{"_id":"691040dd0a7f2055e802db49","slug":"darbhanga-fake-policeman-arrested-illegal-extortion-fake-id-rishi-kumar-yadav-bihar-news-2025-2025-11-09","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bihar: नकली सिपाही का पर्दाफाश, वर्दी, आईडी और डंडे के साथ करता था वसूली, शादी के लिए बना था फर्जी पुलिसकर्मी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bihar: नकली सिपाही का पर्दाफाश, वर्दी, आईडी और डंडे के साथ करता था वसूली, शादी के लिए बना था फर्जी पुलिसकर्मी
Sun, 09 Nov 2025 12:51 PM IST
आशुतोष प्रताप सिंह
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, दरभंगा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, दरभंगा
Published by: आशुतोष प्रताप सिंह
Updated Sun, 09 Nov 2025 12:51 PM IST
सार
दरभंगा पुलिस ने एक फर्जी पुलिसकर्मी ऋषि कुमार यादव को गिरफ्तार किया है, जो पिछले चार महीनों से पुलिस की वर्दी पहनकर शहर में वाहन जांच के नाम पर अवैध वसूली कर रहा था।
विज्ञापन
दरभंगा में फर्जी पुलिसकर्मी गिरफ्तार
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
दरभंगा पुलिस ने एक फर्जी पुलिसकर्मी को गिरफ्तार किया है जो पिछले तीन-चार महीनों से पुलिस की वर्दी पहनकर शहर के विभिन्न इलाकों में वाहन जांच के दौरान अवैध वसूली कर रहा था। गिरफ्तार युवक की पहचान मधुबनी जिले के जयनगर थाना क्षेत्र के कुवाढ गांव निवासी ऋषि कुमार यादव के रूप में हुई है। पुलिस ने उसके पास से फर्जी आईडी कार्ड, मोबाइल फोन, पुलिस की वर्दी और एक डंडा भी बरामद किया है।
ऐसे हुआ खुलासा
बेंता थानाध्यक्ष हरेंद्र कुमार को गुप्त सूचना मिली थी कि एक युवक फर्जी पुलिसकर्मी बनकर लोगों से वसूली कर रहा है। सूचना के बाद पुलिस ने उसकी गतिविधियों पर कई दिनों तक नजर रखी। शनिवार की देर शाम, थानाध्यक्ष हरेंद्र कुमार के नेतृत्व में एसआई सौरव, सावन पासवान, कुंदन कुमार समेत अन्य पुलिसकर्मियों की टीम ने उसे बेंता चौक पर वसूली करते रंगे हाथों पकड़ लिया।
यह भी पढ़ें- Priyanka Gandhi In Katihar: बिहार में प्रियंका पीएम मोदी के कट्टे वाले बयान पर बरसीं, कहा- पद की गरिमा का...
विज्ञापन
पूछताछ में कबूला अपराध
थानाध्यक्ष ने बताया कि पूछताछ में ऋषि ने स्वीकार किया कि उसने पहले सिपाही भर्ती परीक्षा दी थी, लेकिन असफल रहा। इसके बाद उसने पुलिस की वर्दी खरीदी और खुद को पुलिसकर्मी बताने लगा। वह शहर के अलग-अलग इलाकों में जाकर वाहन जांच के नाम पर पैसों की उगाही करता था। युवक ने यह भी बताया कि उसने अपने परिवार को झूठ बोला था कि वह पुलिस में भर्ती हो गया है और दरभंगा में तैनात है। उसने यह भी कबूला कि शादी के लिए अच्छे परिवार और दहेज पाने की उम्मीद में वह पुलिस की वर्दी पहनता था।
विज्ञापन
ऐसे हुआ खुलासा
बेंता थानाध्यक्ष हरेंद्र कुमार को गुप्त सूचना मिली थी कि एक युवक फर्जी पुलिसकर्मी बनकर लोगों से वसूली कर रहा है। सूचना के बाद पुलिस ने उसकी गतिविधियों पर कई दिनों तक नजर रखी। शनिवार की देर शाम, थानाध्यक्ष हरेंद्र कुमार के नेतृत्व में एसआई सौरव, सावन पासवान, कुंदन कुमार समेत अन्य पुलिसकर्मियों की टीम ने उसे बेंता चौक पर वसूली करते रंगे हाथों पकड़ लिया।
विज्ञापन
यह भी पढ़ें- Priyanka Gandhi In Katihar: बिहार में प्रियंका पीएम मोदी के कट्टे वाले बयान पर बरसीं, कहा- पद की गरिमा का...
विज्ञापन
पूछताछ में कबूला अपराध
थानाध्यक्ष ने बताया कि पूछताछ में ऋषि ने स्वीकार किया कि उसने पहले सिपाही भर्ती परीक्षा दी थी, लेकिन असफल रहा। इसके बाद उसने पुलिस की वर्दी खरीदी और खुद को पुलिसकर्मी बताने लगा। वह शहर के अलग-अलग इलाकों में जाकर वाहन जांच के नाम पर पैसों की उगाही करता था। युवक ने यह भी बताया कि उसने अपने परिवार को झूठ बोला था कि वह पुलिस में भर्ती हो गया है और दरभंगा में तैनात है। उसने यह भी कबूला कि शादी के लिए अच्छे परिवार और दहेज पाने की उम्मीद में वह पुलिस की वर्दी पहनता था।