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Tehri News: दिनभर जल रहे हैं जंगल, विभाग है बेखबर
Wed, 17 Dec 2025 06:10 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, टिहरी
संवाद न्यूज एजेंसी, टिहरी
Updated Wed, 17 Dec 2025 06:10 PM IST
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वन प्रभाग की विभिन्न रेंजों में हो रही है आग की घटनाएं
उत्तरकाशी। जनपद के उत्तरकाशी वन प्रभाग की विभिन्न रेंजों में लगातार वनाग्नि की घटनाएं सामने आ रही है लेकिन अभी तक यह विभागीय रिकॉर्ड में दर्ज नहीं की गई है। विभाग के उच्च अधिकारियों का कहना है कि इस समय बारिश और बर्फबारी नहीं होने के कारण धरासू से लेकर डु्ंडा, बाड़ाहाट, मुखेम, गंगोत्री रेंज तक कई स्थानों पर वनाग्नि की घटनाएं सामने आई है। वहीं, दूसरी ओर संगमचट्टी से लेकर हीना और सिरोर और बाड़ागड्डी तक बुधवार को दिनभर जंगलों में आग लगने के कारण वन संपदा को नुकसान हुआ।
बीते फायर सीजन में बारिश होने के कारण वनाग्नि की घटनाएं कम होने पर वन विभाग के कर्मचारियों ने राहत की सांस ली लेकिन सर्दियों में बारिश नहीं होने के कारण वहां पर उत्तरकाशी वन प्रभाग के लगभग सभी रेंजों में वनाग्नि की घटनाएं सामने आ रही है। बीते मंगलवार देर रात से बुधवार सुबह तक बाड़ाहाट, मुखेम रेंज के संगमचट्टी सहित नेताला, हीना और सिरोर सहित जसपुर निराकोट के जंगल भी दिनभर जलते रहे लेकिन इसको लेकर वन विभाग की ओर से अभी तक किसी प्रकार की उचित कार्रवाई नहीं की गई है।
हालांकि विभागीय अधिकारियों का कहना है कि पूरे विभाग को अलर्ट मोड पर रखा गया है लेकिन वनाग्नि को रोकने के लिए किसी प्रकार के ठोस कदम नहीं उठाए जा रहे हैं। इससे लाखों की वन संपदा को नुकसान हो रहा है। क्योंकि मौके पर जा रहे कर्मचारियों के पास अभी भी संसाधन उपलब्ध नहीं किए जा रहे हैं। डीएफओ डीपी बलोनी का कहना है कि शीतकाल में बारिश और बर्फबारी नहीं होने के कारण घास सूखने के कारण जंगलों में आग लग रही है। इनको रोकने के लिए विभागीय कर्मचारियों को अलर्ट पर रख कर उचित कार्रवाई की जा रही है।
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उत्तरकाशी। जनपद के उत्तरकाशी वन प्रभाग की विभिन्न रेंजों में लगातार वनाग्नि की घटनाएं सामने आ रही है लेकिन अभी तक यह विभागीय रिकॉर्ड में दर्ज नहीं की गई है। विभाग के उच्च अधिकारियों का कहना है कि इस समय बारिश और बर्फबारी नहीं होने के कारण धरासू से लेकर डु्ंडा, बाड़ाहाट, मुखेम, गंगोत्री रेंज तक कई स्थानों पर वनाग्नि की घटनाएं सामने आई है। वहीं, दूसरी ओर संगमचट्टी से लेकर हीना और सिरोर और बाड़ागड्डी तक बुधवार को दिनभर जंगलों में आग लगने के कारण वन संपदा को नुकसान हुआ।
बीते फायर सीजन में बारिश होने के कारण वनाग्नि की घटनाएं कम होने पर वन विभाग के कर्मचारियों ने राहत की सांस ली लेकिन सर्दियों में बारिश नहीं होने के कारण वहां पर उत्तरकाशी वन प्रभाग के लगभग सभी रेंजों में वनाग्नि की घटनाएं सामने आ रही है। बीते मंगलवार देर रात से बुधवार सुबह तक बाड़ाहाट, मुखेम रेंज के संगमचट्टी सहित नेताला, हीना और सिरोर सहित जसपुर निराकोट के जंगल भी दिनभर जलते रहे लेकिन इसको लेकर वन विभाग की ओर से अभी तक किसी प्रकार की उचित कार्रवाई नहीं की गई है।
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हालांकि विभागीय अधिकारियों का कहना है कि पूरे विभाग को अलर्ट मोड पर रखा गया है लेकिन वनाग्नि को रोकने के लिए किसी प्रकार के ठोस कदम नहीं उठाए जा रहे हैं। इससे लाखों की वन संपदा को नुकसान हो रहा है। क्योंकि मौके पर जा रहे कर्मचारियों के पास अभी भी संसाधन उपलब्ध नहीं किए जा रहे हैं। डीएफओ डीपी बलोनी का कहना है कि शीतकाल में बारिश और बर्फबारी नहीं होने के कारण घास सूखने के कारण जंगलों में आग लग रही है। इनको रोकने के लिए विभागीय कर्मचारियों को अलर्ट पर रख कर उचित कार्रवाई की जा रही है।
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