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प्रशासन के आश्वासन पर समाप्त किया क्रमिक अनशन
Updated Tue, 13 Feb 2018 11:44 PM IST
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नारसन। प्रशासन के आश्वासन पर किसानों ने क्रमिक अनशन समाप्त कर दिया हैं, लेकिन मांगें पूरी होने तक किसानों का धरना जारी रहेगा। किसान मंडावली गांव में बाहरी गन्ने और भुगतान आदि को लेकर क्रमिक अनशन कर रहे थे।
गौरतलब है कि नारसन क्षेत्र के मंडावली में पिछले कुछ दिनों से भाकियू के बैनर तले किसान धरना प्रदर्शन कर रहे थे। किसानों की मांग थी कि बाहरी गन्ने की खरीद पूरी तरह बंद की जाए, समय पर भुगतान दिया जाए, ट्रैक्टर-ट्रालियों पर कृषक कोड और गांव कोड अंकित किया जाए। इस दौरान किसानों ने बाहर से आ रही गन्ने की कई ट्रालियों को भी रोका था। किसान यह भी आरोप लगा रहे थे कि प्रशासन उनके अंादोलन को नजर अंदाज कर रहा है। किसान ने सोमवार को धरना प्रदर्शन को क्रमिक अनशन में तब्दील कर दिया था। मंगलवार की शाम को जेएम नितिका खंडेलवाल, सीओ स्वपन किशोर सिंह और लिब्बरहेड़ी शुगरमिल के उपमहाप्रबंधक लोकेंद्र लांबा, कैन मैनेजर अनिल सिंह किसानों से वार्ता करने के लिए धरना स्थल पर पहुंचे। इस दौरान शुगरमिल की ओर से लोकेंद्र लांबा ने आश्वासन दिया कि 10 जनवरी तक का भुगतान 20 फरवरी तक कर दिया जाएगा। इसके साथ कृषक कोड और किसान कोड भी जल्द ही ट्रैक्टर-ट्रालियों पर डाल दिए जाएगे। साथ ही उपमहाप्रबंधक ने बाहरी गन्ने की खरीद को पूरी तरह से बंद करने की बात कहीं। जेएम ने भी निगरानी रखे जाने का आश्वासन दिया। जिसके बाद दुध पिलाकर किसानों का क्रमिक अनशन समाप्त कर दिया गया है। भाकियू के जिला अध्यक्ष विकेश चौधरी ने बताया कि क्रमिक अनशन तो समाप्त कर दिया, लेकिन दिए गए आश्वासन को अमल में लाए जाने तक धरना जारी रखे जाने की बात कहीं। इस दौरान प्रदीप, संजीव, चंद्रपाल, चंद्रपाल सिंह वालियान, संजीत, सुनील, बिल्लु, प्रवीण एवं ऋषिपाल आदि मौजूद रहे।
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गौरतलब है कि नारसन क्षेत्र के मंडावली में पिछले कुछ दिनों से भाकियू के बैनर तले किसान धरना प्रदर्शन कर रहे थे। किसानों की मांग थी कि बाहरी गन्ने की खरीद पूरी तरह बंद की जाए, समय पर भुगतान दिया जाए, ट्रैक्टर-ट्रालियों पर कृषक कोड और गांव कोड अंकित किया जाए। इस दौरान किसानों ने बाहर से आ रही गन्ने की कई ट्रालियों को भी रोका था। किसान यह भी आरोप लगा रहे थे कि प्रशासन उनके अंादोलन को नजर अंदाज कर रहा है। किसान ने सोमवार को धरना प्रदर्शन को क्रमिक अनशन में तब्दील कर दिया था। मंगलवार की शाम को जेएम नितिका खंडेलवाल, सीओ स्वपन किशोर सिंह और लिब्बरहेड़ी शुगरमिल के उपमहाप्रबंधक लोकेंद्र लांबा, कैन मैनेजर अनिल सिंह किसानों से वार्ता करने के लिए धरना स्थल पर पहुंचे। इस दौरान शुगरमिल की ओर से लोकेंद्र लांबा ने आश्वासन दिया कि 10 जनवरी तक का भुगतान 20 फरवरी तक कर दिया जाएगा। इसके साथ कृषक कोड और किसान कोड भी जल्द ही ट्रैक्टर-ट्रालियों पर डाल दिए जाएगे। साथ ही उपमहाप्रबंधक ने बाहरी गन्ने की खरीद को पूरी तरह से बंद करने की बात कहीं। जेएम ने भी निगरानी रखे जाने का आश्वासन दिया। जिसके बाद दुध पिलाकर किसानों का क्रमिक अनशन समाप्त कर दिया गया है। भाकियू के जिला अध्यक्ष विकेश चौधरी ने बताया कि क्रमिक अनशन तो समाप्त कर दिया, लेकिन दिए गए आश्वासन को अमल में लाए जाने तक धरना जारी रखे जाने की बात कहीं। इस दौरान प्रदीप, संजीव, चंद्रपाल, चंद्रपाल सिंह वालियान, संजीत, सुनील, बिल्लु, प्रवीण एवं ऋषिपाल आदि मौजूद रहे।
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