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कार्रवाई: डीएम ने तीन अधिकारियों का वेतन रोका

Tue, 17 Aug 2021 11:00 PM IST
Dehradun Bureau देहरादून ब्यूरो
Updated Tue, 17 Aug 2021 11:00 PM IST
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DM stopped the salary of three officers
तहसील दिवस पर ऊर्जा निगम, समाज कल्याण विभाग और खाद्य आपूर्ति विभाग के तीन अधिकारी मौजूद न होने पर जिलाधिकारी ने उन्हें फोन पर जमकर फटकार लगाई। साथ ही तीनों का एक दिन का वेतन रोकने के निर्देश जारी कर दिए। इस दौरान तहसील दिवस में 60 फरियादियों ने अपनी समस्याएं डीएम के सामने रखीं। इनमें से डीएम ने पांच शिकायतों का मौके पर ही निस्तारण कर दिया, जबकि अन्य शिकायतों का निस्तारण करने के लिए संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए। मंगलवार को रुड़की तहसील परिसर में तहसील दिवस का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में जिलाधिकारी विनय शंकर पांडे तय समय पर अधिकारियों के साथ पहुंच गए थे। पूरे 11 बजे डीएम तहसील परिसर में पहुंचे और शिकायतें सुननी शुरू कर दीं। इस दौरान पनियाला गांव निवासी एक व्यक्ति ने शिकायत दर्ज कराई कि उन्होंने ट्यूबवेल के लिए बिजली कनेक्शन के लिए आवेदन किया हुआ है। विभाग के बार-बार चक्कर काटने के बावजूद उनके ट्यूबवेल पर बिजली की लाइन नहीं डाली जा रही है। इस पर डीएम ने ऊर्जा निगम के संबंधित इलाके के अधिशासी अभियंता को मौके पर बुलाया, लेकिन वह जानकारी होने के बावजूद तहसील दिवस में मौजूद नहीं थे। इस पर डीएम ने कड़ी नाराजगी जाहिर की और उनका वेतन रोकने के आदेश जारी किए। वहीं रुड़की ब्लॉक के एक गांव निवासी एक दिव्यांग कई साल से राशन न मिलने की शिकायत लेकर डीएम के पास पहुंचे। उनके अनुसार वह लगातार विभाग के चक्कर काट रहे हैं, लेकिन हर बार उन्हें अगली बार आने की बात कही जाती है। इस पर डीएम ने जिला आपूर्ति अधिकारी को मौके पर बुलाया, लेकिन वह भी मौजूद नहीं थे। इस पर उन्होंने मौके पर फोन पर बात की। उन्होंने डीएफएसओ को तहसील दिवस से बिना जानकारी के गायब रहने पर जमकर फटकार लगाई। वहीं उनका भी वेतन रोकने के आदेश जारी कर दिए। इसके बाद टोडा कल्याणपुर निवासी एक महिला ने शिकायत दर्ज कराई कि उनकी विधवा पेंशन शुरू नहीं हो रही। इस पर उन्होंने समाज कल्याण अधिकारी को मौके पर बुलाया, लेकिन उनके भी गैरहाजिर रहने पर उनका वेतन रोकने के आदेश दिए। तीन बजे तक चले तहसील दिवस में 60 लोगों ने शिकायतें दर्ज करवाईं। इसमें से पांच का डीएम ने मौके पर ही निस्तारण कर दिया, जबकि अन्य शिकायतों को संबंधित अधिकारियों को बाकायदा समय निर्धारित कर उनका निस्तारण करने के आदेश दिए। स्पष्ट कहा कि जिन शिकायतों के निस्तारण में जितना समय दिया गया है, यदि उससे अधिक होते हैं तो पीड़ित सीधा उनके पास पहुंच जाए। इस दौरान एसएसपी डी सेंथिल अवूदई कृष्णाराज एस, एडीएम केके मिश्रा, सीडीओ सौरभ गहरवार, मुख्य शिक्षा अधिकारी डॉ. आनंद भारद्वाज, ज्वाइंट मजिस्ट्रेट अपूर्वा पांडेय, नगर आयुक्त नूपुर वर्मा, एएसडीएम पूर्ण सिंह राणा, तहसीलदार चंद्रशेखर, सीओ रुड़की विवेक कुमार, सीओ मंगलौर पंकज गैरोला, डीपीआरओ रमेश त्रिपाठी और बीडीओ मनोज कोठारी आदि मौजूद रहे।
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चकबंदी विभाग को दी नसीहत
