पातो गांव के लिए बनने लगी सड़क
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पातो गांव के लिए सड़क निर्माण का काम बृहस्पतिवार से शुरू हो गया। सरकार ने फिलहाल 5.7 किलोमीटर लंबी सड़क के लिए तीन करोड़ रुपये की राशि मंजूर की है। यह वही पातो गांव है, जहां की पार्वती देवी छत से गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गई थी। गांव के लोग उनको 12 किलोमीटर पैदल स्ट्रेचर से सड़क तक लाए, लेकिन हल्द्वानी पहुंचते ही पार्वती की मौत हो गई थी। इस मुद्दे को अमर उजाला ने प्रमुखता से उठाया था। इसके बाद सरकार ने तत्काल मामले का संज्ञान लेते हुए सड़क निर्माण का काम शुरू करवा दिया। वहीं, पातो के लिए सड़क निर्माण शुरू होने से गांव के लोगों ने खुशी मनाई।
बता दें कि मुख्यमंत्री हरीश रावत चार मई 2015 को पातो गांव गए थे। उन्होंने उसी समय एलान किया था कि पातो गांव के लिए सड़क का निर्माण किया जाएगा। सड़क निर्माण का काम अल्फा कंपनी को सौंपा गया है। कंपनी के कर्मचारियों ने बताया कि सड़क निर्माण के लिए सारी मशीनरी मौके पर पहुंचा दी गई है। सड़क लीलम से बनेगी। इसका लाभ बुई गांव के लोगों को भी मिलेगा। पातो गांव के युवा नेता हरीश दरियाल ने कहा है कि चाहे देर से ही सही सरकार ने अपना वायदा पूरा किया है। उन्होंने गांव के लोगों की पीड़ा को सामने लाने के लिए अमर उजाला का आभार जताया। वन विकास निगम के अध्यक्ष हरीश धामी ने कहा कि सड़क निर्माण मुख्यमंत्री के घोषणा सेल में शामिल हो चुकी थी, लेकिन कुछ कारणों से काम शुरू करने में देरी हुई। उन्होंने कहा कि पातो गांव तक सड़क पहुंचाने के लिए फिर से धन मंजूर किया जाएगा। विधायक प्रतिनिधि हीरा सिंह चिराल ने कहा कि अब गांव के लोगों की समस्या हल हो जाएगी।
पातो और बुई गांव में अभी बिजली नहीं
सड़क सुविधा से वंचित पातो और बुई गांव में अभी बिजली नहीं है। गांव के लोग चाहते हैं कि सड़क निर्माण के साथ-साथ बिजली की लाइन बिछाने का काम भी होना चाहिए। गांव के हरीश दरियाल ने कहा कि सरकार को तत्काल बिजली लाइन के लिए भी बजट मंजूर करना चाहिए।