GST Rate : आज से लागू हुई GST की नई दरें, दुकानदार हैं उहापोह की स्थिति में; जानिए ग्राहक ने क्या कहा
GST Rate : जीएसटी स्लैब में भरी बदलाव किया गया। पूरे देश में आज से जीएसटी की नई दरें लागू हो गई हैं, लेकिन आज भी दिन भर दुकानदार इस बदले हुए GST को लेकर उहापोह की स्थिति में बने रहे।
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आज से नवरात्रि की शुरुआत हो गई है वहीं दूसरी तरफ प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा पूर्व घोषित जीएसटी स्लैब में भरी बदलाव किया गया। पूरे देश में आज से जीएसटी की नई दरें लागू हो गई हैं। सरकार का मकसद आम लोगों को सहूलियत पहुंचाने का है, इसलिए अब जीएसटी के दो मुख्य स्लैब - 5% और 18% रखने की घोषणा की गई है। अब नई जीएसटी लागू होते ही कई दुकानदारों ने अलग-अलग प्रतिक्रियाएं दी हैं।
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स्टेशनरी में कागज का दाम बढ़ना सही नहीं
इस संबंध में स्टेशनरी दुकानदार रजनीकांत पाठक का कहना है कि बच्चों के पढ़ने लिखने के सामानों, जैसे पेंसिल, कटर पर जीएसटी समाप्त कर दिया गया, जबकि कागज़ पर जीएसटी बढ़ा दिया गया है। उन्होंने बताया कि स्टेशनरी दुकान में सबसे ज्यादा काग़ज की ही बिक्री होती है, लेकिन सरकार ने कागज़ पर जीएसटी बढ़ा दिया है। चूंकि इसकी खपत सभी सरकारी और गैर सरकारी कार्यालयों से लेकर फोटो स्टेट दुकानों में सबसे अधिक होती है, इसलिए सस्ता हो या मंहगा इसकी बिक्री पर कोई असर नहीं पड़ेगा। सरकार को चाहिए था कि पेपर पर भी जीएसटी सर्कार को कम या फिर समाप्त कर देना चाहिए था।
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बढ़ गई इस कार की बिक्री
इस संबंध में कार्लो कंपनी के शोरूम में ग्राहक के रूप में पहुंचे अदितिनंदन ने बताया कि मेरे पास पहले से दो गाड़ियां हैं, लेकिन आज मैं फिर एक गाड़ी खरीद रहा हूं। उन्होंने बताया कि आज मैं बेगनार ले जा रहा हूं। इस दौरान उनकी पत्नी, मासूम बेटी और अदितिनंदन के माता-पिता भी मौजूद थे। उन्होंने बताया कि पीएम मोदी की यह अच्छी पहल है, जिसका फायदा पूरे भारतवर्ष की जनता को मिलेगा। इस संबंध में कार्लो कंपनी के सेल्स मैनेजर नवीन कुमार ने बताया कि मंहगी गाड़ी के रूप में सबसे ज्यादा अर्टीका की बिक्री (20-30 फीसदी) होती है और सबसे कम बजट में अल्टो की बिक्री महज 5-10 फीसदी होती है। मध्यम रूप में बेगनार की बिक्री (20) होती है।
परेशान हो रहे हैं दुकानदार
इस संबंध में अमूल कंपनी के रिटेलर का कहना है कि उन्हें कल तक पुराने जीएसटी के मूल्य के सामान ही उनके डिस्ट्रीब्यूटर ने भेजवाये हैं। दुकान खोलते ही ग्राहक उनके पास पहुंचे और नए जीएसटी मूल्य से सामान की मांग करने लगे। ऐसे में दुकानदार की परेशानी बढ़ गई और अब वह उहापोह की स्थिति में हैं वह करें तो क्या करें। इस संबंध में मंगलम जनरल स्टोर के मालिक अजित कुमार का कहना है कि उन्हें सुधा कंपनी ने कल भी पुराने मूल्य पर ही रुपये लिए और अगले दिन यानी मंगलवार के लिए आज भी पुराने मूल्य के अनुसार ही रुपए लिए हैं। इसलिए मुझे आज भी पुराने मूल्य पर ही सामान बेचने पड़ रहे हैं। आज सुबह से ग्राहक उनको नए वाले मूल्य पर सामान की मांग कर रहे हैं, जबकि वह पुराने मूल्य पर ही देने के लिए अडिग हैं। ऐसे में उनकी दुकानदारी और शाख दोनों पर ग्राहकों की अविश्वसनीयता बढ़ने लगी है।
गाड़ी के टायरों की भी बढ़ेगी बिक्री
इस संबंध में एग्जीबिशन रोड चौराहा स्थित वंशी टायर दुकान के मैनेजर शशांक अग्रवाल ने बताया कि मैं इस बदलाव की सराहना करता हूं। पहले ट्रैक्टर टायर पर पहले 18 फीसदी जीएसटी था, जो अब 5 फीसदी कर दिया गया है।इससे किसान भाइयों को बहुत फायदा पहुंचेगा।बाकी टायर में भी पहले 28 फीसदी था, जो अब 18 फीसदी हो गया है।इसलिए कुलमिलाकर कहें तो टायर को लेकर हर किसी को बहुत ही अधिक फायदा मिलेगा। उन्होंने बताया कि डैम घटने से मांग बढ़ेगी तो लाजमी है कि दुकानदार की आय पहले से ज्यादा बढ़ेगी।