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मृतकों के परिजनों को दिया जाय 10-10 लाख का मुआवजा
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पिथौरागढ़। उत्तराखंड एससीएसटी इंप्लाइज फेडरेशन और डॉ. आंबेडकर मिशन एंड फाउंडेशन ने राष्ट्रपति को ज्ञापन भेजकर पिछले वर्ष दो अप्रैल को भारत बंद के दौरान हुई घटनाओं में मृत लोगों के परिजनों को 10-10 लाख रुपये, घायलों को दो-दो लाख रुपये का मुआवजा देने की मांग की है। फेडरेशन ने जेल में बंद लोगों को बिना शर्त रिहा करने की मांग की है।
फेडरेशन के अध्यक्ष महेश मुरारी और फाउंडेशन के अध्यक्ष धर्मराम ने जिलाधिकारी के माध्यम से राष्ट्रपति को भेजे ज्ञापन में कहा है कि विगत वर्ष दो अप्रैल को अनुसूचित जाति जनजाति अत्याचार अधिनियम की पुन: बहाली को लेकर देश भर में धरना प्रदर्शन और रैलियों में विरोधियों ने आगजनी, मारपीट और हत्याएं कर दी थी। उन्होंने आरोप लगाया है कि इस दौरान कई निर्दोष लोगों को बिना कारण जेल में बंद कर दिया गया। फेडरेशन के पदाधिकारियों ने राष्ट्रपति से मृतकों के परिजनों और घायलों को मुआवजा देने और जेलों में बंद लोगों को शीघ्र रिहा करने की मांग उठाई है।
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फेडरेशन के अध्यक्ष महेश मुरारी और फाउंडेशन के अध्यक्ष धर्मराम ने जिलाधिकारी के माध्यम से राष्ट्रपति को भेजे ज्ञापन में कहा है कि विगत वर्ष दो अप्रैल को अनुसूचित जाति जनजाति अत्याचार अधिनियम की पुन: बहाली को लेकर देश भर में धरना प्रदर्शन और रैलियों में विरोधियों ने आगजनी, मारपीट और हत्याएं कर दी थी। उन्होंने आरोप लगाया है कि इस दौरान कई निर्दोष लोगों को बिना कारण जेल में बंद कर दिया गया। फेडरेशन के पदाधिकारियों ने राष्ट्रपति से मृतकों के परिजनों और घायलों को मुआवजा देने और जेलों में बंद लोगों को शीघ्र रिहा करने की मांग उठाई है।
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