मांगलिक कार्यों का इंतजार कर रहे लोगों के लिए राहत की खबर है। एक महीने से चल रहा काला महीना यानी खरमास आज समाप्त हो जाएगा। इसके साथ ही कल से विवाह, गृह प्रवेश, मुंडन, नामकरण और अन्य मांगलिक कार्यों का सिलसिला शुरू हो सकेगा। खरमास के दौरान शुभ और मांगलिक कार्यों पर परंपरागत रूप से रोक रहती है। इस वजह से पिछले एक महीने से घरों में होने वाले बड़े आयोजनों की संख्या कम रही। अब खरमास की समाप्ति के साथ ही विवाह समारोहों और अन्य संस्कारों की तैयारियां तेज होने लगी हैं। कई परिवारों ने आयोजन स्थलों की बुकिंग, खरीदारी और अन्य व्यवस्थाओं को लेकर तैयारियां शुरू कर दी हैं। राधा कृष्ण मंदिर के पुजारी उमेश नौटियाल ने बताया कि काले महीने की समाप्ति के बाद मांगलिक कार्यों का रास्ता जरूर खुल जाता है, लेकिन इसका अर्थ यह नहीं है कि सभी तिथियां अपने आप शुभ हो जाती हैं। विवाह, गृह प्रवेश और अन्य संस्कारों के लिए पंचांग के अनुसार शुभ तिथि और मुहूर्त देखना आवश्यक होता है। उन्होंने कहा कि परिवार आयोजन की तारीख तय करने से पहले आचार्य या पंडित से परामर्श कर सकते हैं। इससे संबंधित संस्कार के लिए उचित तिथि, नक्षत्र और मुहूर्त का चयन किया जा सकेगा। खरमास के समाप्त होने के बाद अब विवाह समारोहों के साथ-साथ गृह प्रवेश, मुंडन, नामकरण और अन्य धार्मिक अनुष्ठानों के आयोजन भी शुरू होंगे। मांगलिक कार्यों के दोबारा शुरू होने से बाजारों में भी रौनक बढ़ने की उम्मीद है। कपड़ा, आभूषण, टेंट, कैटरिंग, सजावट और आयोजन से जुड़े कारोबारियों को भी इसका लाभ मिल सकता है। हालांकि, किसी भी आयोजन की अंतिम तारीख तय करने से पहले स्थानीय पंचांग और पारिवारिक परंपराओं के अनुसार शुभ मुहूर्त की पुष्टि करना जरूरी रहेगा।