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भगवान कार्तिकेय की महिमा के बारे में बताया
Updated Sun, 10 Jun 2018 10:43 PM IST
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रुद्रप्रयाग। अगस्त्यमुनि विकासखंड के कार्तिक स्वामी मंदिर में आयोजित केदारखंड महापुराण कथा व महायज्ञ में भगवान कार्तिकेय की महिमा की बारे में बताया गया। यहां भारी संख्या में पहुंचकर श्रद्धालु अनुष्ठान में आहुतियां डाल रहे हैं।
विश्व शांति एवं क्षेत्र की खुशहाली के लिए कार्तिक स्वामी धाम में आयोजित केदारखंड महापुराण कथा के छठवें दिन कथावाचक पंडित वासुदेव प्रसाद थपलियाल ने कहा कि पृथ्वी पर तारकासुर नामक राक्षस का आतंक तो बढ़ता जा ही रहा था, साथ ही स्वर्ग में बैठे देवताओं को भी इसकी चिंता सताने लगी। तारकासुर को घोर तप से भगवान शिव के पुत्र के हाथों मरने का वरदान प्राप्त था। इसके बाद शिव पुत्र कार्तिकेय का जन्म होता है। जो तारकासुर का विनाश करते है।
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विश्व शांति एवं क्षेत्र की खुशहाली के लिए कार्तिक स्वामी धाम में आयोजित केदारखंड महापुराण कथा के छठवें दिन कथावाचक पंडित वासुदेव प्रसाद थपलियाल ने कहा कि पृथ्वी पर तारकासुर नामक राक्षस का आतंक तो बढ़ता जा ही रहा था, साथ ही स्वर्ग में बैठे देवताओं को भी इसकी चिंता सताने लगी। तारकासुर को घोर तप से भगवान शिव के पुत्र के हाथों मरने का वरदान प्राप्त था। इसके बाद शिव पुत्र कार्तिकेय का जन्म होता है। जो तारकासुर का विनाश करते है।
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