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बेड़ीनाग में पेयजल के लिए मचा हाहाकार

Tue, 29 Mar 2016 10:14 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, बेड़ीनाग
ब्यूरो/अमर उजाला, बेड़ीनाग Updated Tue, 29 Mar 2016 10:14 PM IST
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Created a sensation in the drinking water for Berinag
पेयजल संकट - फोटो : अमर उजाला

करीब 15 हजार की आबादी वाले बेड़ीनाग नगर और उससे सटे गांवों में पेयजल के लिए हाहाकार मचने लगा है। गोरघटिया पंपिंग पेयजल योजना से नाममात्र की पानी की सप्लाई हो रही है। इससे तीसरे, चौथे दिन पानी बांटा जा रहा है। नगर के आसपास के प्राकृतिक स्रोतों और हैंडपंपों का पानी इस बार मार्च में ही कम हो गया है। लोगों का रोज पानी जुटाने में ही समय बीत रहा है।

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नगर की आबादी के लिए रोजाना तीन लाख लीटर पानी की जरूरत है, लेकिन जल संस्थान मात्र तीस हजार लीटर पानी जुटा पा रहा है। यदि एक हिस्से में पानी दिया जाए तो दूसरे हिस्से के लिए पानी नहीं पहुंच पाता। बेड़ीनाग से सटे भटीगांव में तो लोगों के नलों में चौथे दिन पानी आ रहा है। हैंडपंपों में पानी का स्तर बहुत कम हो गया है। अब तक टैंकरों से पानी वितरण की व्यवस्था नहीं हो पाई है। लोगों का कहना है कि जब अभी से हालात इतने खराब हैं तो अप्रैल, मई में संकट और गहरा जाएगा।
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जल संस्थान के अधिकारियों का कहना है कि गोरघटिया पंपिंग योजना से पानी सही ढंग से लिफ्ट नहीं हो पा रहा है। अक्सर बिजली की कटौती होने से यह दिक्कत आ रही है। जल संस्थान के प्रति लोगों का गुस्सा बढ़ने लगा है। भटीगांव के पूर्व प्रधान भूपाल राम ने कहा कि यदि पेयजल संकट दूर नहीं किया गया तो जल संस्थान के खिलाफ व्यापक आंदोलन छेड़ा जाएगा। जल संस्थान के जूनियर इंजीनियर गजेंद्र सिंह का कहना है कि जल संकट की जानकारी उच्चाधिकारियों को दे दी है। उन्होंने कहा कि जल्दी ही नगर में टैंकरों से पानी वितरण किया जाएगा।

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