महिला कांग्रेस जिलाध्यक्ष की गाड़ी उठाने पर धारचूला थाने में बवाल
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महिला कांग्रेस की जिलाध्यक्ष नंदा बिष्ट के वाहन को सोमवार रात पुलिस थाने ले आई। पुलिस का कहना है कि गाड़ी खरीदने के आठ महीने बाद भी उसका रजिस्ट्रेशन नहीं हुआ है। बाद में नंदा बिष्ट को थाने में गाड़ी नहीं मिली तो इससे भड़के विधायक हरीश धामी सोमवार रात से ही थाने में धरने पर बैठ गए। वहीं, मंगलवार सुबह धारचूला पहुंचे पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत भी धरने पर बैठ गए। कांग्रेसी पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग पर अड़े हैं। विधायक ने पुलिस के खिलाफ इस मामले में रिपोर्ट दर्ज कराई है जिसकी जांच पुलिस क्षेत्राधिकारी विमल आचार्य ने शुरू कर दी है।
महिला कांग्रेस जिलाध्यक्ष नंदा बिष्ट का आरोप है कि सोमवार रात करीब नौ बजे ग्वालगांव स्थित घर में घुसकर पुलिसकर्मियों ने उनकी स्कार्पियो गाड़ी की चाबी मांगी और गाड़ी अपने साथ ले गए। साथ ही यह भी कह गए कि गाड़ी लेने के लिए थाने आ जाना। जब वह थाने पहुंचीं तो गाड़ी वहां नहीं थी। उनका आरोप है कि पुलिसकर्मी इस गाड़ी में कुछ भाजपा कार्यकर्ताओं को बैठाकर रातभर इधर-उधर घूमते रहे। नंदा ने विधायक हरीश धामी को जानकारी दी। धामी उस समय पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत के साथ जौलजीबी में थे। वह वहां से धारचूला थाने पहुंचे और थाने में ही धरने पर बैठ गए। हालांकि रावत देर शाम धरने से उठ गए जबकि धामी का धरना जारी था। धामी का आरोप है कि पुलिस ने नंदा बिष्ट के साथ घर पर जाकर अभद्रता की। धामी के साथ बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता भी थाने पहुंच गए और भाजपा सरकार के खिलाफ नारेबाजी करने लगे।
मामले की जानकारी मिलते ही एसडीएम आरके पांडे और पुलिस क्षेत्राधिकारी विमल आचार्य थाने पहुंचे। उन्होंने विधायक को मनाने का प्रयास किया, लेकिन वह नहीं माने। धामी ने इस प्रकरण को बेहद गंभीर बताते हुए पुलिस अधीक्षक और थाना प्रभारी के निलंबन की मांग की।
वहीं, धरनास्थल पर कांग्रेस जिलाध्यक्ष मुकेश पंत, जिला पंचायत अध्यक्ष प्रकाश जोशी, नगर पालिका पिथौरागढ़ अध्यक्ष जगत सिंह खाती, राज्यसभा सदस्य महेंद्र माहरा ने कहा कि वह इस प्रकरण की उच्चस्तरीय जांच और कार्रवाई होने तक धरने से उठने वाले नहीं हैं। मंगलवार को भी दिनभर धरना जारी रहा। इस दौरान पूर्व दर्जा मंत्री कैलाश रावत, हेमचंद्र खर्कवाल, ब्लॉक प्रमुख नेत्र कुंवर, विधायक प्रतिनिधि नृप गर्ब्याल, होशियार खैर, देवकृष्ण फकलियाल, आन सिंह रौकाया, ईश्वर दानू आदि मौजूद थे।
नंदा बिष्ट की गाड़ी को खरीदे आठ महीने से अधिक समय हो चुका है, लेकिन अब तक गाड़ी का पंजीकरण नहीं हुआ है। गाड़ी के कागजात और नंबर भी नहीं हैं। किसी प्रकार की घटना न हो इसी को देखते हुए वाहन को सत्यापन के लिए थाने लाया गया। -विमल आचार्य, पुलिस क्षेत्राधिकारी
यह अराजकता की पराकाष्ठा : हरीश रावत
पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत का कहना है कि यह अराजकता की पराकाष्ठा है। एक महिला जनप्रतिनिधि के घर पर घुसकर इस तरह का व्यवहार करना कतई गलत है। उन्होंने कहा कि नंदा बिष्ट के घर पर घुसने वाले दरोगा को अधिकारियों ने कहीं छुपाकर रखा है। विधायक हरीश धामी के धरने के बारे में उन्होंने कहा कि वह अन्याय के खिलाफ आवाज उठा रहे हैं और मैं खुद भी इसका समर्थन कर रहा हूं।