{"_id":"69553326def2fb470c0a0191","slug":"172-lakh-fraud-in-the-name-of-providing-cement-rishikesh-news-c-38-1-sdrn1029-136208-2025-12-31","type":"story","status":"publish","title_hn":"Rishikesh News: सीमेंट दिलाने के नाम पर 1.72 लाख की ठगी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Rishikesh News: सीमेंट दिलाने के नाम पर 1.72 लाख की ठगी
Wed, 31 Dec 2025 07:58 PM IST
देहरादून ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, ऋषिकेश
संवाद न्यूज एजेंसी, ऋषिकेश
Updated Wed, 31 Dec 2025 07:58 PM IST
विज्ञापन
डोईवाला। साइबर ठगों ने एक व्यक्ति से 1.72 लाख की रकम ठग ली है। पीड़ित की शिकायत पर कोतवाली में मामला दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी गई है।
कोतवाली के प्रभारी निरीक्षक प्रदीप राणा ने बताया कि तूर कालोनी आर्यनगर भानियावाला निवासी हरविंदर सिंह ने तहरीर में बताया कि उन्होंने 20 दिसंबर को ऑनलाइन सीमेंट लाने के लिए अपने मित्र के मोबाइल से श्रीकांत मिश्रा नामक एक व्यक्ति से बात की। उसने 640 बैग लेने पर प्रति बैग का मूल्य 270 बताया।
पीड़ित ने 640 बैग खरीदने के लिए 22 दिसंबर को आरटीजीएस के माध्यम से 1,72,800 का भुगतान कर दिया। 23 दिसंबर को श्रीकांत ने बताया कि उनकी गाड़ी लोड हो रही है लेकिन चालान नहीं कट रहा है। यदि एक गाड़ी सीमेंट और लेंगे तो चालान की जरूरत नहीं पड़ेगी। साथ ही एक लाख 25 हजार का कूपन कटवाकर मेंबरशिप लेने को कहा। संदेह होने पर वह जब दिए गए पते पर गए तो पता चला कि श्रीकांत मिश्रा नाम का कोई व्यक्ति नहीं है। इसके बाद से वह फोन नहीं उठा रहा है। प्रभारी निरीक्षक ने बताया कि मामला दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी गई है। संवाद
विज्ञापन
कोतवाली के प्रभारी निरीक्षक प्रदीप राणा ने बताया कि तूर कालोनी आर्यनगर भानियावाला निवासी हरविंदर सिंह ने तहरीर में बताया कि उन्होंने 20 दिसंबर को ऑनलाइन सीमेंट लाने के लिए अपने मित्र के मोबाइल से श्रीकांत मिश्रा नामक एक व्यक्ति से बात की। उसने 640 बैग लेने पर प्रति बैग का मूल्य 270 बताया।
पीड़ित ने 640 बैग खरीदने के लिए 22 दिसंबर को आरटीजीएस के माध्यम से 1,72,800 का भुगतान कर दिया। 23 दिसंबर को श्रीकांत ने बताया कि उनकी गाड़ी लोड हो रही है लेकिन चालान नहीं कट रहा है। यदि एक गाड़ी सीमेंट और लेंगे तो चालान की जरूरत नहीं पड़ेगी। साथ ही एक लाख 25 हजार का कूपन कटवाकर मेंबरशिप लेने को कहा। संदेह होने पर वह जब दिए गए पते पर गए तो पता चला कि श्रीकांत मिश्रा नाम का कोई व्यक्ति नहीं है। इसके बाद से वह फोन नहीं उठा रहा है। प्रभारी निरीक्षक ने बताया कि मामला दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी गई है। संवाद
विज्ञापन