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सड़क
अमर उजाल/ब्यूरो/ पिथौरागढ़
Updated Wed, 15 Apr 2015 06:50 PM IST
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महाकाली से अवैध रूप से खनन करने वालों ने राजकीय इंटर कालेज की जमीन काटकर सड़क बना डाली है। सड़क बनाने के लिए विद्यालय प्रशासन से कोई अनुमति नहीं ली गई। प्रधानाचार्य बीडी भट्ट ने इस हरकत पर घोर आपत्ति जताते हुए अज्ञात लोगों के खिलाफ थाने में रिपोर्ट दर्ज करा दी है।
झूलाघाट में महाकाली से अवैध खनन का कारोबार लंबे समय से फल फूल रहा है। इस मामले को लेकर कई बार आंदोलन भी हो गए हैं लेकिन प्रशासन खननकर्ताओं के खिलाफ अब तक कोई कार्रवाई नहीं कर पाया। इस बीच खनन के धंधे में लगे लोगों ने तो हद ही कर दी। जेसीबी की मदद से जीआईसी के पास से महाकाली तक सड़क बना दी है। ग्राम प्रधान सुरेंद्र आर्या, दिवाकर भट्ट, विक्रम महर ने भी थाना प्रभारी को इस मामले की जानकारी दी है। महाकाली के किनारे इस समय भारी मात्रा में रेता, बजरी जमा है।
इस पर खननकर्ताओं की नजर लगी हुई है। कस्बे के लोगों का कहना है कि यदि महाकाली से खनन होता रहा तो नदी का रुख मुड़ जाएगा और एक बार फिर से 2013 की जैसी स्थिति आ जाएगी।
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सड़क बनाने की अनुमति नहीं दी
उपजिलाधिकारी अनुराग आर्य ने कहा है कि महाकाली के तट तक सड़क बनाने की कोई अनुमति नहीं दी गई है। उन्होंने कहा कि यदि किसी ने सरकारी जमीन पर सड़क का निर्माण किया होगा तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। तहसीलदार को मौका मुआयना के लिए भेजा जा रहा है। इस मामले में तत्काल सख्त कार्रवाई होगी।
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झूलाघाट में महाकाली से अवैध खनन का कारोबार लंबे समय से फल फूल रहा है। इस मामले को लेकर कई बार आंदोलन भी हो गए हैं लेकिन प्रशासन खननकर्ताओं के खिलाफ अब तक कोई कार्रवाई नहीं कर पाया। इस बीच खनन के धंधे में लगे लोगों ने तो हद ही कर दी। जेसीबी की मदद से जीआईसी के पास से महाकाली तक सड़क बना दी है। ग्राम प्रधान सुरेंद्र आर्या, दिवाकर भट्ट, विक्रम महर ने भी थाना प्रभारी को इस मामले की जानकारी दी है। महाकाली के किनारे इस समय भारी मात्रा में रेता, बजरी जमा है।
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इस पर खननकर्ताओं की नजर लगी हुई है। कस्बे के लोगों का कहना है कि यदि महाकाली से खनन होता रहा तो नदी का रुख मुड़ जाएगा और एक बार फिर से 2013 की जैसी स्थिति आ जाएगी।
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सड़क बनाने की अनुमति नहीं दी
उपजिलाधिकारी अनुराग आर्य ने कहा है कि महाकाली के तट तक सड़क बनाने की कोई अनुमति नहीं दी गई है। उन्होंने कहा कि यदि किसी ने सरकारी जमीन पर सड़क का निर्माण किया होगा तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। तहसीलदार को मौका मुआयना के लिए भेजा जा रहा है। इस मामले में तत्काल सख्त कार्रवाई होगी।