जिला मुख्यालय के बेहद करीब होने के बावजूद धमणा गांव के ग्रामीण आज भी सड़क और पेयजल जैसी मूलभूत सुविधाओं के लिए परेशान हैं। लंबे समय से चली आ रही इन समस्याओं को लेकर ग्रामीणों ने जिला प्रशासन का दरवाजा खटखटाया है। ग्रामीणों ने उपायुक्त को ज्ञापन सौंपकर सड़क की स्थिति सुधारने और हर पात्र परिवार को नियमित पेयजल कनेक्शन उपलब्ध करवाने की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि जिला प्रशासन के नजदीक स्थित होने के बावजूद गांव में बुनियादी सुविधाओं की स्थिति संतोषजनक नहीं है। पूर्व जिला परिषद सदस्य गौरव शर्मा की अगुवाई में ग्रामीणों ने अपनी समस्याओं को प्रशासन के समक्ष रखा और जल्द कार्रवाई की मांग की। ग्रामीणों के अनुसार धमणा गांव को जोड़ने वाली सड़क की हालत खराब है। सड़क की स्थिति के कारण लोगों को रोजाना आवाजाही में परेशानियों का सामना करना पड़ता है। सबसे अधिक दिक्कत बुजुर्गों, बच्चों और मरीजों को होती है। आपात स्थिति में किसी मरीज को अस्पताल तक पहुंचाना भी ग्रामीणों के लिए चुनौती बन जाता है। ग्रामीणों ने प्रशासन से सड़क का मौके पर निरीक्षण करवाकर आवश्यक मरम्मत, सुधार और निर्माण कार्य जल्द शुरू करवाने की मांग की है। सड़क के साथ गांव में पेयजल सुविधा भी ग्रामीणों के लिए चिंता का विषय बनी हुई है। ग्रामीणों का कहना है कि गांव के सभी पात्र परिवारों को अभी तक नियमित पेयजल कनेक्शन उपलब्ध नहीं करवाए गए हैं। इसके चलते कई परिवारों को पानी की जरूरत पूरी करने के लिए अस्थायी और अपर्याप्त व्यवस्थाओं पर निर्भर रहना पड़ रहा है। ग्रामीणों ने मांग की है कि सभी पात्र परिवारों को जल्द नियमित पेयजल कनेक्शन दिए जाएं, ताकि उन्हें पानी के लिए परेशानी न उठानी पड़े। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से मांग की है कि धमणा गांव की सड़क और पेयजल व्यवस्था का संबंधित विभागों से निरीक्षण करवाया जाए। साथ ही सड़क की आवश्यक मरम्मत और सुधार कार्य जल्द शुरू करवाने के निर्देश दिए जाएं। ग्रामीणों ने समयबद्ध तरीके से कार्रवाई की मांग करते हुए कहा कि सड़क और पेयजल जैसी मूलभूत सुविधाओं से जुड़ी समस्याओं का स्थायी समाधान किया जाना चाहिए। उनका कहना है कि इससे गांव के लोगों को रोजमर्रा की परेशानियों से राहत मिलेगी और आपात स्थिति में भी आवागमन आसान हो सकेगा।