फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Bihar ›   Pushpam Priya said that even today we are politically against Nitish Kumar

Bihar News: क्या हुआ जब नीतीश पहुंचे उस घर में, जिसकी बेटी का प्रण है- पहले हराऊंगी, फिर मास्क हटाऊंगी

Wed, 26 Jul 2023 08:02 PM IST
हिमांशु प्रियदर्शी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, दरभंगा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, दरभंगा Published by: हिमांशु प्रियदर्शी Updated Wed, 26 Jul 2023 08:02 PM IST
सार

सीएम नीतीश कुमार के पुष्पम प्रिया चौधरी के आवास पर जाने को लेकर प्रतिक्रिया देते हुए उन्होंने कहा कि हमारा उनके घर से पारिवारिक संबंध अपनी जगह है। लेकिन हम आज भी राजनीतिक रूप से नीतीश कुमार के खिलाफ हैं। उन्होंने कहा कि यह राजनीतिक बातें करने का समय नहीं है।

विज्ञापन
Pushpam Priya said that even today we are politically against Nitish Kumar
पुष्पम प्रिया चौधरी के आवास पर मुलाकात के दौरान मुख्यमंत्री नीतीश कुमार - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

पूर्व विधान पार्षद दिवंगत विनोद चौधरी की बेटी और प्लूरल्स पार्टी की सुप्रीमो प्रमुख पुष्पम प्रिया चौधरी ने कहा कि दादा जी उमा कांत चौधरी के बहुत ही करीबी मित्र थे। हमारे पिता जी से नीतीश कुमार के पारिवारिक संबंध थे। इसी नाते आज मुख्यमंत्री नीतीश कुमार उनके आवास पर शोक व्यक्त करने पहुंचे थे। इस पर प्रतिक्रिया देते हुए पुष्पम प्रिया ने कहा कि हमारा उनके घर से पारिवारिक संबंध अपनी जगह है। लेकिन हम आज भी राजनीतिक रूप से नीतीश कुमार के खिलाफ हैं। उन्होंने कहा कि यह राजनीतिक बातें करने का समय नहीं है।

विज्ञापन


'दोनों व्यक्तियों का बहुत ही पुराना रिश्ता रहा है'
पुष्पम प्रिया ने कहा कि मेरे पिता जी काफी दिनों से राजनीति कर रहे थे। उन्होंने विश्विद्यालय की राजनीति की। फिर उन्होंने इंदिरा गांधी के साथ राजनीति की। फिर नीतीश कुमार जी ने नई पार्टी बनाई तो उनके साथ जुड़कर भी राजीनीति की थी। उन्होंने मिथिलांचल की पहली सीट जदयू से जीती थी। दोनों व्यक्तियों का बहुत ही पुराना रिश्ता रहा है। अंतिम समय तक जदयू में रहे।
विज्ञापन


पिता के नेता होने के नाते आपका दरवाज़े पर हमेशा स्वागत

वहीं सीएम नीतीश कुमार के जाने के बाद पुष्पम प्रिया चौधरी ने सोशल मीडिया पर पोस्ट लिखा इसमें कहा कि परिवार का सदस्य और पिता के नेता होने के नाते आपका हमारे दरवाज़े पर हमेशा स्वागत है। अपने साथी के श्राद्ध-कार्यक्रम में शामिल होने के लिए आपका धन्यवाद। वह आपको बहुत मानते थे। उन्हें अच्छा लगा होगा।

विज्ञापन
विज्ञापन


जीतने की जरूरत है
18 जुलाई को अपने पिता को मुखाग्नि देने के बाद पुष्पम प्रिया चौधरी ने कहा कि बिहार की बदहाली से जीतने की जरूरत है। पता नहीं लोगों को हक समझ में आता है या नहीं। लेकिन, एक आदत जरूर हो गई है। उन्होंने कहा कि लोगों को शायद मेरी भाषा समझ में नहीं आती, क्योंकि आदत हो गई है। मुझे नजर आती, वह संभावना कि हम कितना बेहतर हो सकते हैं। हम कितना आगे जा सकते हैं।शायद यही कारण है कि मैं यहां हूं। नहीं तो फिर यहां होने का कोई कारण ही नहीं है। कोई जो एक बार यहां से निकल जाता है, वह वापस नहीं आता। तो उसी से जीतना है। पुष्पम प्रिया ने कहा कि कोई बाहर से आकर नहीं जीतेगा, सबको मिलकर जीतना पड़ेगा। अपने बिहार में, कौन बिहार के हैं, कौन नहीं हैं... यह तो खुद ही समझना पड़ेगा।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed