Bihar: यूट्यूबर की पिटाई मामले में पूर्व मंत्री मुकेश सहनी ने दिया बयान, कहा- जीवेश मिश्रा पर पोतेंगे कालिख
Bihar : यूटूबर की पिटाई मामले में पूर्व उप मुख्यमंत्री तेजस्वी यादव ने भाजपा के मंत्री पर प्राथमिकी दर्ज करवा दी। इसके बाद अब उनकी गिरफ्तारी की मांग कर रहे हैं, वहीं दूसरी तरफ पूर्व मंत्री मुकेश सहनी ने भाजपा नेता पर बेतुका बयान दिया है।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
बिहार के मंत्री जीवेश मिश्रा द्वारा एक यूट्यूबर की पिटाई किये जाने का मामला अब तूल पकड़ने लगा है। विपक्ष भी इस मौके को छोड़ना नहीं चाह रही है। इसको लेकर जहां एक ओर तेजस्वी यादव यूट्यूबर के घर पर पहुँच गये, वहीं दूसरी तरफ विकासशील इंसान पार्टी के संस्थापक और बिहार के पूर्व मंत्री मुकेश सहनी ने इसे लोकतंत्र पर हमला बताते हुए यह कहा कि वीआईपी के कार्यकर्ता जीवेश मिश्रा को कालिख लगाएंगे। उन्होंने कहा कि सहनी समाज से आने वाले यूट्यूबर की गलती बस इतनी थी कि उसने स्थानीय जर्जर सड़क के निर्माण को लेकर सवाल पूछा था। अब हमारे कार्यकर्ता उनको कालिख से पोतेंगे।
यह खबर भी पढ़ें-Bihar News : बिहार सरकार के मंत्री पर FIR करवाने पहुंच गए तेजस्वी यादव; पूछा- 2005 के पहले ऐसा होता था?
घटना के संबंध में बिहार के पूर्व मंत्री मुकेश सहनी ने कहा कि घटना के बाद थाना गये लेकिन प्राथमिकी दर्ज नहीं की गई। इस मामले की प्राथमिकी तब दर्ज हुई जब नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव खुद थाना पहुंचे। तेजस्वी यादव ने एसपी से बात की और प्राथमिकी दर्ज कर बिहार के मंत्री जीवेश मिश्रा पर कार्रवाई करते हुए उनकी गिरफ्तारी की मांग की। मुकेश सहनी ने कहा कि अब सरकार इतनी डर गई है कि पत्रकारों को भी नहीं बख्श रही है। ऐसे मंत्रियों और विधायकों को वीआईपी माफ नहीं कर सकती है। उन्होंने कहा कि वीआईपी के कार्यकर्ता मंत्री जीवेश मिश्रा का विरोध करेंगे और कालिख लगाएंगे।
यह खबर भी पढ़ें-Bihar Election: पीएम मोदी के बिहार आने से पहले दीपांकर भट्टाचार्य बोले- बिहार को नेपाल मत बनाइए
तेजस्वी यादव दरभंगा पहुंचकर यूट्यूबर दिलीप सहनी से मुलाक़ात की थी। इस दौरान उन्होंने बिहार सरकार पर हमला करते हुए कहा कि कोई व्यक्ति कितने दिन कुर्सी पर बैठा रहेगा। बिहार की पुलिस कानून के अनुसार नहीं चलती, बल्कि मंत्री और सरकार के निर्देशों पर काम करती है। नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के अंदाज में यह सवाल किया कि क्या 2005 से पहले पत्रकारों को गाली दी जाती थी? प्रधानमंत्री की मां होती है, तो आम आदमी की मां नहीं होती क्या? उन्होंने कहा कि इस मामले में यूट्यूबर दिलीप सहनी की कोई गलती नहीं थी, बावजूद इसके मंत्री ने उनके साथ मारपीट की। इसलिए अब उनपर भी कार्रवाई हो।