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Hindi News ›   Uttarakhand ›   Pithoragarh News ›   Glaciar in the Road of Darama Ghati

ग्लेशियर आने से सेला बालिंग सड़क बंद, लोग परेशान

Haldwani Bureau हल्द्वानी ब्यूरो
Updated Tue, 16 Mar 2021 11:35 PM IST
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Glaciar in the Road of Darama Ghati
इसी सीपू गाड़ में बना था पुल जो ग्लेशियर आने से टूट गया है। - फोटो : PITHORAGARH
धारचूला (पिथौरागढ़)। पिछले सप्ताह बर्फबारी होने से दारमा घाटी में कई जगह ग्लेशियर खिसकने लगे हैं। इससे सीपीडब्ल्यूडी की निर्माणाधीन सड़क सेला से बालिंग तक कई जगह बंद हो गई है।
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दारमा घाटी के अंतिम गांव सीपू और मार्छा को जोड़ने वाला सीपू गाड़ पर बना लकड़ी का पुल बाढ़ में बह गया है। आईटीबीपी से इसकी जानकारी मिलने के बाद सीपू गांव के लोगों को अप्रैल से शुरू होने वाले माइग्रेशन के प्रति चिंता बढ़ गई है।
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स्थानीय युवा मान सिंह दुग्ताल, प्रकाश दुग्ताल, रमेश दुग्ताल, योगेश, जितेंद्र और अन्य पूर्व दिन पहले अपनी बाइकों से पंचाचूली ग्लेशियर घूमकर अपने गांव का जायजा लेने जा रहे थे। तभी उन्हें सेला से आगे की सड़क बंद मिली।
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ग्लेशियर खिसकने के कारण सड़क बर्फ में दब चुकी थी। इन साहसी युवाओं ने वुरुंग, स्यागर, युसुंग और गलछिन नाले पर सड़क से स्वयं बर्फ हटाई और धक्का देकर बाइकें निकालीं। तभी वह अपने गांव पहुंच सके।
वहां से लौटे प्रकाश दुग्ताल ने बताया कि इन स्थानों पर पिछले बरसों से कम बर्फ जमी है। इस कारण उम्मीद जताई कि दो-तीन दिन में विभाग इस सड़क से बर्फ हटा लेगा।
उन्होंने आगामी माइग्रेशन से पहले प्रशासन और विभाग से बर्फ हटाने की मांग की है। ताकि स्थानीय लोगों के साथ ही सुरक्षा बलों को भी आवागमन की सुविधा मिल सके।
वहीं दीलिंग दारमा सेवा समिति के कोषाध्यक्ष जीवन सिंह सीपाल ने बताया कि बाढ़ से सीपू गाड़ पर बना लकड़ी का पुल बह गया है। इस पुल का निर्माण पिछले साल ही किया गया था।
इस पुल के टूटने से माइग्रेशन पर जाने वाले सबसे दूरस्थ गांव सीपू के 15 से 20 परिवारों को परेशानी हो सकती है। समिति और ग्रामवासियों ने प्रशासन को ज्ञापन देकर लकड़ी का नया पुल बनाने की मांग की।
सीपू की ग्राम प्रधान शांति सीपाल ने बताया कि पिछले सप्ताह दारमा में बर्फबारी हुई थी। इससे दारमा घाटी में सेला से आगे कई जगहों पर सड़क बंद होने की सूचना मिली है।
इस कारण दारमा घाटी के 14 गांवों के लोगों को परेशानी हो सकती है। उन्होंने जिला प्रशासन की एक टीम को मौके पर भेजकर ग्लेशियर से हुए नुकसान का आकलन कर मूलभूत सुविधाओं की बहाली की मांग की है।

दारमा घाटी में सेला से बालिंग के बीच ग्लेशियर खिसकने से सड़क बंद होने की सूचना मिली है। मौके पर कर्मचारियों को भेजा गया है। शीघ्र ही सड़क से बर्फ हटा ली जाएगी। -वीरेंद्र कुमार, ईई, सीपीडब्ल्यूडी।

गलछिन नाले में ग्लेशियर आने के बाद रस्सी से बाइक को खींचते युवा।

गलछिन नाले में ग्लेशियर आने के बाद रस्सी से बाइक को खींचते युवा।- फोटो : PITHORAGARH

सेला से बालिंग सड़क जगह-जगह ग्लेशिर आने से सड़क बंद है।

सेला से बालिंग सड़क जगह-जगह ग्लेशिर आने से सड़क बंद है।- फोटो : PITHORAGARH

सेला बालिंग सड़क से बर्फ हटाता युवक।

सेला बालिंग सड़क से बर्फ हटाता युवक।- फोटो : PITHORAGARH

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