लोग इंसान को इंसान के साथ लड़ाने की बातें कर रहे हैं।