{"_id":"40ef3c83c0f056d68f8a3a0ada6dd404","slug":"kailash-mansarovar-yatra-this-time-20-teams-will-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"कैलास मानसरोवर यात्रा में 20 दल जाएंगे इस बार ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कैलास मानसरोवर यात्रा में 20 दल जाएंगे इस बार
ब्यूरो/अमर उजाला,पिथौरागढ़/डीडीहाट
Updated Mon, 18 Jan 2016 10:59 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कैलास मानसरोवर यात्रा की तैयारी के लिए स्थानीय स्तर की बैठक फरवरी में होगी, जिसमें जिला प्रशासन के अधिकारी, आईटीबीपी, कुमाऊं मंडल विकास निगम के अधिकारी मौजूद रहेंगे। बैठक में जून से शुरू होने वाली यात्रा की तैयारी पर चर्चा होगी। कैलास मानसरोवर यात्रा की तैयारी की तैयारी को लेकर पहले चरण की बैठक दिसंबर में दिल्ली में हो चुकी है।
विज्ञापन
कैलास मानसरोवर यात्रा में अब तक 18 दल जाते थे, लेकिन इस बार यात्री दलों की संख्या 20 या उससे अधिक हो सकती है। डीएम एचसी सेमवाल ने बताया कि कैलास मानसरोवर यात्रा की तैयारी के लिए स्थानीय स्तर की पहली बैठक फरवरी में कराई जाएगी। अन्य एजेंसियों से संपर्क करने के बाद बैठक की तिथि तय होगी। प्रारंभिक बैठक में यात्रा मार्ग की स्थिति पर खासकर चर्चा होगी। यात्रा मार्ग पर स्थित कुमाऊं मंडल विकास निगम के आवासों की दशा ठीक करने पर विचार होगा।
विज्ञापन
उधर, यात्रा संचालन में खास भूमिका निभाने वाले आईटीबीपी ने अभी से यात्रा की तैयारी शुरू कर दी हैं। आईटीबीपी के सेनानी केदार सिंह रावत ने बताया कि संवेदनशील स्थानों पर आपदा प्रबंधन टीम को तैनात किया जाएगा। हर बार की तरह इस बार भी गुंजी में मेडिकल की सुविधा रहेगी। यात्रियों के साथ आईटीबीपी के जवान सुरक्षा में तैनात रहेंगे। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन जब भी बैठक की तिथि तय करेगा उसमें आईटीबीपी का प्रतिनिधि भी मौजूद रहेगा।
विज्ञापन
भारत-नेपाल समन्वय समिति की बैठक शीघ्र
पिथौरागढ़। हर तीसरे महीने होने वाली भारत-नेपाल समन्वय समिति की बैठक एक वर्ष से नहीं हो पाई है। डीएम एचसी सेमवाल ने बताया कि बैठक की तिथि जल्दी घोषित की जाएगी। नेपाल सीमा पर सुरक्षा, तस्करी रोकने समेत अन्य मसलों पर बैठक में चर्चा होगी। डीएम ने बताया कि आमतौर पर भारत और नेपाल के अधिकारियों के बीच बैठक हर तीसरे महीने हो जाती थी, लेकिन इस बार इसमें विलंब हो गया है।