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खलियाटॉप में अभी स्कीइंग के लायक बर्फ नहीं
ब्यूरो/अमर उजाला, मुनस्यारी
Updated Thu, 05 Jan 2017 10:26 PM IST
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खलियाटॉप में अभी स्कीइंग के लायक नहीं गिरी बर्फ
- फोटो : अमर उजाला
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25 दिसंबर और एक जनवरी को हुए हिमपात के बाद भी खलियाटॉप में इतनी बर्फ नहीं गिर पाई है कि वहां पर स्नो स्कीइंग का प्रशिक्षण शुरू कराया जा सके। यह बात अलग है कि कुछ संस्थाओं ने स्कीइंग के लिए प्रारंभिक तैयारी शुरू कर दी है। अब मौसम पर निर्भर करेगा कि स्कीइंग कब से शुरू की जाए। स्कीइंग के लिए कम से कम दो फीट बर्फ होनी जरूरी है। खलियाटॉप में इस समय मात्र चार या पांच सेंटीमीटर बर्फ गिरी है। इतनी कम बर्फ में स्कीइंग संभव नहीं होती।
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कुमाऊं मंडल विकास निगम के साहसिक पर्यटन प्रबंधक दिनेश गुरुरानी ने बताया कि खलियाटॉप में स्कीइंग बर्फ की मात्रा पर निर्भर करती है। पिछले वर्ष तक जनवरी प्रथम सप्ताह में ही स्कीइंग का प्रशिक्षण कराया गया था, लेकिन इस बार वहां पर ज्यादा बर्फ नहीं है। मोनाल संस्था के सचिव सुरेंद्र पंवार ने बताया कि खलियाटॉप में यदि अगले सप्ताह तक जमकर बर्फ गिर जाती है तो स्कीइंग का प्रशिक्षण जल्दी शुरू कर दिया जाएगा। उन्होंने भी यही कहा कि अब तक खलियाटॉप में स्कीइंग के लायक बर्फ नहीं गिर पाई है।
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इधर, पंडित नैनसिंह माउंटेनियरिंग संस्थान ने दो फरवरी से इसी उम्मीद के साथ स्कीइंग का प्रशिक्षण शुरू करने के लिए आवेदन मांगे हैं कि शायद तब तक अच्छी बर्फ गिर जाए। यदि ज्यादा बर्फ नहीं गिरती तो यह कार्यक्रम स्थगित करना पड़ेगा। मुनस्यारी के बेटुलीधार में भी स्कीइंग स्पाट है, लेकिन वहां पर भी ज्यादा बर्फ नहीं गिरी है। फिलहाल स्कीइंग प्रशिक्षण मौसम पर निर्भर रहेगा। यदि मौसम की मेहरबानी हो जाती है तो स्कीइंग प्रशिक्षण शुरू करने के लिए कई संस्थाएं आगे आ जाएंगी।
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