सियासत: नीतीश के संसद आने पर बोले कुशवाहा- खुशी चेहरे से झलक रही होगी; तेजस्वी को नसीहत- सैलरी की चिंता न करें
Bihar : मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के राज्यसभा सदस्य बनने पर उपेंद्र कुशवाहा ने उनको ढेर सारी बधाई दी है। साथ ही तेजस्वी के बयान पर ऐसा कह दिया कि अब इस बात पर भी खूब सियासत होगी।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार अब देश की संसद में अपनी नई पारी की शुरुआत कर रहे हैं। उनके राज्यसभा सदस्य के रूप में शपथ लेने पर राष्ट्रीय लोक मोर्चा के अध्यक्ष उपेंद्र कुशवाहा ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को ढेर सारी बधाई दी है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने जिस समर्पण के साथ बिहार की जनता की सेवा की है, मुझे पूरा विश्वास है कि अब वे दिल्ली से राष्ट्र सेवा के संकल्प को और अधिक मजबूती देंगे। उपेन्द्र कुशवाहा ने आगे कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार नई जवाबदेही के लिए दिल्ली गए हैं, ऐसे में स्वाभाविक है। क्योंकि उन्होंने खुद ही उस जवाबदेही का चुनाव किया है। कोई भी आदमी जो मन में निर्णय लेता है, और उसे रास्ते पर अगर आगे बढ़ जाता है तो अंदर से स्वाभाविक रूप से उसको खुशी होती है। यही खुशी नीतीश जी के चेहरे से झलक रही होगी। इस नई शुरुआत के लिए मेरी हार्दिक शुभकामनाएं।
यह खबर भी पढ़ें-Bihar : पप्पू यादव ने सिस्टम के खिलाफ उठाए सवाल, नेताओं पर भी लगाए गंभीर आरोप; कहा- एक सौ गोली मरवा दे मंजूर
उनको वेतन कभी ना मिले तो भी उनके पास इतना है कि...
उपेन्द्र कुशवाहा ने नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव के बयान पर पलटवार करते हुए कहा कि अब इसकी चिंता तेजस्वी यादव क्यों कर रहे हैं कि मंत्री और विधायकों को वेतन मिला या नहीं मिला? नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव के पास तो इतना है कि उनको अगर वेतन कभी ना मिले तो भी उनके पास इतना है कि उनका काम नहीं रुकना है। आम जनता का अगर सवाल है तो आम जनता का काम सरकार कर रही है।
यह खबर भी पढ़ें-Bihar News : तेजस्वी यादव ने NDA पर कसा तंज, कहा- सीएम नीतीश कुमार की मर्जी नहीं थी, थोपा गया है
महिला आरक्षण बिल होगा लागू
महिला आरक्षण बिल को लागू करने के लिए सदन का विशेष सत्र बुलाया गया है। यह तीन दिवसीय होगा, जो 16 अप्रैल से 18 अप्रैल तक होना है। उन्होंने कहा कि परिसीमन आयोग बनेगा और संविधान में जो महिलाओं के लिए आरक्षण की व्यवस्था की गई है, उसको अगले लोकसभा चुनाव में से सुनिश्चित किया जाएगा।