गुरुग्राम महानगर विकास प्राधिकरण (जीएमडीए) ने सेक्टर-58 से 115 तक सीवरेज और स्टॉर्म वाटर ड्रेनेज नेटवर्क को मजबूत करने के निर्देश दिए हैं। प्राधिकरण ने काम की निगरानी बढ़ाने को कहा है। सोसाइटियों में लगे एसटीपी की थर्ड पार्टी जांच भी कराई जाएगी। जीएमडीए के मुख्य कार्यकारी अधिकारी पीसी मीणा ने विकास कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने स्पष्ट किया कि परियोजना शुरू करने से पहले राइट ऑफ वे क्लीयर होना चाहिए। बिजली की तार या पेयजल लाइन जैसी बाधाओं का समाधान पहले ही किया जाए। मुख्य कार्यकारी अधिकारी ने निर्देश दिए कि टेंडर जारी करने से पहले जेई और एसडीओ स्तर के अधिकारी मौके का सर्वे करें।