{"_id":"5a3d4f994f1c1bce408bea00","slug":"131513967513-roorkee-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"कुष्ठ रोगी खोजो अभियान चलाने पर दिया बल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कुष्ठ रोगी खोजो अभियान चलाने पर दिया बल
Updated Sat, 23 Dec 2017 12:05 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
लक्सर। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के तत्वावधान में विकासखंड क्षेत्र में कुष्ठ रोगी खोजो अभियान को लेकर विभाग ने तैयारियां शुरू कर दी हैं। शुक्रवार को विभागीय अधिकारियों ने सीएचसी पर आशा कार्यकर्ताओं को एक दिवसीय प्रशिक्षण दिया। अब आशाएं घर-घर जाकर कुष्ठ रोगियों की खोजेगी।
सुबह लक्सर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में एक दिवसीय कुष्ठ रोगी खोजो अभियान को सफल बनाने के लिए प्रशिक्षण दिया गया। मौके पर अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉक्टर एचबी शाक्य ने आशा कार्यकर्ताओं की बैठक लेते हुए कहा कि हमें कुष्ठ रोगियों को घृणा से नहीं देखना चाहिए। बीमार व्यक्ति को दुलार और संवेदना की जरूरत ज्यादा होती है। उन्होंने बताया सभी आशा कार्यकर्ता अपने क्षेत्र में रहने वाले ऐसे व्यक्ति जिनके शरीर में दाग हों और वह उसमें सूनेपन की समस्या से जूझ रहे हों तो उनकी पहचान कर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में जानकारी देंगी। उसके बाद उनकी जांच कर यह पता लगाया जाएगा कि उन्हें रोग क्या है। कार्यक्रम प्रभारी डॉ शशिकांत ने बताया कि कुष्ठ रोग कोई लाइलाज बीमारी नहीं है। इसका इलाज संभव है लेकिन, मरीज को चाहिए कि वह समय रहते डॉक्टरों को इसकी जानकारी दें। डॉ ओपी विश्वकर्मा ने बताया कि आशा कार्यकर्ता लक्सर और खानपुर क्षेत्र के अलग-अलग गांवों में जाकर कुष्ठ रोग खोजो कार्यक्रम चलाएगी। इसके लिए तहसील क्षेत्र में 21 गांव को सर्वेक्षण के लिए चिह्नित किया गया है। मौके पर एसके शर्मा, नीरज, गौरव शर्मा, वीके गुप्ता, संजय पाठक, अनीता गर्ग, दीपा शर्मा, प्रभा शर्मा, सोनिया, कंचन, अनुराधा, पूजा, कविता, उषा, खुशबू, प्रेमवती आदि आशा कार्यकर्ता मौजूद रही।
विज्ञापन
सुबह लक्सर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में एक दिवसीय कुष्ठ रोगी खोजो अभियान को सफल बनाने के लिए प्रशिक्षण दिया गया। मौके पर अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉक्टर एचबी शाक्य ने आशा कार्यकर्ताओं की बैठक लेते हुए कहा कि हमें कुष्ठ रोगियों को घृणा से नहीं देखना चाहिए। बीमार व्यक्ति को दुलार और संवेदना की जरूरत ज्यादा होती है। उन्होंने बताया सभी आशा कार्यकर्ता अपने क्षेत्र में रहने वाले ऐसे व्यक्ति जिनके शरीर में दाग हों और वह उसमें सूनेपन की समस्या से जूझ रहे हों तो उनकी पहचान कर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में जानकारी देंगी। उसके बाद उनकी जांच कर यह पता लगाया जाएगा कि उन्हें रोग क्या है। कार्यक्रम प्रभारी डॉ शशिकांत ने बताया कि कुष्ठ रोग कोई लाइलाज बीमारी नहीं है। इसका इलाज संभव है लेकिन, मरीज को चाहिए कि वह समय रहते डॉक्टरों को इसकी जानकारी दें। डॉ ओपी विश्वकर्मा ने बताया कि आशा कार्यकर्ता लक्सर और खानपुर क्षेत्र के अलग-अलग गांवों में जाकर कुष्ठ रोग खोजो कार्यक्रम चलाएगी। इसके लिए तहसील क्षेत्र में 21 गांव को सर्वेक्षण के लिए चिह्नित किया गया है। मौके पर एसके शर्मा, नीरज, गौरव शर्मा, वीके गुप्ता, संजय पाठक, अनीता गर्ग, दीपा शर्मा, प्रभा शर्मा, सोनिया, कंचन, अनुराधा, पूजा, कविता, उषा, खुशबू, प्रेमवती आदि आशा कार्यकर्ता मौजूद रही।
विज्ञापन