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जाखणीधार में बादल फटा, दर्जनों नाली खेत बहे
ब्यूरो/अमर उजाला, नई टिहरी
Updated Sat, 23 Jul 2016 04:04 AM IST
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cloud burst
- फोटो : फाइल फोटो
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जाखणीधार ब्लॉक में गेंवली पाव के चकरखेत में बादल फटने से गदेरा उफान पर आ गया, जिससे कई नहरें और दर्जनों नाली खेत बह गई। पानी का बहाव इतना तेज हो गया कि वहां से तीन किमी दूर गडोलिया में स्थित शिव मंदिर का गेट भी बह गया और पैदल पुल की दीवार भी ढह गई।
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शुक्रवार दोपहर बाद तीन बजे बारिश के साथ चकरखेत में बादल फट गया। गदेरे उफान पर आने से गेंवली, स्वाड़ी, कांडी और गडोलिया की सिंचाई नहरें बह गई और दर्जनों नाली खेत भी बह गए। गदेरे के उफान पर आने से चकरखेत से लगभग तीन किमी दूर गडोलिया में भी कई नाली खेत चौपट हो गए। वहां स्वाड़ी के पैदल पुल की दीवार ढह गई और शिव मंदिर का गेट भी बह गया। मंदिर को भी खतरा पैदा हो गया।
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गदेरे में आया उफान
पुल पर फंसे पेड़ को स्थानीय लोगों ने बमुश्किल हटाया। दुग्ध संघ के अध्यक्ष पदम सिंह कुमाईं ने बताया कि बादल फटने से नहर और खेती को काफी नुकसान पहुंचा है। पैदल पुल की दीवार ढहने से ग्रामीणों के सामने आवागमन की समस्या पैदा हो गई है। उन्होंने जिला प्रशासन से आवागमन के लिए वैकल्पिक व्यवस्था करने और क्षतिग्रस्त संपत्तियों का आकलन कर मरम्मत कराने की मांग की है।
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गदेरे के उफान पर आने से पुलिस चौकी के खतरे में आने की आशंका को देखते कोतवाल देवेंद्र चौहान ने भी मौके पर पहुंच कर स्थिति का जायजा लिया है। उन्होंने बताया कि गदेरे में पानी काफी मात्रा में बढ़ा है, जिससे नहरों और खेती को काफी नुकसान पहुंचा है।