{"_id":"657e504b8dfd609dcd05e614","slug":"ai-will-detect-brain-disorders-in-a-few-seconds-2023-12-17","type":"story","status":"publish","title_hn":"Chandigarh : मस्तिष्क के विकार का AI से चंद सेकंड में चलेगा पता, विशेषज्ञों ने तैयार किया एक खास सॉफ्टवेयर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Chandigarh : मस्तिष्क के विकार का AI से चंद सेकंड में चलेगा पता, विशेषज्ञों ने तैयार किया एक खास सॉफ्टवेयर
Sun, 17 Dec 2023 07:05 AM IST
दुष्यंत शर्मा
वीणा तिवारी, चंडीगढ़
वीणा तिवारी, चंडीगढ़
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Sun, 17 Dec 2023 07:05 AM IST
सार
इंस्टीट्यूट ऑफ इलेक्ट्रिकल एंड इलेक्ट्रॉनिक्स इंजीनियर्स (आईईईई) बंगलूरू और एस्टर हॉस्पिटल के विशेषज्ञों ने एआई से लैस एक ऐसा सॉफ्टवेयर तैयार किया है, जो अल्ट्रासाउंड के दौरान पलभर में मस्तिष्क की धमनियों की वर्तमान स्थिति बता देगा।
विज्ञापन
demo pic...
- फोटो : iStock
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
अब आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) की मदद से मस्तिष्क की धमनियों में होने वाली परेशानी का चंद सेकंड में पता लगाया जा सकेगा। इंस्टीट्यूट ऑफ इलेक्ट्रिकल एंड इलेक्ट्रॉनिक्स इंजीनियर्स (आईईईई) बंगलूरू और एस्टर हॉस्पिटल के विशेषज्ञों ने एआई से लैस एक ऐसा सॉफ्टवेयर तैयार किया है, जो अल्ट्रासाउंड के दौरान पलभर में मस्तिष्क की धमनियों की वर्तमान स्थिति बता देगा।
विज्ञापन
विशेषज्ञों ने इसे कंप्यूटर विजन अल्ट्रासाउंड इमेज सेग्मेंटेशन नाम दिया है। इस सॉफ्टवेयर से जहां गंभीर मरीजों को बिना देरी के इलाज मिलेगा, वहीं नए डॉक्टरों को भी तकनीक समझने में बेहद आसानी होगी। यह जानकारी साफ्टवेयर बनाने वाले एस्टर हॉस्पिटल के विशेषज्ञ और सोसायटी ऑफ न्यूरोसोनोलॉजी के अध्यक्ष डॉ. लोकेश ने पीजीआई चंडीगढ़ में चल रहे न्यूरोसोनोलॉजी सम्मेलन में शनिवार को दी।
विज्ञापन
आसानी से होगा विश्लेषण
डॉ. लोकेश के मुताबिक, बताया कि इस सॉफ्टवेयर में करीब एक लाख लोगों का डाटा शामिल किया गया है। उसकी मदद से मरीज की स्थिति का विश्लेषण बेहद आसानी से किया जा सकता है। इस तकनीक की मदद से इमरजेंसी में बिना समय गंवाए बेड पर ही मरीज का अल्ट्रासाउंड कर वास्तविक स्थिति का आकलन किया जा सकता है। उसकी मदद से इलाज शुरू कर उसकी स्थिति को बिगड़ने से बचाया जा सकता है। ठीक ऐसे ही अगर इमरजेंसी में सीनियर डॉक्टर न हों तो जूयिनर डॉक्टर भी इसकी मदद से तत्काल निर्णय ले सकते हैं।
विज्ञापन
धमनियों की भूमिका महत्वपूर्ण
डॉ. लोकेश ने बताया कि मस्तिष्क को खून की आपूर्ति करने वाली धमनियों की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण है। इसका पता लगाने के लिए कैरोटिड (कुह-आरओटी-आईडी) अल्ट्रासाउंड किया जाता है। यह एक सुरक्षित और दर्द रहित प्रक्रिया है, जो कैरोटिड धमनियों के माध्यम से रक्त प्रवाह की जांच करने के लिए ध्वनि तरंगों का उपयोग करती है। यह कैरोटिड धमनी की दीवार की मोटाई का भी मूल्यांकन करता है और थक्कों की जांच करता है। गर्दन के प्रत्येक तरफ एक कैरोटिड धमनी होती है। ये धमनियां हृदय से मस्तिष्क तक रक्त पहुंचाती हैं।
ऐसे में कराएं अल्ट्रासाउंड
उच्च रक्तचाप, मधुमेह, उच्च कोलेस्ट्रॉल, स्ट्रोक या हृदय रोग का पारिवारिक इतिहास, हाल ही में क्षणिक इस्केमिक हमला (टीआईए) या स्ट्रोक, दिल की धमनी का रोग, धमनियों का अकड़ना