टांडाकला क्षेत्र में बीते कई दिनों से मौसम का मिजाज बदला हुआ है। दिन में रुक-रुक कर हो रही वर्षा के साथ रात्रि में हो रही मूसलाधार बारिश से आम जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया है। जगह-जगह जलभराव की समस्या पैदा हो गई है, जिसका सीधा असर क्षेत्र के सरकारी विद्यालयों पर पड़ रहा है। टांडाकला स्थित कंपोजिट विद्यालय (द्वितीय) का पूरा प्रांगण बारिश के पानी से लबालब भर गया है। चारों तरफ से पानी का बहाव विद्यालय की ओर होने से पूरा परिसर किसी तालाब में तब्दील हो गया है। प्रधानाध्यापक महेंद्र कुमार पाल ने बताया कि सामान्य दिनों में परिसर में पानी नहीं ठहरता था, लेकिन इस बार अत्यधिक बारिश होने से आसपास के निचले इलाकों का पानी भी विद्यालय में प्रवेश कर गया है। उन्होंने बताया कि परिसर को ऊंचा कराने और मिट्टी भराई के संदर्भ में विभागीय उच्चाधिकारियों को अवगत कराया जा चुका है। कमोवेश यही स्थिति प्राथमिक विद्यालय महमदपुर जमालपुर की भी है, जहां परिसर में पानी भरा हुआ है। प्रधानाध्यापक ओम प्रकाश यादव का कहना है कि विद्यालय परिसर में मिट्टी भराई के लिए वर्षों पहले विभाग को पत्र भेजा गया था और इसके बाद भी कई बार रिमाइंडर दिया गया, लेकिन अब तक मिट्टी डालकर परिसर को ऊंचा नहीं कराया जा सका है।