फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Automobiles News ›   NHAI Aims to Raise Rs 40000 Crore via Highway Monetisation in FY26

NHAI: एनएचएआई का नया लक्ष्य- सड़क मुद्रीकरण के जरिए वित्त-वर्ष 2025-26 में 40,000 करोड़ रुपये जुटाना

Fri, 31 Oct 2025 11:08 PM IST
अमर शर्मा ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: अमर शर्मा Updated Fri, 31 Oct 2025 11:08 PM IST
सार

भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) (एनएचएआई) ने वित्त वर्ष 2025-26 के लिए ₹40,000 करोड़ जुटाने का बड़ा लक्ष्य तय किया है।

विज्ञापन
NHAI Aims to Raise Rs 40000 Crore via Highway Monetisation in FY26
National Highway - फोटो : PTI

विस्तार

भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) (एनएचएआई) ने वित्त वर्ष 2025-26 के लिए ₹40,000 करोड़ जुटाने का बड़ा लक्ष्य तय किया है। यह रकम राजमार्गों के मोनेटाइजेशन (मुद्रीकरण) यानी टोल ऑपरेट ट्रांसफर (ToT), इन्विट (InvIT) और प्रोजेक्ट-बेस्ड फाइनेंसिंग के जरिए जुटाई जाएगी। यह कदम भारत के इंफ्रास्ट्रक्चर फंडिंग को मजबूत करने की दिशा में एक अहम पहल मानी जा रही है।
विज्ञापन


यह भी पढ़ें - 2025 Ducati Streetfighter V4: भारत में लॉन्च हुई नई डुकाटी स्ट्रीटफाइटर वी4, जानें कीमत और फीचर्स
विज्ञापन

यूपी के हाईवे नेटवर्क पर ₹9,200 करोड़ की डील
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, इस वित्त वर्ष की पहली मुद्रीकरण डील में आईआरबी इन्फ्रास्ट्रक्चर सबसे बड़ी बोली लगाने वाली कंपनी के रूप में सामने आई है। कंपनी ने उत्तर प्रदेश के 333.4 किलोमीटर लंबे हाईवे नेटवर्क के लिए 9,200 करोड़ रुपये की पेशकश की है। यह हाईवे नेटवर्क लखनऊ से अयोध्या, अयोध्या से गोरखपुर और लखनऊ से सुल्तानपुर के हिस्सों को जोड़ता है। यह सौदा टीओटी बंडल-17 के तहत किया गया है, और इससे निवेशकों की दिलचस्पी एक बार फिर ऑपरेशनल हाईवे में बढ़ती दिख रही है।

बोली की फाइलें इस हफ्ते खोली गई हैं, और अब इसे मंजूरी के लिए कई स्तर की जांच से गुजरना होगा।

यह भी पढ़ें - Affordable Scrambler Motorcycles: भारत में मिलने वाली टॉप-5 सबसे किफायती स्क्रैम्बलर बाइकें, जानें कीमत और खूबियां

NHAI Aims to Raise Rs 40000 Crore via Highway Monetisation in FY26
National Highway in Karnataka - फोटो : X@nitin_gadkari
मोनेटाइजेशन टारगेट बढ़ा ₹40,000 करोड़ तक
एनएचएआई ने इस साल का मुद्रीकरण लक्ष्य 30,000 करोड़ रुपये से बढ़ाकर 40,000 करोड़ रुपये कर दिया है। पिछले वित्त वर्ष (2024-25) में एनएचएआई ने मुद्रीकरण के जरिए 28,724 करोड़ रुपये जुटाए थे। इस साल के नए लक्ष्य के तहत-
  • 15,000 करोड़ रुपये ToT (टोल ऑपरेट ट्रांसफर) मॉडल से,
  • 15,000 करोड़ रुपये InvIT (इंफ्रास्ट्रक्चर इनवेस्टमेंट ट्रस्ट) से,
  • और बाकी रकम प्रोजेक्ट-आधारित फाइनेंसिंग से जुटाई जाएगी।

यह भी पढ़ें - Rare Earth Magnets: चीन से मिली रेयर अर्थ मैग्नेट आयात की मंजूरी, भारत के ईवी सेक्टर के लिए क्या हैं इसके मायने
विज्ञापन