तहसील दिवस में कई शिकायतें एक साथ चकबंदी विभाग की आ गईं। इस पर डीएम ने संबंधित अधिकारी को मौके पर बुलाकर शिकायतों का निस्तारण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि वह चकबंदी विभाग को अच्छी तरह जानते हैं और वहां किस प्रकार काम हो रहा है, यह भी जानते हैं, इसलिए कार्यों को समय से और सही तरीके से निपटाएं।
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खाद्य आपूर्ति और जलसंस्थान की थीं ज्यादा शिकायतें
तहसील दिवस में हर तीसरी शिकायत खाद्य आपूर्ति विभाग की थी। अधिकतर लोग राशनकार्डों को ऑनलाइन करवाने से पीड़ित थे। विभाग के राशन कार्ड ऑनलाइन करवाने के लिए जाति प्रमाणपत्र की अनिवार्यता करने से लोगों में ज्यादा गुस्सा था। सलेमपुर और रामनगर के लोगों ने तहसील दिवस में स्पष्ट बोल दिया कि यदि खाद्य आपूर्ति विभाग को राशन नहीं देना है तो मना कर दे। इस तरह बार-बार क्यों उनसे चक्कर कटवाए जा रहे हैं। ंवहीं जलसंस्थान की भी पानी लीकेज होना और गंदा पानी आने की शिकायतें थीं।
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वकीलों ने रखी दाखिल खारिज की समस्या
रुड़की एडवोकेट एसोसिएशन ने डीएम को ज्ञापन सौंपकर अनुसूचित जाति के व्यक्तियों की आबादी में भूमि की दाखिल खारिज न होने की समस्या से अवगत करवाया। एडवोकेट एसोसिएशन के अध्यक्ष अतुल शर्मा एवं सचिव राव नावेद के नेतृत्व में डीएम विनय शंकर पांडे से मिले अधिवक्ताओं ने बताया कि अनुसूचित जाति के व्यक्तियों की कृषि भूमि की धारा 144 यूपीजेडए के तहत आबादी की भूमि घोषित होने के बाद भी विक्रय की गई भूमियों को दाखिल खारिज होने पर 2017 से रोक लगी हुई है, जबकि 2017 से पूर्व इस प्रकार की भूमियों के दाखिल खारिज बिना किसी बाधा सामान्य रूप से हो रहे थे। इस पर डीएम ने सकारात्मक कार्रवाई का आश्वासन दिया। इस अवसर पर नरेश पुंडीर, संजय कुमार शर्मा, सुबोध, बबलू गौतम, अशोक कपिल आदि लोग मौजूद रहे।
फोटो समाचार:
तहसील दिवस में एसडीएम ने सुनीं समस्याएं
54 शिकायतें आईं, अधिकारियों को निस्तारण के दिए निर्देश
कहा, नगर पालिका कैंप लगाकर प्रमाणपत्र बनाए
संवाद न्यूज एजेंसी
लक्सर/खानपुर। तहसील दिवस पर एसडीएम ने जन समस्याएं सुनीं। शिविर में आई 54 शिकायतों को एसडीएम ने जल्द से जल्द समाधान करने के संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए।

मंगलवार को तहसील मुख्यालय के सभागार में तहसील प्रशासन की ओर से जन समस्याएं सुनने के लिए तहसील दिवस आयोजित किया गया। इसमें जगजीतपुर निवासी शांति देवी ने प्रार्थनापत्र देकर बताया कि उन्होंने कुछ समय पहले खेती की कुछ जमीन मंसूरपुर उर्फ कपूरो में खरीदी थी, लेकिन उक्त जमीन पर किसी अन्य का कब्जा है। उन्होंने खरीदी गई जमीन पर कब्जा दिलाए जाने की मांग की। लक्सर नगर के सीमली मोहल्ला निवासी रामलखन सिंह ने बच्चे के जन्म प्रमाणपत्र जारी नहीं करने की शिकायत की। इस पर एसडीएम शैलेंद्र सिंह नेगी ने नाराजगी जताते हुए नगरपालिका के कर्मचारियों को शिविर लगाकर संबंधित अभिभावकों को जन्म प्रमाणपत्र जारी करने के निर्देश दिए। इस अवसर पर तहसीलदार मुकेश चंद रमोला, खानपुर एसओ अभिनव शर्मा, वन रेंजर गौरव अग्रवाल, पूर्ति निरीक्षक ममता ग्वाड़ी, खानपुर कृषि अधिकारी पारुल चौधरी और लेखपाल सुनील कुमार आदि मौजूद रहे।
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