फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   A Delegation led by MP Harsimrat Kaur Badal of Shiromani Akali Dal met President Ramnath Kovind at Rashtrapati Bhavan

मांग: आंदोलन में किसानों की मौत की जांच के लिए बने संयुक्त संसदीय कमेटी, राष्ट्रपति से मिला प्रतिनिधिमंडल

Sat, 31 Jul 2021 03:42 PM IST
निवेदिता वर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: निवेदिता वर्मा Updated Sat, 31 Jul 2021 03:42 PM IST
सार

हरसिमरत कौर बादल ने कहा कि कृषि मंत्री ने यह कहकर गंभीर चूक की है कि केंद्र सरकार के पास किसान आंदोलन के दौरान किसानों की मौतों का कोई रिकॉर्ड नहीं है।

विज्ञापन
A Delegation led by MP Harsimrat Kaur Badal of Shiromani Akali Dal met President Ramnath Kovind at Rashtrapati Bhavan
राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद से मिलने पहुंचा प्रतिनिधिमंडल। - फोटो : ANI

विस्तार

शिरोमणि अकाली दल (शिअद) की सांसद हरसिमरत कौर बादल के नेतृत्व में शनिवार को एक प्रतिनिधिमंडल ने दोपहर में राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद से राष्ट्रपति भवन में मुलाकात की। प्रतिनिधिमंडल में बहुजन समाज पार्टी (बसपा), राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) और जम्मू-कश्मीर नेशनल कॉन्फ्रेंस (जेकेएनसी) के सदस्य शामिल थे। प्रतिनिधमंडल ने किसान आंदोलन में जान गंवाने वाले किसानों के मामले की जांच के लिए संयुक्त संसदीय कमेटी (जेपीसी) का गठन करने की मांग की।  

विज्ञापन


हरसिमरत कौर बादल ने कहा कि कृषि मंत्री ने यह कहकर गंभीर चूक की है कि केंद्र सरकार के पास किसान आंदोलन के दौरान किसानों की मौतों का कोई रिकॉर्ड नहीं है। यह अन्नदाता के बलिदानों को भुलाने वाली बात है, जो आठ माह से तीनों काले कानूनों के विरोध में आंदोलन कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि कृषि मंत्री की ओर से किसान आंदोलन के दौरान मारे गए 537 किसानों के शहीद होने का स्पष्ट सबूत होने के बावजूद यह दावा हैरान करने वाला है। 

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed