{"_id":"68f1f33dc3b74d97010df2f3","slug":"a-firecracker-warehouse-opened-amidst-a-populated-area-in-kashipur-was-sealed-2025-10-17","type":"story","status":"publish","title_hn":"Uttarakhand: काशीपुर में आबादी के बीच खोला गया पटाखों का गोदाम किया सील, पुलिस ने 80 पेटी पटाखे किए जब्त","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Uttarakhand: काशीपुर में आबादी के बीच खोला गया पटाखों का गोदाम किया सील, पुलिस ने 80 पेटी पटाखे किए जब्त
Fri, 17 Oct 2025 01:11 PM IST
हीरा मेहरा
अमर उजाला नेटवर्क, ऊधम सिंह नगर
अमर उजाला नेटवर्क, ऊधम सिंह नगर
Published by: हीरा मेहरा
Updated Fri, 17 Oct 2025 01:11 PM IST
सार
एक गोदाम स्वामी ने घनी आबादी में मकान में पटाखों का गोदाम खोल दिया। सूचना पर पुलिस टीम ने गोदाम पर छापा मारा और बिना लाइसेंस के बिक्री को रखी आतिशबाजी की पेटियों को जब्त कर गोदाम को सील कर दिया।
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर।
विस्तार
काशीपुर में एक गोदाम स्वामी ने घनी आबादी में मकान में पटाखों का गोदाम खोल दिया। सूचना पर पुलिस टीम ने गोदाम पर छापा मारा और बिना लाइसेंस के बिक्री को रखी आतिशबाजी की पेटियों को जब्त कर गोदाम को सील कर दिया।
विज्ञापन
एसडीएम अभय प्रताप सिंह को किसी व्यक्ति ने गंगे बाबा रोड पुष्प विहार कॉलोनी में घनी आबादी के बीच में कौशल यादव के मकान में आतिशबाजी का गोदाम होने की सूचना दी। एसडीएम ने अवैध गोदाम पर पुलिस अधिकारियों को कार्रवाई करने के निर्देश दिए थे। बुधवार की रात पुलिस गोदाम पर पहुंची थी, मगर वहां ताला लगा था। पुलिस को छानबीन में पता चला कि आतिशबाजी का गोदाम मोहल्ला कटरामालियान निवासी सतीश यादव का है। बृहस्पतिवार की सुबह सीओ दीपक सिंह पुलिस और दमकम कर्मियों के साथ मौके पर पहुंचे तो सतीश ने गोदाम खोलने में आनाकानी की।
विज्ञापन
एसडीएम के निर्देश पर तहसीलदार पंकज चंदौला ने मौके पर पहुंचकर गोदाम का ताला खुलवाया। पुलिस टीम ने जब अंदर जाकर देखा तो दो कमरों में आतिशबाजी सामान की पेटियां रखी हुई थीं।सीओ दीपक सिंह ने बताया कि सुबह लगभग 11 बजे शुरू हुई कार्रवाई देर शाम तक जारी रही। इस दौरान गोदाम से करीब 80 पेटी आतिशबाजी जब्त की गई। इस दौरान पटाखों की गिनती, जीएसटी बिल व लाइसेंस संबंधी आतिशबाजी विक्रेता से जानकारी ली गई। जांच के दौरान सतीश के पास आतिशबाजी का स्टॉक रखने का कोई लाइसेंस नहीं मिला और गोदाम भी नियम विरुद्ध घनी आबादी के बीच था। इस वजह से गोदाम को सील कर दिया गया है।
विज्ञापन