Bihar: पश्चिम कोसी नहर के विस्तार से खुशहाल होंगे किसान, खेती होगी पंजाब-हरियाणा जैसी; संजय कुमार झा
Bihar: संजय झा ने कहा कि पहले की सरकारों ने सिंचाई परियोजनाओं को पूरा करने में कोई गंभीरता नहीं दिखाई थी। लेकिन मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने इसे गंभीरता से लिया। 2020 में इसके लिए 735 करोड़ रुपये दिए गए थे, जिससे कई गांवों में पहली बार नहर का पानी पहुंचा।
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जदयू के कार्यकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष और राज्यसभा सांसद संजय कुमार झा ने कहा है कि मिथिला में अब खेती पंजाब और हरियाणा जैसी होगी। इसके लिए पश्चिम कोसी नहर परियोजना को 8678 करोड़ रुपये से बढ़ाया और सुधारा जाएगा। इसके लिए उन्होंने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का धन्यवाद किया।
उन्होंने बताया कि इस परियोजना में करीब 741 किलोमीटर लंबी नहरों को पक्का किया जाएगा। इससे दरभंगा और मधुबनी जिलों के किसानों को सालभर सिंचाई के लिए पानी मिलेगा। इससे लगभग 2 लाख 91 हजार हेक्टेयर खेतों को पानी मिलेगा। नहर के किनारे 338 किलोमीटर लंबी सड़क भी बनेगी ताकि गांवों में आवाजाही आसान हो।
नेपाल से लेकर बिहार तक होगा काम
इस योजना के तहत नेपाल में भी नहर की मरम्मत होगी और भारत में नहरों का विस्तार होगा। इससे खेती के लिए 58 हजार हेक्टेयर जमीन और सींची जा सकेगी। नहरों के साथ-साथ 260 नये पुल और 407 पुराने पुलों की मरम्मत होगी। 558 रेगुलेटर और 158 क्रॉस ड्रेनेज स्ट्रक्चर भी बनाए जाएंगे। इससे बाढ़ का पानी भी सही ढंग से निकाला जा सकेगा। इस परियोजना से दरभंगा के 16 और मधुबनी के 20 प्रखंडों के करीब 24 लाख लोग लाभान्वित होंगे। गांवों में खेती और सड़क दोनों का फायदा मिलेगा।
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पहले की सरकारों ने नहीं दिया ध्यान
संजय झा ने कहा कि पहले की सरकारों ने सिंचाई परियोजनाओं को पूरा करने में कोई गंभीरता नहीं दिखाई थी। लेकिन मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने इसे गंभीरता से लिया। 2020 में इसके लिए 735 करोड़ रुपये दिए गए थे, जिससे कई गांवों में पहली बार नहर का पानी पहुंचा। उन्होंने बताया कि केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण के मधुबनी दौरे के समय भी यह योजना रखी गई थी। इसके बाद उन्होंने बजट में मिथिला के लिए कई घोषणाएं की थीं। संजय झा ने कहा कि अब जब राज्य मंत्रिमंडल से मंजूरी मिल गई है तो अगले 3-4 साल में मिथिला में खेती पूरी तरह बदल जाएगी और किसान खुशहाल होंगे।