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ग्राम्या में गतिरोध समाप्त होगा
Updated Wed, 14 Jun 2017 10:43 PM IST
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ग्राम्या में गतिरोध समाप्त होगा
पिथौरागढ़। उत्तराखंड विकेंद्रीकृत जलागम विकास परियोजना (ग्राम्या) के नए उप परियोजना निदेशक सीबी त्रिपाठी ने परियोजना में आए गतिरोध को समाप्त कर सुचारु रूप से परियोजना का काम आगे बढ़ाने की बात कही है।
हिमालयन अध्ययन केंद्र में संपन्न कार्यशाला में रामगंगा घाटी क्षेत्र के ग्राम प्रधानों को संबोधित करते हुए त्रिपाठी ने कहा कि परियोजना तेजी से आगे बढ़ेगी। ग्राम्या में अभिनव प्रयोग किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि ग्राम्या के तहत होने वाले कार्यों का भुगतान शीघ्र होगा। ग्राम प्रधानों को किसी प्रकार की दिक्कत नहीं आएगी। ग्राम समितियों को सशक्त किया जाएगा।
होकरा के प्रधान सुंदर सिंह ने परियोजना में आ रही दिक्कतों को समाप्त करने की मांग उठाई। हिमालयन अध्ययन केंद्र के निदेशक दिनेश जोशी, संस्था की परियोजना समन्वयक हेमलता जोशी ने विचार रखे। कार्यशाला में कई ग्राम प्रधान मौजूद थे।
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पिथौरागढ़। उत्तराखंड विकेंद्रीकृत जलागम विकास परियोजना (ग्राम्या) के नए उप परियोजना निदेशक सीबी त्रिपाठी ने परियोजना में आए गतिरोध को समाप्त कर सुचारु रूप से परियोजना का काम आगे बढ़ाने की बात कही है।
हिमालयन अध्ययन केंद्र में संपन्न कार्यशाला में रामगंगा घाटी क्षेत्र के ग्राम प्रधानों को संबोधित करते हुए त्रिपाठी ने कहा कि परियोजना तेजी से आगे बढ़ेगी। ग्राम्या में अभिनव प्रयोग किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि ग्राम्या के तहत होने वाले कार्यों का भुगतान शीघ्र होगा। ग्राम प्रधानों को किसी प्रकार की दिक्कत नहीं आएगी। ग्राम समितियों को सशक्त किया जाएगा।
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होकरा के प्रधान सुंदर सिंह ने परियोजना में आ रही दिक्कतों को समाप्त करने की मांग उठाई। हिमालयन अध्ययन केंद्र के निदेशक दिनेश जोशी, संस्था की परियोजना समन्वयक हेमलता जोशी ने विचार रखे। कार्यशाला में कई ग्राम प्रधान मौजूद थे।
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