{"_id":"6497261f35069323f6050559","slug":"road-opened-movement-started-in-china-border-after-41-hours-pithoragarh-news-c-230-1-pth1001-1039-2023-06-24","type":"story","status":"publish","title_hn":"Pithoragarh: चीन सीमा के गांवों को जोड़ने वाली लिपुलेख-तवाघाट सड़क पर आवागमन शुरू, लोगों ने ही राहत की सांस","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Pithoragarh: चीन सीमा के गांवों को जोड़ने वाली लिपुलेख-तवाघाट सड़क पर आवागमन शुरू, लोगों ने ही राहत की सांस
Sun, 25 Jun 2023 04:07 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, धारचूला (पिथौरागढ़)
संवाद न्यूज एजेंसी, धारचूला (पिथौरागढ़)
Updated Sun, 25 Jun 2023 04:07 PM IST
सार
लिपुलेख-तवाघाट सड़क लामारी से बूंदी के बीच कोथला नामक जगह पर काली नदी का जलस्तर बढ़ने से बह गई थी। सड़क बंद होने से यात्री और स्थानीय लोगों को 300 मीटर पैदल चलकर वहां से वाहन बदलकर धारचूला पहुंचना पड़ा।
विज्ञापन
लिपुलेख-तवाघाट सड़क के कोथला के पास वैकल्पिक मार्ग बनाती जेसीबी। संवाद
विस्तार
चीन सीमा के गांवों को जोड़ने वाली लिपुलेख-तवाघाट सड़क पर 41 घंटे बाद आवागमन शुरू हो गया है। सड़क पर फिलहाल वैकल्पिक व्यवस्था की गई है। सड़क खुलने से उच्च हिमालय क्षेत्र में फंसे 50 से अधिक यात्री, 10 बाइकर्स का दल और ग्रामीण धारचूला लौट आए हैं।
विज्ञापन
बृहस्पतिवार की शाम करीब छह बजे लिपुलेख-तवाघाट सड़क लामारी से बूंदी के बीच कोथला नामक जगह पर काली नदी का जलस्तर बढ़ने से बह गई थी। सड़क बंद होने से यात्री और स्थानीय लोगों को 300 मीटर पैदल चलकर वहां से वाहन बदलकर धारचूला पहुंचना पड़ा। सुरक्षा के लिहाज से कोथला में एसडीआरएफ की टीम को भी लगाया गया था।
विज्ञापन
बीआरओ के कर्मचरी सड़क पर वैकल्पिक व्यवस्था करने के लिए लगातार जुटे रहे। शनिवार सुबह करीब 11 बजे सड़क पर आवाजाही शुरू हो गई। इससे उच्च हिमालय क्षेत्र में फंसे आदि कैलाश, ओम पर्वत यात्रियों के साथ ही व्यास घाटी के सात गांवों के लोगों ने भी राहत की सांस ली।
विज्ञापन
आदि कैलाश, ओम पर्वत दर्शन के लिए उमड़ रहे यात्री
व्यास घाटी में स्थित ओम पर्वत और आदि कैलाश के दर्शन के लिए यात्री उमड़ रहे हैं। अभी तक प्रशासन की ओर से 5120 इनर लाइन पास जारी किए गए हैं। उच्च हिमालयी क्षेत्र में मौसम साफ रहने पर यात्रियों को ओम पर्वत और आदि कैलाश के अच्छी तरह दर्शन हो रहे हैं। अभी कई यात्री पास का इंतजार कर रहे हैं।