{"_id":"650da7e8a36c8c67eb0b7e97","slug":"266-died-due-to-drug-overdose-in-punjab-in-three-years-2023-09-22","type":"story","status":"publish","title_hn":"पंजाब: नशे की ओवरडोज से तीन साल में 266 की मौत, हाईकोर्ट ने मुख्य सचिव से किया जवाब तलब","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पंजाब: नशे की ओवरडोज से तीन साल में 266 की मौत, हाईकोर्ट ने मुख्य सचिव से किया जवाब तलब
Sat, 23 Sep 2023 01:53 AM IST
ajay kumar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: ajay kumar
Updated Sat, 23 Sep 2023 01:53 AM IST
सार
हाईकोर्ट ने याचिका पर सुनवाई करते हुए ब्यूरो ऑफ इन्वेस्टिगेशन को नशे की ओवरडोज के चलते जान गंवाने वालों के बारे में जानकारी सौंपने का आदेश दिया था। ब्यूरो की ओर से हाईकोर्ट को बताया गया कि 1 अप्रैल 2020 से लेकर 31 मार्च 2023 तक नशे की ओवरडोज से पंजाब में 266 लोगों की जानें गई हैं।
विज्ञापन
पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट।
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
नशे की ओवरडोज से पंजाब में पिछले तीन साल में 266 लोगों ने जान गंवाई है। इन आंकड़ों पर चिंता जताते हुए पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने मुख्य सचिव को नशे पर लगाम लगाने के लिए उठाए गए कदमों का ब्योरा सौंपने का आदेश दिया है।
विज्ञापन
जालंधर निवासी निधि ने एडवोकेट सतनाम सिंह ठाकुर के माध्यम से याचिका दाखिल करते हुए हाईकोर्ट से जमानत देने की अपील की थी। याचिका में बताया गया कि एक युवक की नशे की ओवरडोज की वजह से मौत हो गई थी। उसके परिजनों की शिकायत पर एफआईआर दर्ज की गई थी, जिसमें 12 लोगों को आरोपी बनाया गया था। याची उनमें से एक है, जबकि उसकी मामले में कोई भूमिका नहीं है।
विज्ञापन
हाईकोर्ट ने याचिका पर सुनवाई करते हुए ब्यूरो ऑफ इन्वेस्टिगेशन को नशे की ओवरडोज के चलते जान गंवाने वालों के बारे में जानकारी सौंपने का आदेश दिया था। ब्यूरो की ओर से हाईकोर्ट को बताया गया कि 1 अप्रैल 2020 से लेकर 31 मार्च 2023 तक नशे की ओवरडोज से पंजाब में 266 लोगों की जानें गई हैं।
विज्ञापन
2020-21 के बीच 36, 2021-22 के बीच 71 तो वहीं 2022-23 में 156 लोगों की जान गई है। बठिंडा में सबसे अधिक 38, तरनतारन में 30, फिरोजपुर में 19, मोगा और अमृतसर में 17, होशियारपुर और फाजिल्का में 14 व फरीदकोट में 13 लोगों की जान गई है। हाईकोर्ट ने हर साल बढ़ते मौत के आंकड़ों पर चिंता जताते हुए अब पंजाब के मुख्य सचिव को नशे पर लगाम लगाने के लिए उठाए कदमों का ब्योरा सौंपने का आदेश दिया है।