18 साल पुराने मर्डर केस में मां और मामा को कनाडा ने डिपोट किया इंडिया, 4 दिन के रिमांड पर

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बठिंडा/मालेरकोटला Updated Fri, 25 Jan 2019 04:53 PM IST
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court - फोटो : PTI

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18 साल पुराने बहुचर्चित जस्सी हत्याकांड के मुख्य आरोपी मलकीत कौर और सुरजीत सिंह को पंजाब की मालेरकोटला पुलिस ने अदालत में पेश किया। जहां से दोनों आरोपियों को चार दिन के पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया है। वर्ष 2000 में जस्सी सिद्धू की मां मलकीत कौर और मामा सुरजीत सिंह ने सुपारी देकर उसकी हत्या करवा दी थी। हाल ही में कनाडा की अदालत ने दोनों आरोपियों के खिलाफ फैसला सुनाकर उन्हें भारत डिपोट कर दिया था।
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दिल्ली पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर ट्रांजिट रिमांड पर शुक्रवार को मालेरकोटला पुलिस के हवाले कर दिया था। पुलिस ने दोनों आरोपियों को शुक्रवार को अदालत में पेश किया जहां से अदालत ने सरकारी वकील और मृतका जस्सी सिद्धू के पति सुखविंदर सिंह मिट्ठू के वकील सिमरदीप सिंह संधू की दलीलों से सहमत होते हुए दोनों आरोपियों को चार दिन के पुलिस रिमांड पर भेज दिया। पुलिस ने अदालत से दोनों आरोपियों का एक सप्ताह का रिमांड मांगा था।
मर्जी से शादी करने पर की गई थी जस्सी की हत्या
जस्सी कनाडा की रहने वाली थी और उसने सुखविंदर सिंह मिट्ठू के साथ अपने घरवालों की मर्जी के खिलाफ शादी की थी। इससे जस्सी की मां मलकीत कौर और उसका मामा सुरजीत सिंह बदेशा युवती से खफा थे। आरोपियों ने साल 2000 में बदमाशों को सुपारी देकर जस्सी और उसके पति सुखविंदर सिंह पर उस समय हमला करवा दिया था जब दोनों मालेरकोटला में अपने घर जा रहे थे।

बदमाशों ने जस्सी के पति को पीट पीट कर घायल कर दिया और उसे मरा समझ जस्सी को अगवा कर अपने साथ ले गए थे। जस्सी की मां और मामा ने युवती को मारने का आदेश दिया था। इसके बाद बदमाशों ने जस्सी की तेजधार हथियारों से हत्या कर दी थी। तत्कालीन एसएसपी राजबचन सिंह ने अपनी निगरानी में एक एसआईटी बनाई। इसने कुछ ही दिन में उक्त हत्याकांड से पर्दा उठाते हुए कुछ बदमाशों को गिरफ्तार कर लिया था।

पुलिस ने पकडे़ गए बदमाशों से पूछताछ के आधार पर कनाडा रहते मृतका जस्सी की मां मलकीत कौर और मामा सुरजीत सिंह बदेशा को उक्त हत्या केस में नामजद किया था। 2000 से लेकर अब तक दोनों ही आरोपियों ने कनाडा की अदालतों में अपने बचाव के लिए केस दायर किए लेकिन 18 साल बाद कनाडा की अदालत ने दोनों को भारत डिपोट करने के आदेश दे दिए थे।
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