ट्रैक आफ द ईयर का दूसरा बैच भी रवाना
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रविवार सुबह मौसम खराब होने के कारण ट्रैक ऑफ द ईयर खलियाटॉप का दूसरा बैच मुनस्यारी से मर्तोलीथौड़ के लिए थोड़ा विलंब से रवाना हुआ। प्रथम बैच के 30 ट्रैकर रविवार सुुबह मर्तोलीथौड़ से आगे बढ़ गए हैं। दूसरे बैच में पहले 26 लोगों को शामिल किया गया था, लेकिन बाद में इसमें सात ट्रैकर और शामिल होने से यह संख्या बढ़कर 33 हो गई। इसमें 24 पुरुष और 9 महिलाएं हैं। यह लोग मर्तोथौड़ से रूरखान होते हुए खलियाटॉप के पास स्थित भैंसियाताल तक जाएंगे। हर ग्रुप को छह दिन का समय मिलेगा, जिस ग्रुप की ट्रैकिंग पूरी हो जाएगी, वह मुनस्यारी से लौटता रहेगा।
दूसरे बैच में मध्यप्रदेश के 9, महाराष्ट्र के 12, छत्तीसगढ़ के 6, कर्नाटक के 2 और गुजरात के 4 ट्रैकर शामिल हैं। उत्तराखंड पर्यटन विकास परिषद, यूथ हॉस्टल ऑफ इंडिया और कुमाऊं मंडल विकास निगम ने इस बार ट्रैक ऑफ द ईयर के लिए खलियाटॉप को चुना है। वर्ष 2015 में उत्तरकाशी की दयारा बुग्याल को ट्रैक ऑफ द ईयर चुना गया था। यूथ हॉस्टल ऑफ इंडिया के मुख्य कार्यकारी अधिकारी युधिष्टर शर्मा ने बताया कि इस तरह के आयोजनों से क्षेत्र में पर्यटन की गतिविधियां बढ़ती हैं। उन्होंने कहा कि 30 मई तक चलने वाले इस कार्यक्रम से मुनस्यारी को अलग पहचान मिलेगी। अभी नए दल आते रहेंगे और कुल 26 ट्रैकिंग दलों को ट्रैक रूट पर भेजा जाएगा।
तीसरे बैच में शामिल होंगे 31 ट्रैकर
ट्रैकिंग के तीसरे बैच में 12 महिलाओं समेत कुल 31 लोग शामिल होंगे। इनमें से कई ट्रैकर रविवार शाम यहां पहुंच गए। सोमवार को ट्रैकरों का तीसरा बैच मर्तोलीथौड़ के लिए रवाना होगा। इनके साथ पांच हेल्पर भी रहेंगे। यूथ हॉस्टल ऑफ इंडिया के मुख्य कार्यकारी अधिकारी युधिष्टर शर्मा ने बताया कि यदि किसी बैच के लिए दो-चार लोग मूवमेंट से पहले बढ़ जाएंगे तो उनको भी शामिल किया जाएगा। तीसरे बैच में कर्नाटक के 14, महाराष्ट्र के 8, तेलंगाना के 3, हरियाणा और यूपी को 2-2, उत्तराखंड और गुजरात के 1-1 ट्रैकर शामिल हैं।
पहले भी होती रही है ट्रैकिंग
मुनस्यारी से मिलम, नंदादेवी बेस कैंप, खलियाटॉप, बेटुलीधार के लिए पहले भी छोटे स्तर पर और निजी तौर पर ट्रैकिंग होती रही है। इस बार उत्तराखंड पर्यटन विकास परिषद ने बड़े स्तर पर यह कार्यक्रम आयोजित किया है। मुनस्यारी को साहसिक गतिविधियों के लिए बेहतरीन स्थान माना जाता है। इस बार ट्रैकिंग के साथ पर्यावरण संरक्षण को भी जोड़ा गया है।