आने वाले साल में 1,472 किमी हाईवे मोनेटाइज होंगे
वित्त वर्ष 2025-26 के लिए एनएचएआई ने 24 सड़क परिसंपत्तियों (एसेट्स) को चिन्हित किया है, जिनकी कुल लंबाई 1,472 किलोमीटर है। इनमें से कई हाईवे ToT और InvIT दोनों माध्यमों से मुद्रीकरण किए जाएंगे। फिलहाल बंडल 18, 19, 20, 21 और 22 के लिए बोली प्रक्रिया जारी है, जो कुल मिलाकर 845 किलोमीटर से ज्यादा के हाईवे नेटवर्क को कवर करते हैं। 

यह भी पढ़ें - Nitin Gadkari: नितिन गडकरी का एलान- नई बस कोड से घटेंगी आग की घटनाएं, गलत बदलाव कराने पर होगी जेल

नई मुद्रीकरण रणनीति: हर तिमाही में 3 बंडल
एनएचएआई की नई रणनीति के तहत अब हर तिमाही में तीन नए बंडल्स बोली के लिए पेश किए जाएंगे-
  • एक छोटा बंडल (2,000 करोड़ रुपये की संभावनाओं वाला),
  • एक मीडियम बंडल (5,000 करोड़ रुपये तक की क्षमता वाला),
  • और एक बड़ा बंडल (9,000 करोड़ रुपये तक जुटाने में सक्षम)।

यह प्लान जून 2025 में जारी की गई एनएचएआई की एसेट मोनेटाइजेशन स्ट्रैटेजी का हिस्सा है, ताकि लगातार राजस्व प्रवाह बना रहे और निवेशकों की भागीदारी बनी रहे।

यह भी पढ़ें - Ford India: फोर्ड की भारत वापसी की तैयारी, 3,250 करोड़ रुपये के निवेश के साथ फिर शुरू करेगी उत्पादन

NHAI Aims to Raise Rs 40000 Crore via Highway Monetisation in FY26
National Highway - फोटो : X/@nitin_gadkari
अब तक 11 बंडल से ₹48,995 करोड़ जुटाए गए
अब तक एनएचएआई ने 11 बंडल (कुल 2,564 किमी) का मुद्रीकरण किया है, जिससे 48,995 करोड़ रुपये की रकम हासिल हुई है। हालांकि, कुछ राउंड्स (जैसे 16वें राउंड) की बोली पूरी नहीं हो सकी थी, इसलिए उन्हें गिनती में शामिल नहीं किया गया। 

यह भी पढ़ें - Old Vehicles: पुराने वाहनों के लिए बड़ी राहत, दिल्ली सरकार ने एनओसी नियमों में दी ढील 

ToT मॉडल कैसे काम करता है
टोल ऑपरेट ट्रांसफर (ToT) मॉडल में एनएचएआई पहले से बनी और चालू हाईवे को 20 साल के लिए निजी कंपनियों को सौंपती है। बदले में कंपनियां एक तय रकम देती हैं और इस अवधि में टोल कलेक्शन का अधिकार उनके पास होता है। 20 साल बाद यह सड़क फिर से एनएचएआई को लौट जाती है। इससे मिलने वाली रकम एनएचएआई अपने नए प्रोजेक्ट्स और पूंजीगत खर्च (कैपिटल एक्सपेंडिचर) में लगाती है।

यह भी पढ़ें - FASTag: अब ग्राहक को बताए बिना फास्टैग अकाउंट बंद नहीं कर सकेंगे बैंक; NHAI ने बदले नियम; प्रक्रिया हुई आसान

सड़क संपत्तियों का विशाल खजाना
सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी के अनुसार, सरकार और एनएचएआई के पास फिलहाल 15 लाख करोड़ रुपये से अधिक की सड़क परिसंपत्तियां हैं, जिन्हें भविष्य में मुद्रीकरण किया जा सकता है।  वर्तमान में मुद्रीकरण से आने वाली रकम सड़क मंत्रालय के कुल बजट संसाधनों का करीब 10 प्रतिशत पूरा कर रही है। यानी यह मॉडल अब भारत के इंफ्रास्ट्रक्चर विकास की रीढ़ बनता जा रहा है। 

यह भी पढ़ें - USD Front Fork Bike: नई बाइक लेने की सोच रहे हैं? ये हैं भारत में पांच सबसे किफायती मोटरसाइकिलें जिनमें मिलते हैं USD फ्रंट फोर्क्स
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें ऑटोमोबाइल समाचार से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। ऑटोमोबाइल जगत की अन्य खबरें जैसे लेटेस्ट कार न्यूज़, लेटेस्ट बाइक न्यूज़, सभी कार रिव्यू और बाइक रिव्यू आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed