अमेरिका में सबसे बड़ा साइबर अटैक, एक साथ 250 अस्पतालों को बनाया शिकार

एक बड़े साइबर अटैक के बाद अमेरिका में सोमवार को एक प्रमुख अस्पताल श्रृंखला के सभी अस्पतालों की कंप्यूटर सिस्टम पड़ गए। इस दौरान सभी डॉक्टरों और नर्सों को ऑनलाइन की जगह हर काम के लिए कागजों का इस्तेमाल करना पड़ा।
‘यूनिवर्सल हेल्थ सर्विसेज इंक’ के अमेरिका में 250 से अधिक अस्पताल और अन्य स्वास्थ्य केन्द्र हैं। उसने अपनी वेबसाइट पर सोमवार को एक संक्षिप्त बयान में कहा कि उसका नेटवर्क ऑफलाइन है और डॉक्टर तथा नर्स कागज सहित अन्य स्रोतों का इस्तेमाल कर काम कर रहे हैं, वहीं हैकर्स की मांग के बारे में फिलहाल कोई जानकारी नहीं मिली है।
वहीं ‘फॉर्चून 500’ कंपनी ने कहा कि मरीजों का इलाज जारी है। किसी मरीज की जानकारी को कॉपी किए जाने या उसका गलत इस्तेमाल किए जाने का कोई संकेत नहीं है। कंपनी में करीब 90 हजार कर्मचारी हैं। इस बीच, ‘अमेरिकन हॉस्पिटल एसोसिएशन’ के वरिष्ठ साइबर सुरक्षा सलाहकार जॉन रिग्गी ने इसे ‘‘संदिग्ध रैनसमवेयर हमला’’ बताया।
उन्होंने बताया कि कोरोना वायरस के दौरान अपराधी स्वास्थ्य देखभाल संस्थानों के नेटवर्क को तेजी से निशाना बना रहे हैं। ‘रैनसमवेयर’ एक प्रकार का सॉफ्टवेयर है, जिसके जरिए हैकर डाटा चोरी कर लेते हैं और फिर उसे वापस देने के लिए पैसे मांगते हैं। साइबर सुरक्षा कंपनी ‘एमसिसोफ्ट’ द्वारा संकलित आंकड़ों के अनुसार पिछले साल अमेरिका में 764 स्वास्थ्य सेवा प्रदाता ‘रैनसमवेयर’ का शिकार हुए थे।