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Chandigarh: बजट में पीजीआई को 1923.10 करोड़, पिछली बार से 73.1 करोड़ ज्यादा
Thu, 02 Feb 2023 01:58 AM IST
भूपेंद्र सिंह
अमर उजाला ब्यूरो, चंडीगढ़
अमर उजाला ब्यूरो, चंडीगढ़
Published by: भूपेंद्र सिंह
Updated Thu, 02 Feb 2023 01:58 AM IST
सार
पूंजीगत संपत्ति के निर्माण के लिए सबसे ज्यादा 343.10 करोड़ मिले हैं। जबकि स्वच्छता कार्य योजना के लिए 10 करोड़ रुपये का बजट मिला है। पिछले साल केंद्र सरकार ने पीजीआई को 1840 करोड़ दिए थे।
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विस्तार
वित्तीय वर्ष 2023-24 के लिए पीजीआई को 1923.10 करोड़ रुपये का बजट आवंटित किया गया है जो पिछले साल से 73.10 करोड़ रुपये ज्यादा है। इस बार सबसे ज्यादा 343.1 करोड़ रुपये पूंजीगत संपत्ति के निर्माण के लिए दिए गए हैं।
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पिछले साल इस मद में 270 करोड़ रुपये मुहैया कराए गए थे। वहीं, अनुदान सहायता (सामान्य) के तहत वेतन का बजट पिछले वर्ष के समान यानी 1300 करोड़ रुपये है जबकि स्वच्छता कार्य योजना के लिए 10 करोड़ रुपये का बजट मिला है। पीजीआई ने इस वर्ष 2250 का प्रस्तावित बजट भेजा था।
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बता दें कि पिछले साल केंद्र सरकार ने पीजीआई को 1840 करोड़ दिए थे। इस बार के बजट पर पीजीआई के वित्तीय सलाहकार कुमार अभय का कहना है कि बजट के स्तर पर उन्हें कभी कोई परेशानी नहीं झेलनी पड़ती। सरकार अतिरिक्त बजट देकर कमियों को दूर कर देती है।
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निर्माण कार्य पर फोकस
इस बार के बजट में सबसे ज्यादा पैसा निर्माण कार्य के लिए दिया गया है। इससे पीजीआई के निर्माणाधीन प्रोजेक्टों में तेजी आएगी। गौरतलब है कि इन प्रोजेक्टों में उना, फिरोजपुर और संगरूर में संस्थान के उपग्रह केंद्र, न्यूरोसाइंसेज सेंटर और पीजीआई परिसर में मदर एंड चाइल्ड केयर के 300-बेड वाले सेंटर शामिल हैं। इसके पूरा होने से चंडीगढ़ के साथ में ही आस पास के अन्य प्रदेशों के लाखों मरीजों को लाभ मिलेगा।
बजट का वर्गीकरण
अनुदान सहायता वेतन (1300 करोड़ रुपये), अनुदान सहायता (सामान्य, 270 करोड़ रुपये), अनुदान सहायता (पूंजीगत संपत्ति का निर्माण, 343 करोड़ रुपये) और स्वच्छता कार्य योजना के लिए (10 करोड़ रुपये)।